सजल नयनों से होगी बप्पा की विदाई: आस्था के रंगों में रंगा शहर; गूंज रहा ‘गणपति बप्पा मोरया'
KHULASA FIRST
संवाददाता

आंखें हो रहीं नम और पलकें भारी, अब आ गई गणपति बप्पा की विदाई की घड़ी, जयकारों से गूंजी अहिल्या नगरी
हेमंत उपाध्याय 99930-99008, खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
इंदौर में 12 दिनों के भव्य आनंदोत्सव, समरसता और भक्ति के बाद शुक्रवार को अनंत चतुर्दशी पर मंगलमूर्ति को अश्रुपूरित विदाई दी जाएगी।जल में मूरत विलीन होने के साथ ही शहरवासियों के लिए एक बरस का लंबा इंतजार शुरू हो जाएगा।
अनंत चतुर्दशी से पूर्व ‘पालदा के राजा’ की मुंबई विसर्जन यात्रा सहित शहरभर के गणेश पंडालों में महाआरती, पर्यावरण-अनुकूल मनमोहक झांकियों और विविध सांस्कृतिक आयोजनों की भारी धूम मची हुई है।
बप्पा, अभी कल की ही तो बात लगती है। 14 सितंबर की वह सुबह, जब ढोल की धमक ने पूरे शहर की धड़कनें एक ताल में बांध दी थीं। गुलाल हवा में यूं उड़ रहा था मानो आसमान खुद आपके स्वागत में रंग बिखेर रहा हो।
मोरया के जयकारों से गूंजती गलियां, शंख की गूंज, घंटियों की झंकार, सब कुछ मिलकर एक ऐसा संगीत रच रहे थे जिसे शब्दों में बांधना असंभव है। उस दिन इंदौर ने अपना दिल खोलकर आपको भीतर बिठा लिया था।
इस बार नियति का ऐसा सुंदर संयोग बना कि आप पूरे बारह दिन हमारे बीच ठहर रहे हैं । यह कोई साधारण गिनती नहीं। ये दिन जीवन के बारह अध्याय जैसे हैं, हर दिन एक नई भक्ति, हर शाम एक नया उत्सव, हर रात एक नई प्रतीक्षा कि सुबह फिर आपके दर्शन होंगे।
आकाश से तारे उतरकर धरती पर उत्सव मनाने आ गए
शहर की सदियों पुरानी गलियों ने आपकी पालकी को कंधों पर उठाए हुए भक्तों का सैलाब देखा। पंडालों में रोशनी की लड़ियां यूं झिलमिलाईं जैसे आकाश से तारे उतरकर धरती पर उत्सव मनाने आ गए हों।
खजराना गणेश के पवित्र प्रांगण में मन्नतों के धागे इतने बंधे कि आस्था खुद वहां सांस लेने लगी। बड़े गणपति की विशाल प्रतिमा के सामने सिर झुकाते हुए हर भक्त को यूं लगा जैसे स्वयं आकाश झुक आया हो।
कहीं भव्य झांकियां अपने वैभव से आंखें चौंधिया रही थीं, तो किसी तंग गली के कोने में एक छोटी सी मूर्ति भी उतनी ही निष्ठा, उतने ही प्रेम से पूजी जा रही थी। धन का फर्क वहां मिट गया था, भक्ति का पलड़ा हर जगह बराबर था।
घर-घर से मोदक की मीठी खुशबू गलियों में तैरने लगती
सुबह की आरती की लौ जब थाली में लहराती, तो मानो पूरा मोहल्ला एक स्वर में सांस लेता। शाम ढलते ही घंटियों की टंकार शुरू हो जाती और घर-घर से मोदक की मीठी खुशबू गलियों में तैरने लगती।
बच्चे जिद करते कि बप्पा को मोदक वे ही खिलाएंगे, बड़े मुस्कुराते हुए उनकी जिद के आगे झुक जाते। रातों को जागकर झांकियों के दर्शन करने निकले भक्तों का हुजूम यूं लगता जैसे पूरा शहर सोना भूल गया हो, सिर्फ भक्ति में जागता रहा हो।
हर चौराहे पर विराजी आपकी छोटी-बड़ी मूरतों ने अजनबियों को भी परिचित बना दिया, पड़ोसियों को परिवार बना दिया। ये दिन सिर्फ उत्सव नहीं , यह इंदौर के हृदय की धड़कन बन गए।
अब नजदीक आ गई विदाई की बेला...पर अब जब आपके विदाई की बेला नजदीक है लगता है शहर की हवा में कुछ बदल गया है। एक अनकही उदासी, एक भारी सा मौन हर गली में पसरा हुआ है।
