वीडियो देखिये, अमेरिका ने ईरान पर फिर की एयरस्ट्राइक: जवाब में खाड़ी में मिसाइल-ड्रोन हमले; मध्य-पूर्व में युद्ध और भड़का
KHULASA FIRST
संवाददाता
खुलासा फर्स्ट, तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन डीसी।
मध्य-पूर्व में अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य टकराव लगातार गहराता जा रहा है। गुरुवार तड़के अमेरिकी सेना ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर एक और बड़े पैमाने पर हवाई हमला किया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, इस अभियान में मिसाइल लॉन्च साइट, एयर डिफेंस सिस्टम, कमांड सेंटर तथा सिस्तान-बलूचिस्तान स्थित 388वीं ब्रिगेड की बैरकों सहित कई सैन्य प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया।
अमेरिकी कार्रवाई के कुछ ही घंटों बाद ईरान ने पलटवार करते हुए बहरीन, कुवैत और जॉर्डन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले करने का दावा किया। हमलों की आशंका के बीच बहरीन और कुवैत में मिसाइल अलर्ट जारी कर दिया गया, जबकि जॉर्डन की सेना ने कहा कि उसने अपनी वायु रक्षा प्रणाली के जरिए आठ ईरानी मिसाइलों को लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही हवा में नष्ट कर दिया।
ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने चेतावनी दी कि यदि अमेरिका अपने हमले नहीं रोकता तो ईरान बड़े सैन्य संघर्ष के लिए तैयार है। वहीं, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने संकेत दिए कि जरूरत पड़ने पर मध्य-पूर्व से तेल और गैस के निर्यात को भी बाधित किया जा सकता है, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में चिंता बढ़ गई है।
कुवैत और बहरीन के ठिकानों पर हमले का दावा
ईरानी सेना ने दावा किया कि 'ऑपरेशन थंडरबोल्ट' के दसवें चरण के तहत कुवैत के अली अल-सलेम एयर बेस और बहरीन में स्थित अमेरिकी सैन्य प्रतिष्ठानों को ड्रोन और मिसाइलों से निशाना बनाया गया। ईरान के अनुसार हमले में रडार सिस्टम, पैट्रियट एयर डिफेंस और ईंधन भंडारण केंद्रों को लक्ष्य बनाया गया। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। इससे पहले IRGC ने यह भी कहा था कि 'नस्र-2' अभियान के तहत कुवैत स्थित अमेरिकी एयरबेस पर मिसाइल और ड्रोन से संयुक्त हमला किया गया।
जॉर्डन ने आठ मिसाइलें रोकीं
जॉर्डन की सेना के अनुसार, ईरान से दागी गई आठ मिसाइलों को एयर डिफेंस सिस्टम ने हवा में ही इंटरसेप्ट कर लिया। सेना ने कहा कि किसी प्रकार की जनहानि या संपत्ति का नुकसान नहीं हुआ है। मिसाइलों के मलबे को सुरक्षित कर लिया गया है और पूरे देश में वायु सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
एरबिल में भी ड्रोन हमले
इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र की राजधानी एरबिल में गुरुवार सुबह पांच ड्रोन हमले दर्ज किए गए। इनमें एक ड्रोन अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के निकट मार गिराया गया, जबकि दो अन्य ड्रोन एक अमेरिकी सैन्य अड्डे के पास गिरे। घटना के बाद अमेरिकी दूतावास की एयर डिफेंस प्रणाली सक्रिय कर दी गई। इराकी प्रधानमंत्री ने इन हमलों की निंदा करते हुए कहा कि देश की सुरक्षा और स्थिरता को कमजोर करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
ईरान के सेमनान एयरपोर्ट पर भी हमला
ईरान के सरकारी मीडिया के अनुसार, देश के उत्तरी-मध्य क्षेत्र में स्थित सेमनान एयरपोर्ट पर भी हवाई हमला हुआ है। स्थानीय प्रशासन ने बताया कि एयरपोर्ट के कुछ हिस्सों को नुकसान पहुंचा है, हालांकि अब तक किसी रिहायशी इलाके या नागरिक हताहत की सूचना नहीं मिली है। आपातकालीन टीमें मौके पर तैनात हैं।
अमेरिकी नौसैनिक कार्रवाई भी तेज
CENTCOM ने दावा किया कि उसने ईरान के बंदरगाह की ओर जा रहे कुराकाओ-ध्वज वाले टैंकर एम/टी बेलमा को चेतावनी के बावजूद आगे बढ़ने पर मिसाइल से निष्क्रिय कर दिया। अमेरिकी सेना का कहना है कि यह कार्रवाई ईरान के खिलाफ लागू नौसैनिक नाकाबंदी के तहत की गई।
ट्रम्प ने बढ़ाया रक्षा बजट
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अगले वित्त वर्ष के लिए रक्षा बजट बढ़ाकर 1.5 ट्रिलियन डॉलर करने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपनी सैन्य क्षमता को और मजबूत करेगा तथा अधिकांश रक्षा उपकरण देश में ही तैयार किए जाएंगे, जिससे रोजगार भी बढ़ेगा।
सैन्य कार्रवाई और बढ़ाने पर विचार
अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, व्हाइट हाउस में हाल में हुई सुरक्षा बैठकों में ईरान के खिलाफ और कड़े सैन्य विकल्पों पर चर्चा हुई है। इनमें अतिरिक्त एयरस्ट्राइक, होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास रणनीतिक द्वीपों पर सैन्य कार्रवाई और ईरान के प्रमुख परमाणु ठिकानों को निशाना बनाने जैसे विकल्प शामिल बताए जा रहे हैं। हालांकि अंतिम निर्णय अभी नहीं लिया गया है और कूटनीतिक समाधान की संभावना भी खुली रखी गई है।
पिछले 24 घंटे की प्रमुख घटनाएं
अमेरिकी हमलों में 35 से अधिक लोगों के मारे जाने का ईरान ने दावा किया। होर्मुज जलडमरूमध्य में कई शिपिंग कंपनियों ने आवाजाही सीमित कर दी। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची अचानक कतर पहुंचे। इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के अमेरिका दौरे की तैयारी तेज हुई। ओमान तट के पास हमले के बाद लापता भारतीय नाविक की मौत की पुष्टि हुई।
संबंधित समाचार

