खबर
Top News

इंदौर के नए तुगलकों का फरमान आया है...

Khulasa First

KHULASA FIRST

संवाददाता

09 अगस्त 2026, 2:32 pm
शेयर करें:
इंदौर के नए तुगलकों का फरमान आया है...

नितेश पाल वरिष्ठ पत्रकार खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
कभी-कभी सरकारी आदेश पढ़कर लगता है कि साहब लोग जनता को नागरिक नहीं, अपनी सुविधा के हिसाब से चलने वाली कोई फाइल समझते हैं। इंदौर नगर निगम का यह नया आदेश भी कुछ ऐसा ही एहसास कराता है।

कहते हैं- आप संपत्ति कर दीजिए, जल कर दीजिए, कचरे का शुल्क दीजिए... पैसा देने में हमें कोई दिक्कत नहीं है। बस एक छोटी सी शर्त है- पैसा कैसे देना है, यह आप तय नहीं करेंगे। निगम तय करेगा।

पहले कैश था, ऑनलाइन था, डीडी था और चेक भी था। अब 1 लाख से कम के भुगतान में चेक निकाल दिया गया। कारण बताया गया कुछ चेक बाउंस हो गए। बात समझ में आती है। लेकिन मन में एक सवाल आता है कुछ लोगों का चेक बाउंस हुआ तो बाकी लोगों की सुविधा क्यों बाउंस कर दी गई? जिस आदमी ने जिंदगी में कभी चैक नहीं उछलने दिया, उसके हाथ से भी चैक क्यों छीन लिया गया?

और मजे की बात देखिए...चेक बंद हैे, लेकिन कैश चालू है। अब मान लीजिए किसी का 60 हजार टैक्स आया, वह बैंक गया। अपने खाते से 60 हजार निकाले। नोट गिने, पैसे जेब में रखे। फिर निगम कार्यालय की तरफ चल पड़ा।

रास्ते में उसे शायद पहली बार यह महसूस होगा कि अपने ही पैसे को बैंक में रखना ज्यादा सुरक्षित था या निगम को देने के लिए जेब में रखना? 50 हजार से ज्यादा रकम लेकर चलना आज किसी सामान्य आदमी के लिए मामूली बात नहीं है।

वह पैसा किसी की महीने-दो महीने की कमाई हो सकता है। किसी बुजुर्ग की बचत हो सकती है। किसी छोटे व्यापारी का कारोबार चलाने वाला पैसा हो सकता है, किसी परिवार की फीस, दवाई और राशन का पैसा हो सकता है और निगम कह रहा है ले आइए नकद।

क्यों?
क्योंकि कुछ चेक बाउंस हो गए। साहब, समस्या चैक की है या व्यवस्था की? आरबीआई की नजर में हमारा रुपया आज भी वैध मुद्रा है। केंद्र सरकार के कानून में भी सरकारी प्राप्तियों को लेकर वह सरल कहानी नहीं है, जो अक्सर लोगों को सुनाई जाती है तो फिर सवाल यह नहीं है कि कैश लेना अपराध है या नहीं।

सवाल इससे बड़ा है जिस नागरिक से पैसा लिया जा रहा है उसकी सुविधा और सुरक्षा का खयाल कौन रखेगा? और यहीं से यह आदेश मुझे थोड़ा अजीब लगता है, क्योंकि उसी इंदौर में हम पिछले कुछ महीनों में ऐसी घटनाएं देख चुके हैं जिनमें सवाल सिर्फ सुविधा का नहीं, जिंदगी का था।

जहरीली गैस, दो मौतें, दो परिवार
दो घर जहां शाम को लौटने की उम्मीद में दरवाजा खुला होगा, लेकिन आदमी नहीं लौटा। सरकारी फाइल में यह भी एक घटना बन जाएगी, जांच होगी, रिपोर्ट आएगी, जिम्मेदारी तय होगी, लेकिन जिस बच्चे ने पिता खोया उसके लिए मुआवजा पिता नहीं बन सकता।

यही फर्क है सरकारी फाइल और इंसानी जिंदगी में। फाइल में रकम होती है। जिंदगी में रिश्ते होते हैं और इसी बीच नगर निगम को अपने राजस्व की चिंता है। होनी भी चाहिए, नगर निगम को पैसा चाहिए, लेकिन एक छोटा सा सवाल है जनता के पैसे की चिंता जितनी है, जनता की चिंता भी उतनी ही है क्या? इसी निगम से जुड़े करोड़ों रुपए के फर्जी बिलों का मामला सामने आता है।