शुक्रवार, पच्चीस सितंबर की अनंत चतुर्दशी अपने साथ वह घड़ी लेकर आएगी जो कुछ पल के लिए उदासी की चादर ओढ़ा देगी। जिन कोमल हाथों ने इतने प्रेम से आपको अक्षत और दूर्वा अर्पित की थी, आज वही हाथ भारी मन से, कांपती उंगलियों से आपकी विदाई की तैयारी में जुटे हैं। आंखों में वही चमक अब आंसू बनकर ढुलक रही है जो कुछ दिनों पहले खुशी से जगमगाई थी।
इंदौर को एक अदृश्य धागे में पिरो दिया...इन दिनों में आपने पूरे इंदौर को एक अदृश्य धागे में पिरो दिया। आपके दरबार में न कोई राजा था न रंक, न कोई ऊंचा था न नीचा। सबकी आंखों में वही श्रद्धा थी, सबके हाथों में वही अक्षत।
विसर्जित होते हुए, दूर जाते हुए, आप यही अनमोल संदेश दे जाएंगे कि जो समरसता, जो निस्वार्थ प्रेम इन दिनों में हमने साथ जिया, उसे अपने भीतर सहेज कर रखना। मेरे जाने के बाद भी यही भावना जीवित रहे, यही मेरी सच्ची पूजा होगी, यही मेरा असली प्रसाद होगा।
ऐतिहासिक पल का गवाह बनेगा इंदौर
600 किमी के सफर पर मुंबई रवाना होंगे पालदा के राजा, समुद्र में होगा विसर्जन
शहर के मध्यक्षेत्र की करीब 1 लाख की आबादी वाले इलाके में वर्षों से मनाया जा रहा गणपति महोत्सव इस बार एक नया इतिहास रचने जा रहा है।
मालवा गणेश मंडल द्वारा स्थापित भगवान श्री गणपति यानी पालदा के राजाकी विशालकाय प्रतिमा का विसर्जन इस वर्ष इंदौर या आसपास के क्षेत्रों में नहीं, बल्कि यहाँ से करीब 600 किलोमीटर दूर मायानगरी मुंबई के समुद्र में किया जाएगा।
यह संभवतः इंदौर के इतिहास में पहला मौका होगा जब कोई संस्था बप्पा की प्रतिमा को विसर्जन के लिए मुंबई ले जा रही है।
पिछले 40 वर्षों से पालदा के राजा की स्थापना कर रहे मालवा गणेश मंडल के अध्यक्ष मनोज वर्मा ने बताया कि इतनी विशालकाय प्रतिमा के विसर्जन के लिए इंदौर और उसके आसपास अब कोई उपयुक्त स्थान नहीं बचा है।
पूर्व में प्रतिमाओं का विसर्जन नर्मदा नदी में किया जाता था, लेकिन अब पर्यावरण को शुद्ध और सुरक्षित बनाए रखने के लिए नदी में विसर्जन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। प्रकृति और नियमों का सम्मान करते हुए मंडल ने बप्पा को ससम्मान मुंबई ले जाकर वैदिक रीति-रिवाजों के साथ समुद्र में विसर्जित करने का अनूठा निर्णय लिया है।
मनोज वर्मा ने जानकारी दी कि आगामी 25 सितंबर को प्रातः 10:00 बजे एक भव्य विदाई समारोह का आयोजन किया जाएगा। विशालकाय प्रतिमा को क्रेन की मदद से उठाकर एक बड़े ट्रक (रथ) पर विराजित किया जाएगा, जिसके बाद वाहनों का एक बड़ा काफिला मुंबई के लिए रवाना होगा।
श्री हरिद्रा गणेश धाम में 10 दिवसीय उत्सव एवं रथ यात्रा महोत्सव
सिरपुर स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री हरिद्रा गणेश धाम में चल रहे 10 दिवसीय उत्सव एवं रथ यात्रा महोत्सव के अंतर्गत भव्य रथ यात्रा का आयोजन किया जाएगा। यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे।
भगवान श्री हरिद्रा गणपति भव्य रथ पर आरूढ़ होकर भक्तों को दर्शन देंगे। रथ यात्रा के दौरान विभिन्न धार्मिक एवं आकर्षक झांकियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगी। आयोजन को लेकर मंदिर परिसर और सिरपुर क्षेत्र में तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं।
यात्रा में बैंड-बाजे के साथ श्रद्धालु भक्ति और उत्साह के साथ शामिल होंगे। महिलाओं की भी बड़ी संख्या में सहभागिता रहेगी, जबकि युवा यात्रा की व्यवस्थाओं और संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
