खबर
Top News

बन ठन आई रंगीली गणगौर: घोड़ा बठी न धणियरजी आया; घर-आंगन में मालवा-निमाड़ अंचल के सबसे बड़े लोकपर्व गणगौर की मची धूम

Khulasa First

KHULASA FIRST

संवाददाता

22 मार्च 2026, 1:20 pm
शेयर करें:
बन ठन आई रंगीली गणगौर

सुहागिनों के भाग्य से सौभाग्य लेकर आई सजीली, छबीली गणगौर,

16 दिन के लिए पीहर आई है रणु बाई, खूब लड़ाया जा रहा लाड़,

ईसरजी के संग-संग सिर माथे पर गणगौर लेकर नाच रही सुहागिनें

सखी-सहेलियों संग सुनहरी यादों को जीकर कल विदा हो जाएगी गणगौर

नितिन मोहन शर्मा 94250-56033 खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
बन-ठन आई रंगीली गणगौर, बन-ठन आई छबीली गणगौर। सजी सिंगार चंचल मृगनयनी पहरे पीत पटोर, सखी-सहेली ले संग, राधा गावत नंद की पोर। निरखत हरकत अतिरस बरखत, मोहे नंदकिशोर। उपजी प्रीति परस्पर अंतर,मानो चंद चकोर। कृष्णदास पिय प्यारी की छवि पर डारत हैं तृन तोर।

लोकपर्व गणगौर की महत्ता को प्रतिपादित करता ये कीर्तन आज से करीब 500 साल से भी पूर्व रचा गया है। रचियता थे अष्टसखा कवियों की लोकप्रिय जोड़ी के कवि-कीर्तनकार कृष्णदास। कहते हैं कि ये अष्टसखा कवियों सूरदास, कुंभनदास, नंददास आदि ने वो ही रचा, जो उनके दिव्य चक्षुओं ने देखा।

इन कवियों को द्वापरयुग की इन अलौकिक लीलाओं के दीदार का ये सौभाग्य अखंड भूमंडलाचार्य वल्लभाचार्यजी की कृपा से प्राप्त हुआ। लिहाजा ये कीर्तन गणगौर जैसे लोकपर्व को द्वापरयुग से जोड़ता है। निमाड़ के गणगौर यानी रणुबाई व धणियरजी से जुड़े गीत तो बड़े मीठे व कर्णप्रिय हैं तो राजस्थान की राजसी गणगौर की बात भी निराली है। घोड़ा बठी न धणियरजी आया, रणुबाई कर सिंगार ओ चंदा..' जैसे लोकगीत इन दिनों फिजाओं में गूंज रहे हैं।

ये है नगर सेठ परिवार में विराजमान होलकरयुगीन गणगौर माताजी। स्वयं होलकर राजवंश ने माताजी को नगर सेठ परिवार में पधराया था। इस बार गुमास्ता नगर में वे विराजी हंै, जहां मां के लाड़ लड़ाए जा रहे हैं।

सु हागिनों से जुड़े इस पर्व का अपने मालवा-निमाड़ और बगल के राजस्थान से गहरा नाता है। पर्व के प्रति आस्था का नजारा इन दिनों देखने लायक है। शहर के गली-मोहल्लों, बस्ती कॉलोनियों में पीहर आई गणगौर माता को लाड़ लड़ाया जा रहा है। ईसर गौर पार्वती के प्रतीकों को सजा-संवारकर सुहागिनें अपने सिर पर लेकर रोज नृत्य कर रही हैं।

गली-गली गणगौर के बाने निकल रहे हैं। नवब्याहता का तो ये सबसे बड़ा उत्सव रहता है, सुहाग से जुड़ा जो है। नव ब्याही बहन-बेटियां इस पर्व के निमित्त ससुराल से विदा लेकर मायके आ जाती हैं जहां वे 16 दिन तक गणगौर का पूजन करती हैं। 16 दिन का ये पूजन नई नवेली बहुओं के हवाले ही रहता है।

अब सोचिए, एक साथ नई नवेली दुल्हनें जब इस पर्व को सामूहिक रूप से मनाती हैं तो कितनी सुंदर स्मृतियों को वे संजोती हैं और इन्हीं सुखद, सुंदर स्मृतियों को संग लेकर वे मायके से विदा होकर पुनः ससुराल लौट जाती हैं। ऐसे ही गणगौर भी अपने पीहर आई है और अब उनकी विदाई का पल आ गया है। कल यानी सोमवार को वे विदा हो जाएंगी।

भागती दौड़ती इस दुनिया में अब किसे परवाह गणगौर कब आई और विदा हुई। आधुनिक होते लोक समाज में अब इन लोक पर्वों का वैसा शोर नजर नहीं आता जैसा आज से दो-तीन दशक पहले होता था। बावजूद इसके इन परंपराओं के प्रति लोक आस्थाओं का अनुराग इतना गहरा है कि कोई भी और कैसा भी कालखंड रहा हो, भरत भू पर लोकोत्सव कायम रहे।