जुए की फड़ पर पुलिस की दबिश:मकान में खेल रहे 11 जुआरी गिरफ्तार; कैश और सामान जब्त

नर्मदा नदी में पेट्रोलिंग के दौरान हादसा:इंजन फेल होने से डूबी मोटर बोट; 8 जवान थे सवार

देखिये वीडियो, मुख्यमंत्री से मिले दृष्टिहीन गायक सुनील लोधी:तंबूरा बजाकर सुनाया भजन; सीएम ने किया सम्मान निधि देने का ऐलान

राहुल गांधी से संवाद के लिए क्यूआर रजिस्ट्रेशन शुरू:कांग्रेस कार्यकर्ता कॉलेज; कोचिंग और घर-घर पहुंचकर युवाओं का कर रहे पंजीयन

म्यूल अकाउंट नेटवर्क का खुलासा:4 आरोपी गिरफ्तार; साइबर ठगी की रकम ट्रांसफर करने के लिए खुलवाया था खाता

कोकीन तस्करी का नेटवर्क:युगांडा की महिला और नाइजीरियाई युवक गिरफ्तार; दोनों बिना वीजा रह रहे थे

भीषण सड़क हादसा:तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार पिता-पुत्री को कुचला; दोनों की मौके पर मौत

शिक्षकों को बड़ी राहत:TET परीक्षा के आवेदन की तारीख बढ़ी; अब इस दिन तक कर सकेंगे आवेदन

देखिए वीडियो:अस्पताल के NICU में लगी आग; 9 नवजात थे भर्ती, स्टाफ ने ट्रॉली खींचकर बच्चों को निकाला

मुख्यमंत्री के परिचित से लूट:बाइक सवार बदमाश महंगा फोन छीनकर हुए फरार; 10 थानों की पुलिस तलाश में जुटी

‘बिजली काट देंगे’ का डर दिखाकर बुजुर्ग को फंसाया:बैंक खाते और क्रेडिट कार्ड से उड़ाए लाखों रुपए

धनकुबेर निकला एग्जीक्यूटिव इंजीनियर:आय से 200 गुना ज्यादा मिली संपत्ति; बैंक खाते और लॉकर की जांच जारी

देखिए वीडियो:महिला के पास पहुंचा युवक; इरादा भांप गया स्ट्रीट डॉग, झपटकर बचाई इज्जत

जन्माष्टमी की खुशियां मातम में बदली:कुएं में गिरी बेटी को बचाने कूदे पिता की भी मौत

बच्चों की मौत के दावे पर हाई कोर्ट सख्त:फोटो-वीडियो रोक का आदेश वापस; बच्चों की मौत के बीच रिकॉर्डिंग पर प्रतिबंध से मचा विवाद

महाकाल दर्शन के लिए आए युवक की मौत:होटल में मिला शव; कमरे से बदबू आने पर हुआ खुलासा, साथी बिल देकर गायब

बारिश में बिगड़ा बस का संतुलन:फोरलेन पर पलटी यात्रियों से भरी स्लीपर बस; कई यात्रियों को फ्रैक्चर समेत चोटें

डबल मर्डर से फैली सनसनी:पति ने पत्नी और बेटी को उतारा मौत के घाट; मूसल से किया हमला

सुबह CM मोहन यादव का 300 युवा शिक्षकों से संवाद:शाम को करेंगे मेट्रो का शुभारंभ

मेट्रो की सुरंग से हेरिटेज इमारतों को खतरा:हाईकोर्ट पहुंचे याचिकाकर्ता; बोले-नियमों के मुताबिक संवेदनशील स्थानों से 300 मीटर दूरी जरूरी
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!