इंदौर शहर के गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु भी रथ यात्रा में शामिल होंगे। श्री हरिद्रा गणेश धाम के पुजारी पंडित बांके बिहारी शास्त्री (छोटे ठाकुर जी) के मार्गदर्शन में आयोजित इस महोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह है।
आयोजन में भाजपा प्रदेश महामंत्री रानू अग्निहोत्री, भगवती शर्मा, माखन चौधरी, लखन सिंह, अंकुर शर्मा, नितिन पटेल, अंकित परमार सहित बड़ी संख्या में सिरपुर के रहवासी एवं श्रद्धालु सहभागी रहेंगे।
श्री गणेश पंडाल में दर्शन...बप्पा की भक्ति में लीन इंदौर
सार्वजनिक महोत्सव समिति जयरामपुर कॉलोनी के 43 वे भव्य गणेशोत्सव पांडाल में यूरोवर्ल्ड किड्स प्रेम नगर इंदौर के नन्हें मुन्ने बच्चों का आना हुआ, उन्हें बहुत ही सुंदर श्री गणेशो, जैसे बैलगाड़ी पर सवार, कावड़ लेकर चलते, झूले पर झूलते, जंगल में घूमते, शिवजी की जटाओं में से गंगाजल निकलते, बाल रूप में जगन्नाथजी, राम सेतु के पत्थरो पर बैठे हनुमानजी मुद्रा में राम नाम का जाप करते हुए के दर्शन करवाकर उन्हें पर्यावरण सरक्षण के बारे में बताया गया, साथ ही उन्हें चॉकलेट टॉफी का प्रसाद भी देकर उनके साथ खुशियों को बांटा गया, पूरे पांडाल में पर्यावरण बचाने को लेकर बेहद खूबसूरत तरिके से बताया गया है।
पूरी तरह हरियाली,फल, फूल,वानर,तोते,कबूतर,हिरण,मोर,हाथी,तितलियां,झरने,पेड़ पौधे भी बहुत सुंदर तरीके से सजाएं गए है आगमन द्वार से लेकर पांडाल तक भव्य लाईट की साज सज्जा भी राजस्थान के कारीगरों द्वारा कि गई है प्रतिदिन रात्रि में आरती,प्रसाद वितरण,सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किये जा रहे है। पांडाल के ऊपर बहुत ही बढ़िया तरीके से भगवान श्रीनाथजी भी भक्तों को दर्शन देते दिखाई देते है।
पूरे आयोजन में पांडाल की आकर्षक साज सज्जा देखते ही बनती है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में खुलासा फर्स्ट अखबार के मधुर जायसवाल भी सपरिवार उपस्थित थे। आयोजन में सहयोगी के रूप में नरेश चुग,कमल पारवानी, रवि लुधियानी, पवन मेहता, संजय राजानी, पुनीत तलरेजा,जयदीप ठाकुर, रोहित शर्मा,संजय माधवानी आदि भी साथ थेउक्त जानकारी समिति के अध्यक्ष प्रकाश लालवानी, सचिव अनिल आगा ने दी।
गोविंद कॉलोनी के महाराजा
गोविंद कॉलोनी में श्री सिद्धिविनायक मित्र मंडल द्वारा ‘गोविंद कॉलोनी के महाराजा’ श्री गणेश जी की भव्य प्रतिमा स्थापित की गई है। गणेशोत्सव के दौरान यहां प्रतिदिन श्रद्धालुओं के लिए धार्मिक, सांस्कृतिक एवं सामाजिक गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है।
मंडल की ओर से हर शाम विभिन्न एक्टिविटी एवं धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिसमें बड़ी संख्या में कॉलोनीवासी एवं श्रद्धालु उत्साहपूर्वक शामिल हो रहे हैं। वातावरण गणपति भक्ति और धार्मिक उत्साह में नजर आ रहा है। इसी क्रम में श्रद्धालुओं के लिए सुंदरकांड का विशेष आयोजन भी कराया जा रहा है।
सुंदरकांड के दौरान भक्तजन भजन-कीर्तन एवं श्रीराम भक्ति में लीन होकर धार्मिक वातावरण को और भी भक्तिमय बना रहे हैं। इसके साथ ही मंडल द्वारा भंडारे का आयोजन भी किया जाता है, जिसमें श्रद्धालुओं एवं आमजन को प्रसाद ग्रहण कराया जाता है।
संबंधित समाचार