आज सब कुछ उत्सवों अनुकूल वातावरण है तो जीने की जद्दोजहद में पर्व, परंपराओं से जुड़े ये लोकपर्व बिसरा दिए जा रहे हैं या फिर औपचारिकता बनकर रह गए हैं। ऐसे में आपके या आपके बगल के आंगन में आकर विराजी रणुबाई कब लौट जाएगी पता ही नहीं चलेगा। जैसे संजाबाई आकर चली गई।

कुछ समय निकालिएगा, भोर या संध्या के समय। जाकर देखिए अपने मोहल्ले, कॉलोनी के बाग बगीचों में। कैसे ये लोकपर्व पूर्ण श्रद्धा, आस्था, उत्साह और उल्लास से मनाया जा रहा है। कैसे रणुबाई बनी गणगौर जी स्वामी ईसरजी संग झाले लेती हैं। ग्रामीण अंचल में ये झाले किसी ताल-तलैया-सरोवर किनारे लिए जाते हैं। जहां ये नहीं, वहां कुओं के पास झाले की विधि होती है।

गली-गली रोज निकल रहे बाने... गली-गली रोज शाम को निकल रहे उन बानों पर नजर दौड़ाइए जिनमें नव ब्याही दुल्हन का दूल्हा भी नई नवेली दुल्हन ही बनती है। बकायदा गठजोड़ा भी बंधता है। दूल्हा बनी दुल्हनिया को साफा-पगड़ी पहनाई जाती है। बस्ती-मोहल्लों में ऐसे बाने 16 दिन से खूब घूम रहे हैं।

फिर शुरू होता है हास्य, विनोद से जुड़े दोहे बोलने का दौर, जिसमें सुहागिनें अपने-अपने सुहाग का नाम किसी तुरत-फुरत बनाए दोहे में जोड़कर शर्माती हुई बोलती हैं, फिर दूसरी की बारी। दिन ढलने के वक्त से शुरू हुआ ये सिलसिला रात गहराने तक चलता है।

देखा आपने ये नजारा? इतनी फुर्सत कहां अब? है ...न? देखा नहीं तो कोई बात नहीं, पढ़ लीजिए। खुलासा फर्स्ट है न, लोक आस्थाओं के प्रति सदैव अनुरागी और नतमस्तक।

नगर सेठ परिवार में विराजी होलकरयुगीन गणगौर... शहर के गुमास्ता नगर में नगर सेठ परिवार में होलकरयुगीन गणगौर माता विराजी हैं। यहां विराजमान माता का नाता इंदौर के राजघराने से रहा है। होलकर राजा द्वारा ही आज से 100 बरस पूर्व माताजी को नगर सेठ परिवार में पधराया गया था।

आज उसी परिवार की पीढ़ी के रमेश नीमा, संजय नीमा, गोविंद नीमा, शोभा नीमा, रीना नीमा, रूपेश नीमा, अपूर्वा नीमा आदि इस परंपरा को निभा रहे हैं। इस बार माताजी नगर सेठ परिवार के गुमाश्ता नगर स्थित गोविंद मोहनलाल नीमा के यहां पधारी हैं।

यह माताजी सकल पंच नीमा समाज के गणगौर पर्व का प्रतिनिधित्व करती हैं। तीन दिवसीय अनेक आयोजन के साथ गणगौर का भव्य बाना भी नृसिंह वाटिका तक सोमवार को निकलेगा। एरोड्रम रोड स्थित श्रीकृष्ण नगर, सीताराम पार्क कॉलोनी में भी माता का आगमन होगा।

संबंधित समाचार

फिरोज खान... जमीनों के खेल में खिलाड़ी या मोहरा
Top News

फिरोज खान... जमीनों के खेल में खिलाड़ी या मोहरा:खुलासा फर्स की पड़ताल में नए नाम रविकांत का खुलासा

9 minutes ago
नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई
Top News

नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई:एमडी ड्रग्स के साथ आरोपी गिरफ्तार; लाखों का माल और कार जब्त

12 minutes ago
वीडियो देखिये, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का राहुल गांधी पर तंज
Top News

वीडियो देखिये, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का राहुल गांधी पर तंज:बोले- वे रहस्यमयी नेता; कब क्या करेंगे कोई नहीं जानता

13 minutes ago
दो बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत
Top News

दो बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत:2 युवकों की मौके पर मौत; 2 गंभीर घायल

29 minutes ago
वीडियो देखिये, बंगाली संस्कृति के रंग में रंगे नजर आए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय
Top News