103 करोड़ से ज्यादा की कथित गड़बड़ी की जांच एजेंसियां कर रही हैं। फर्जी बिल, फर्जी दस्तावेज और नगर निगम के पैसे के कथित दुरुपयोग के आरोप हैं। अभी आरोप हैं, अंतिम फैसला अदालत को करना है, लेकिन एक बात तो पूछी जा सकती है अगर करोड़ों के भुगतान की निगरानी में इतनी बड़ी गड़बड़ी के आरोप लग सकते हैं तो 60 हजार का चैक देने वाला नागरिक इतना बड़ा खतरा कैसे हो गया? यही तो बात चुभती है।

आम आदमी से कहा जाता है, समय पर टैक्स दो, पूरा टैक्स दो, ब्याज मत लगने दो, लेकिन जब वही आम आदमी पूछता है कि मेरे पैसे का क्या हुआ? तो जवाब उतना साफ क्यों नहीं होता? शहर की सड़क पर गड्ढा हो तो नागरिक इंतजार करे, पानी खराब हो तो नागरिक सावधान रहे।

सीवर में आदमी मर जाए तो जांच का इंतजार करे। और टैक्स देना हो तो नकद लेकर तुरंत पहुंच जाए। वाह! व्यवस्था का यह संतुलन बड़ा अद्भुत है। जनता हर जगह इंतजार करे निगम को पैसा तुरंत चाहिए। मैं यह नहीं कहता कि चेक बाउंस होने वालों पर कार्रवाई मत कीजिए।

जरूर कीजिए, पैनल्टी लगाइए। जिनका रिकॉर्ड खराब है, उनके लिए अलग व्यवस्था कीजिए, लेकिन जिसने आपका कोई पैसा नहीं रोका उससे उसका भुगतान विकल्प क्यों छीन रहे हैं? किसी व्यवस्था की असली परीक्षा यह नहीं होती कि वह मजबूत आदमी के लिए कितनी आसान है।

असली परीक्षा यह है कि वह कमजोर आदमी के लिए कितनी मानवीय है। वह बुजुर्ग जिसके हाथ में स्मार्टफोन नहीं है, वह महिला जो अकेली टैक्स भरने आई है। वह छोटा दुकानदार जिसके लिए 60 हजार बहुत बड़ी रकम है। वह आदमी जो अपनी जमा पूंजी से घर का टैक्स भर रहा है।

इन लोगों को नियम नहीं, राहत चाहिए। नगर निगम को शायद यह याद दिलाने की जरूरत है कि करदाता सिर्फ प्रॉपर्टी आईडी नहीं होता, उसका नाम होता है, परिवार होता है, परेशानियां होती हैं। उसकी मेहनत की कमाई होती है और सबसे बड़ी बात उसकी भी इज्जत होती है, इसलिए सवाल चैक का नहीं है, सवाल 50 हजार का भी नहीं है।

सवाल उस सोच का है, जिसमें जनता से कहा जाता है पैसा आपका है, लेकिन उसे देने का तरीका हम तय करेंगे। और अगर यही प्रशासन है तो फिर एक दिन जनता भी पूछेगी साहब, टैक्स तो हम समय पर दे देंगे, लेकिन हमारी सुविधा, हमारी सुरक्षा और हमारे सवालों का हिसाब कौन देगा?

भागीरथपुरा याद है?
पानी और सिर्फ पानी। वही पानी जिसे आदमी बिना सोचे अपने बच्चे को पिला देता है। वही पानी किसी घर में बीमारी लेकर पहुंचा, किसी घर में किसी को अस्पताल पहुंचाया, किसी घर में मौत का कारण बना, सरकारी कागज में इसे दूषित पानी कहा जा सकता है, लेकिन जिस घर का आदमी चला गया, वहां इसे क्या कहेंगे? एक हादसा? नहीं।

वहां तो एक खाली चारपाई होती है। एक मां की आंख होती है। एक बच्चे का सवाल होता है पापा कब आएंगे? और जवाब देने वाला कोई नहीं होता। फिर सीवर में उतरते दो निगम कर्मचारी याद आते हैं।

संबंधित समाचार

पूर्व मुख्यमंत्री के काफिले पर हमला
Top News

पूर्व मुख्यमंत्री के काफिले पर हमला:प्रदर्शनकारियों ने गाड़ी पर फेंका जूता और कीचड़; चोर-चोर के लगे नारे

less than a minute ago
ट्राइबल जेन-जी की बढ़ती ताकत
Top News

ट्राइबल जेन-जी की बढ़ती ताकत:आधुनिकता और राजनीति के बीच प्रकृति; संस्कृति और रोजगार के संकट में वनवासी

less than a minute ago
जांच के कई पहलू पूरे अगले महीने पेश होगी चार्जशीट
Top News

जांच के कई पहलू पूरे अगले महीने पेश होगी चार्जशीट:राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस

