जालसाज कर गया पुलिसकर्मियों से उस्तादी: बड़ा सवाल आपराधिक प्रवृत्ति के गौरव जैन के आरोप कितने झूठे, कितने सच्चे
KHULASA FIRST
संवाददाता

स्वयं पर पांच गंभीर केस चेक बाउंस मामले में फरार गिरफ्तारी वारंटी भी है
खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
लसूड़िया थाने के एसआई संजय विश्नोई सहित पांच पुलिसकर्मियों पर 65 लाख का सोना लूट जैसा संगीन आरोप लगाने वाला गौरव जैन तो पुलिस अफसरों का भी उस्ताद निकला। ग्वालियर कोर्ट से जारी गिरफ्तारी वारंट की तामीली के लिए जब पुलिस उसके घर पहुंची और कार्रवाई की तो उसने घर पर लगे सीसीटीवी कैमरे की वही रिकॉर्डिंग अफसरों को दी, जिससे वह उन्हें गलत ठहरा सके।
हालांकि पुलिसकर्मियों ने भी कार्रवाई की विधिवत रिकॉर्डिंग कर पंचनामा बनाया था। इसके चलते वे पांच अपराधों से लदे, वारंट के मामले में फरार आदतन आरोपी गौरव जैन को झूठा साबित करने में सक्षम नजर आ रहे हैं। एसआई संजय विश्नोई का कहना है कि हम ईमानदार और निर्दोष हैं, ये एसीपी साहब की जांच में आसानी से साबित हो जाएगा।
उल्लेखनीय है दो दिन पहले एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें महालक्ष्मी नगर के हरिदर्शन अपार्टमेंट की पहली मंजिल पर रहने वाले गौरव पिता विमलकुमार जैन के घर उसकी गिरफ्तारी के लिए कुछ पुलिसकर्मी पहुंचे थे। गौरव ने सभी पर नकली चाबी से ताला खोलकर अंदर घुसने, कैमरा तोड़ने, घर में रखा 22.50 ग्राम सोना लूटने, मारपीट करने और रिश्वत लेने सहित अन्य आरोप लगाए थे।
डीसीपी जोन-2 कुमार प्रतीक को हुई लिखित शिकायत के बाद उन्होंने एसआई संजय विश्नोई, हेड कांस्टेबल राकेश शर्मा, प्रणित भदौरिया, रवींद्र कुशवाह, आरक्षक दिनेश गुर्जर और दीपेंद्र मिश्रा को निलंबित कर लाइन अटैच कर दिया था। एसीपी विजय नगर पराग सैनी को दो दिन में जांच रिपोर्ट देने के आदेश दिए थे। हालांकि इस कार्रवाई से पुलिसकर्मियों का मॉरल जरूर डाउन हुआ, लेकिन उन्होंने भी झूठे आरोपों का पुरजोर जवाब देने की ठान ली।
शाजापुर, झाबुआ और ग्वालियर कोर्ट से निकला है वारंट- लसूड़िया थाने में साल 2025 में दर्ज मामले में उसने रिटायर्ड सीएसपी राकेश गुप्ता को गालियां और धमकियां दी थीं। साल 2022 में उसके खिलाफ विवेक शर्मा ने लसूड़िया थाने में शिकायत की थी।
आरोप था कि गौरव ने हुंडई वेरना कार (एमपी 09 डब्ल्यूसी 6747) से पीछा कर उन्हें जानबूझकर टक्कर मारने की कोशिश की। इसके फुटेज भी उन्होंने पुलिस को दिए थे। इससे पहले नवंबर 2020 में भी उन्होंने गौरव जैन के खिलाफ उन्हें जान से मारने की धमकी देने की शिकायत की थी।
गौरव का शाजापुर, झाबुआ और जनवरी 2026 में ग्वालियर कोर्ट से वारंट निकला हुआ है। इस मामले में ही कोर्ट और ग्वालियर एसपी के आदेश पर उसकी गिरफ्तारी के लिए एसआई संजय विश्नोई अपनी टीम के साथ उसके घर पहुंचे थे।
पुलिस डोर बेल बजाएगी तो क्या बदमाश हत्थे चढ़ेगा?- इससे पहले भी पुलिसकर्मी झाबुआ कोर्ट के आदेश पर जब वारंट तामीली के लिए उसके घर जाते तो वह घर पर लगे सीसीटीवी कैमरे से पुलिसकर्मियों को देखकर छिप जाता और पत्नी से झूठ बुलवा देता था।
यहां तक कि पत्नी की ओर से झूठे केस में उलझाने की धमकी भी देता है। इसके चलते पुलिसकर्मियों ने इस मर्तबा कोई रिस्क नहीं लिया और रैकी के बाद (जैसा सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है।) दरवाजा तोड़कर घर में प्रवेश किया।
एसआई संजय विश्नोई और हेड कांस्टेबल रवींद्र कुशवाह ने खुलासा फर्स्ट को बताया कि सांच को आंच क्या की तर्ज पर वे हर जांच के लिए तैयार हैं। हम लोगों ने पूरी कार्रवाई की खुद वीडियो रिकॉर्डिंग की है।
पुलिस ऐसे झूठे और आपराधिक प्रवृत्ति के बदमाश के घर डोरबेल बजाकर जाएगी तो क्या वो आसानी से मिल जाएगा? गौरव जैन की गिरफ्तारी के लिए हमने पूरी तरह से कानूनी प्रक्रिया का पालन किया है।
बीएनएसएस की धारा 44 के तहत जरूरत पड़ने पर आरोपी की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए पुलिस को उसके घर की खिड़की और दरवाजे तोड़कर प्रवेश करने का अधिकार है।
हमने घर में ही बैठकर उसका गिरफ्तारी पंचनामा बनाया। इसके दो स्वतंत्र गवाह भी हैं। घटना के दौरान घर पर उसकी पत्नी नहीं थी।
इन थानों में दर्ज हैं गौरव के खिलाफ केस
सूत्रों से पता चला है कि शिकायतकर्ता गौरव जैन आपराधिक प्रवृत्ति का है। उस पर बाणगंगा थाने में (अपराध क्रमांक 819/2020) धारा 4ए सार्वजनिक जुआ एक्ट, संयोगितागंज थाने में (अपराध क्रमांक 272/2015) धारा 36(ख) आबकारी एक्ट, खजराना थाने में (अपराध क्रमांक 437/2016) धारा 13 सार्वजनिक जुआ एक्ट, लसूड़िया थाने में (अपराध क्रमांक 497/2022) धारा 34 आबकारी एक्ट और लसूड़िया थाने में ही (अपराध क्रमांक 541/2025) धारा 351(2), 351(3), 352 बीएनएस का केस दर्ज हुआ था।
संबंधित समाचार