देखिए वीडियो:सड़क किनारे बेहोश मिली गर्भवती महिला; पुलिस की सूझबूझ से समय पर मिली मदद, टीम को 10 हजार रुपए का नकद इनाम

डोल ग्यारस की रात क्राइम ब्रांच का पहरा:200 वाहनों की चेकिंग; शराबी और बिना नंबर की बाइकें पकड़ी

एशियन गेम्स में MP के खिलाड़ी ने रचा इतिहास:सॉफ्ट टेनिस में जय मीणा ने भारत को दिलाया पहला मेडल

सराफा थाना से निराश:व्यापारी पहुंचे कमिश्नर के दरबार

‘छात्रों की गूंज’ के बाद यूथ कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान:पास और व्यवस्थाओं को लेकर प्रदेश उपाध्यक्ष ने उठाए सवाल

25 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ तीन आरोपी गिरफ्तार:दूसरे शहर तक जुड़ी सप्लाई चेन

वकील से मारपीट मामले में एक्शन:थाना प्रभारी सहित 3 पुलिसकर्मी सस्पेंड; वकीलों ने रात 3 बजे तक किया प्रदर्शन

एक्सटेसी कांड:अब शहर के पार्टी ड्रग्स नेटवर्क की तलाश

प्रसिद्ध मंदिर के मुख्य द्वार पर साधु वेशधारियों का हंगामा:पुलिस से भी हुआ विवाद

जल जीवन मिशन के काम में गड़बड़ी का खुलासा:करोड़ों के भुगतान मामले में EOW का एक्शन; 3 इंजीनियर और ठेकेदार पर केस दर्ज

उद्योग और शैक्षणिक समूह के संस्थापक का निधन:95 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सांस

मृत्यु के तीन साल बाद भी ट्रेजरी अधिकारी की भ्रष्टाचार की सजा बरकरार:हाईकोर्ट ने खारिज की अपील

कलयुगी बेटे ने की मां की बेरहमी से हत्या:फावड़े से वार कर उतारा मौत के घाट

कोई मामला लंबित नहीं है:कोर्ट में केस चल रहा था; शपथ-पत्र देकर कहा

चाय की टपरी के पास मजदूर का शव मिला:सिर पर चोट के निशान; दोस्तों से पूछताछ

फिर नोट बोलेगा:डिजिटल का 66% नकदी में बदल सकता है

एशियन गेम्स में मीराबाई चानू ने रचा इतिहास:28 साल बाद भारत को दिलाया वेटलिफ्टिंग में मेडल; मनु भाकर चूकीं

नकद नारायण की जय-जय:इंदौर में आज नो यूपीआई-डे; कैश में होगा कारोबार

डॉक्टर के सुसाइड अटेम्प्ट मामले में सख्ती:रैगिंग और मानसिक उत्पीड़न के आरोपों पर मांगी 24 घंटे में रिपोर्ट

एयरपोर्ट कर्मचारी की बेरहमी से हत्या:9 टुकड़ों में मिला शव; दो बैग में भरकर कार में रखा था, पत्नी-बेटा लापता
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!