10 minutes ago
अमरनाथ बारिश-लैंडस्लाइड ने रोकी बाबा बर्फानी की यात्रा
Top News

अमरनाथ बारिश-लैंडस्लाइड ने रोकी बाबा बर्फानी की यात्रा:20 दिन पहले बंद हुआ अमरनाथ यात्रा मार्ग 4.8 लाख ने किए दर्शन

15 minutes ago
MP के स्कूलों में बदलेगा अटेंडेंस सिस्टम
Top News

MP के स्कूलों में बदलेगा अटेंडेंस सिस्टम:9वीं-12वीं के छात्रों की लगेगी ऑनलाइन हाजिरी; कम उपस्थिति पर होगी निगरानी

21 minutes ago
केदारनाथ मंदिर में उमड़ा जनसैलाब
Top News

केदारनाथ मंदिर में उमड़ा जनसैलाब:बम-बम भोले के जयघोष से गूंजा बाबा का धाम

23 minutes ago
शिप्रा आरती पर घमासान पुलिस बल प्रयोग के विरोध में जल सत्याग्रह
Top News

शिप्रा आरती पर घमासान पुलिस बल प्रयोग के विरोध में जल सत्याग्रह:11 साल की परंपरा और नई व्यवस्था आमने-सामने

34 minutes ago
पुरानी कार बेचने से पहले कर लें ये 5 काम
Top News

पुरानी कार बेचने से पहले कर लें ये 5 काम:बढ़ जाएगी रीसेल वैल्यू; खरीदार भी देगा बेहतर कीमत

39 minutes ago
ग्वालियर किले में धड़ल्ले से चल रही अवैध गतिविधि
Top News

ग्वालियर किले में धड़ल्ले से चल रही अवैध गतिविधि:दुकानें, वसूली और जुआ-सट्टे के आरोप पर विधानसभा सवाल से पत्राचार तक

about 1 hour ago
दतिया जैसा दर्द फिर न मिले
Top News

दतिया जैसा दर्द फिर न मिले:पहली बार आज पार्षदों से मिलेंगे महासचिव

about 1 hour ago
ब्रिक्स संस्कृति सम्मेलन प्रदेश का गौरव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
Top News

ब्रिक्स संस्कृति सम्मेलन प्रदेश का गौरव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव:11वीं ब्रिक्स संस्कृति मंत्रियों की बैठक में संबोधन

about 1 hour ago
महाकाल का जयकारा लगाकर भक्तों ने ग्रहण की प्रसादी
Top News

महाकाल का जयकारा लगाकर भक्तों ने ग्रहण की प्रसादी

about 1 hour ago
भीषण सड़क हादसा
Top News

भीषण सड़क हादसा:ट्रॉले ने ईको वैन को मारी टक्कर; महाकाल दर्शन कर लौट रहे 6 युवकों की मौत

about 1 hour ago
कावड़ यात्रियों ने काशी- विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन कर की गोसेवा
Indore

कावड़ यात्रियों ने काशी- विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन कर की गोसेवा:केंद्रीय विधि मंत्री मेघवाल ने किया बाणेश्वरी कावड़ यात्रा का स्वागत

about 1 hour ago
विश्व आदिवासी दिवस पर उमड़ा जनसैलाब
Top News

विश्व आदिवासी दिवस पर उमड़ा जनसैलाब:रैली में शामिल हुए हजारों युवा; पारंपरिक वेशभूषा में दिखी संस्कृति की झलक, कई रास्तों पर ट्रैफिक डायवर्ट

about 1 hour ago
एयरपोर्ट के पास क्रैश हुआ ट्रेनिंग विमान
Top News

एयरपोर्ट के पास क्रैश हुआ ट्रेनिंग विमान:8 महीने में तीसरी बार हुआ हादसा; सुरक्षा पर उठे सवाल

about 2 hours ago
आदिवासी लोकजीवन की सहजता और सहजीवन का दर्शन
Indore

आदिवासी लोकजीवन की सहजता और सहजीवन का दर्शन

about 2 hours ago
अलीफ कॉन्वेंट स्कूल पर छात्रा के भविष्य से खिलवाड़ का लगा आरोप
Top News

अलीफ कॉन्वेंट स्कूल पर छात्रा के भविष्य से खिलवाड़ का लगा आरोप:थाने में शिकायत; झूठे आरोप में फंसाने की धमकी भी दी

about 2 hours ago
घी में विषैला लेड
Top News

घी में विषैला लेड:किडनी के साथ दिमाग को भी कर देता है डैमेज

about 2 hours ago
संवाद से ही विवादों के समाधान तक पहुंचना संभव
Top News

संवाद से ही विवादों के समाधान तक पहुंचना संभव:इंदौर में वेस्ट जोन सम्मेलन में सुलभ न्याय पर मंथन; मध्यस्थता और तकनीक से लंबित मामलों के बोझ को कम करने पर जोर

about 2 hours ago

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!