वीडियो देखिये, कन्या भोज के बहाने बच्चियों को बुलाकर मारपीट का आरोप:कपड़े उतारकर पीटने की भी शिकायत; हंगामे के बाद बच्चों को छुड़ाया

दस दिन का अल्टिमेटम या अफसरों की ढिलाई पर पर्दा:जब नियम रोज एंट्री का है; तो अब तक निलंबन क्यों नहीं

वीडियो देखिये, टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस के 3 आरोपी मध्य प्रदेश से गुजरे:कोटा से 2 इनोवा में नॉनस्टॉप मुंबई ले गई पुलिस; नेपाल भागने की फिराक में थे

विजयादशमी पर नीले ड्रम वाली मुस्कान और प्रेमी साहिल के साथ कलियुगी शूर्पणखाओं का होगा दहन

सिर्फ पुतले का दहन क्यों:हर साल आश्विन शुक्ल दशमी पूछती है हमारे भीतर का सवाल

वीडियो देखिये, लिव-इन पार्टनर की मौत के मामले में मॉडल श्रद्धा दुबे नागपुर से गिरफ्तार:बहन और ड्राइवर भी पकड़े गए; 11 दिन से फरार थी. कारोबारी शिवा शर्मा की चौथी मंजिल से गिरकर हुई थी मौत

नवमी से शुरू हुआ था:आज भी सतत चल रहा महाभंडारा

फिरोज खान... जमीनों के खेल में खिलाड़ी या मोहरा:खुलासा फर्स की पड़ताल में नए नाम रविकांत का खुलासा

नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई:एमडी ड्रग्स के साथ आरोपी गिरफ्तार; लाखों का माल और कार जब्त

वीडियो देखिये, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का राहुल गांधी पर तंज:बोले- वे रहस्यमयी नेता; कब क्या करेंगे कोई नहीं जानता

दो बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत:2 युवकों की मौके पर मौत; 2 गंभीर घायल

वीडियो देखिये, बंगाली संस्कृति के रंग में रंगे नजर आए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय:नवरात्रि पर मां दुर्गा की आराधना के बीच धुनुची परंपरा में लिया हिस्सा

त्योहारों से पहले प्रशासन अलर्ट:मिलावटखोरों पर कसेगा शिकंजा; पटाखा दुकानों की भी होगी जांच, कलेक्टर के सख्त निर्देश

दीपावली पर्व के बाद ट्रेन चलाने की तैयारी:धार-सागौर खंड का बारीकी से निरीक्षण

श्रद्धालुओं का लोडिंग वाहन पेड़ से टकराया:सलकनपुर से लौट रहे थे; 20 से ज्यादा घायल

वीडियो देखिये, दशहरे पर रावण पूजन की अनूठी परंपरा:मंदोदरी से जुड़ी मान्यता है वजह; रावण को माना जाता है जमाई राजा, समाजजनों ने की पूजा-अर्चना

पहचान का खुलासा होते ही युवती ने खूब बरसाई चप्पलें:होटल पहुंचने से पहले पकड़ा गया जिहादी अनस

चाकू मारकर नाबालिग की हत्या:चार आरोपी गिरफ्तार; मुख्य आरोपी अब तक फरार

वीडियो देखिये, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लॉन्च किया ‘पुलिस सेतु ऐप’:अब लोकेशन के आधार पर मिलेगी संबंधित थाने और ड्यूटी अधिकारियों की जानकारी; इंदौर पुलिस को मिले 51 दोपहिया वाहन

वीडियो देखिये, कॉलोनी में पेड़ उखाड़ने को लेकर विवाद:पत्रकार ने पूर्व पार्षद और साथियों पर मारपीट के आरोप लगाए; राऊ थाने में शिकायत दर्ज कराने में परेशानी होने का दावा
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!