वीडियो देखिये, बंगाली संस्कृति के रंग में रंगे नजर आए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय:नवरात्रि पर मां दुर्गा की आराधना के बीच धुनुची परंपरा में लिया हिस्सा

43 minutes ago
त्योहारों से पहले प्रशासन अलर्ट
Top News

त्योहारों से पहले प्रशासन अलर्ट:मिलावटखोरों पर कसेगा शिकंजा; पटाखा दुकानों की भी होगी जांच, कलेक्टर के सख्त निर्देश

about 1 hour ago
दीपावली पर्व के बाद ट्रेन चलाने की तैयारी
Top News

दीपावली पर्व के बाद ट्रेन चलाने की तैयारी:धार-सागौर खंड का बारीकी से निरीक्षण

about 1 hour ago
श्रद्धालुओं का लोडिंग वाहन पेड़ से टकराया
Top News

श्रद्धालुओं का लोडिंग वाहन पेड़ से टकराया:सलकनपुर से लौट रहे थे; 20 से ज्यादा घायल

about 1 hour ago
वीडियो देखिये, दशहरे पर रावण पूजन की अनूठी परंपरा
Top News

वीडियो देखिये, दशहरे पर रावण पूजन की अनूठी परंपरा:मंदोदरी से जुड़ी मान्यता है वजह; रावण को माना जाता है जमाई राजा, समाजजनों ने की पूजा-अर्चना

about 1 hour ago
पहचान का खुलासा होते ही युवती ने खूब बरसाई चप्पलें
Top News

पहचान का खुलासा होते ही युवती ने खूब बरसाई चप्पलें:होटल पहुंचने से पहले पकड़ा गया जिहादी अनस

about 1 hour ago
चाकू मारकर नाबालिग की हत्या
Top News

चाकू मारकर नाबालिग की हत्या:चार आरोपी गिरफ्तार; मुख्य आरोपी अब तक फरार

about 1 hour ago
वीडियो देखिये, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लॉन्च किया ‘पुलिस सेतु ऐप’
Top News

वीडियो देखिये, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लॉन्च किया ‘पुलिस सेतु ऐप’:अब लोकेशन के आधार पर मिलेगी संबंधित थाने और ड्यूटी अधिकारियों की जानकारी; इंदौर पुलिस को मिले 51 दोपहिया वाहन

about 1 hour ago
वीडियो देखिये, कॉलोनी में पेड़ उखाड़ने को लेकर विवाद
Top News

वीडियो देखिये, कॉलोनी में पेड़ उखाड़ने को लेकर विवाद:पत्रकार ने पूर्व पार्षद और साथियों पर मारपीट के आरोप लगाए; राऊ थाने में शिकायत दर्ज कराने में परेशानी होने का दावा

about 1 hour ago
आयोजकों ने रातभर में फिर खड़ा किया रावण
Top News

आयोजकों ने रातभर में फिर खड़ा किया रावण:लाइट टेस्टिंग के दौरान शॉर्ट सर्किट से लगी थी आग

about 1 hour ago
वीडियो देखिये, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निवास पर किया कन्या पूजन
Top News

वीडियो देखिये, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निवास पर किया कन्या पूजन:देवी स्वरूपा बेटियों को कराया भोजन

about 2 hours ago
MP के लाल का एशियन पैरा गेम्स में कमाल
Top News

MP के लाल का एशियन पैरा गेम्स में कमाल:जीता कांस्य पदक; मां ने खेतों में मजदूरी कर बेटे को पाला

about 2 hours ago
गार्ड ने हवाई फायर के बाद युवक को मारी गोली हुई मौत
Indore

गार्ड ने हवाई फायर के बाद युवक को मारी गोली हुई मौत:गरबा पंडाल में मची भगदड़; सौभाग्य से गरबा खेल रही बालिकाएं बची पुलिसकर्मी के सामने पिस्टल तानकर दोस्त से बोला- तुझे भी मार दूंगा

about 2 hours ago
वीडियो देखिये, धर्मनगरी से शुरू हुई दिग्विजय सिंह की ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा
Top News

वीडियो देखिये, धर्मनगरी से शुरू हुई दिग्विजय सिंह की ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा:महाकाल के दरबार में माथा टेककर लिया सत्य, धर्म और न्याय की रक्षा का संकल्प; मंदिरों के चढ़ावे में पारदर्शिता की मांग

about 2 hours ago
माता की आराधना में झूमे श्रद्धालु
Top News

माता की आराधना में झूमे श्रद्धालु:मां जगदंबा की भक्ति में लीन रहा शहर; नम आंखों से दी विदाई

about 2 hours ago
त्योहारों पर मिलावटखोरों की खैर नहीं
Top News

त्योहारों पर मिलावटखोरों की खैर नहीं:अवैध पटाखा गोदामों के लाइसेंस होंगे निरस्त

about 2 hours ago

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!