नदी में जा गिरी बस: अब तक गई इतने लोगों की जान; जानिये कैसे हुआ यह हादसा
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
बांग्लादेश के राजबाड़ी जिला में हुए दर्दनाक बस हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 25 हो गई है। यह हादसा उस समय हुआ जब यात्रियों से भरी बस दाउलतदिया घाट पर फेरी में चढ़ते वक्त पद्मा नदी में जा गिरी।
फायर सर्विस के अनुसार, 23 शव बस के भीतर से निकाले गए, जिनमें 11 महिलाएं, 7 पुरुष और 5 बच्चे शामिल हैं। हादसे के बाद 8 लोगों को जीवित बचाया गया था, लेकिन उनमें से 2 महिलाओं की बाद में अस्पताल में मौत हो गई। कुछ अन्य लोगों की तलाश अभी भी जारी है। बस में कुल लगभग 40 यात्री सवार थे। यह घटना बुधवार शाम को हुई थी, जब शुरुआती रिपोर्ट में केवल 2 मौतों की पुष्टि हुई थी।
बांग्लादेश में नदियों को पार करने के लिए वाहनों को फेरी के जरिए ले जाया जाता है, जो बड़े नाव या जहाज के रूप में होती है। हादसे के बाद तारिक रहमान ने रेस्क्यू ऑपरेशन की जानकारी ली और जांच के निर्देश दिए।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बस को फेरी पर चढ़ाते समय ड्राइवर का नियंत्रण अचानक छूट गया और कुछ ही सेकंड में बस नदी में गिर गई। हादसे के बाद कई यात्रियों ने तैरकर बाहर निकलने की कोशिश की।
रेस्क्यू अभियान में फायर सर्विस की चार टीमों और 10 गोताखोरों ने हिस्सा लिया। इस दौरान सेना, पुलिस, कोस्टगार्ड, BIWTC और स्थानीय प्रशासन ने मिलकर काम किया। कुल 25 मृतकों में से 22 शव फायर सर्विस ने निकाले, 2 लोगों को स्थानीय लोगों ने बाहर निकाला लेकिन बाद में उनकी मौत हो गई, जबकि एक शव नौसेना के गोताखोरों ने बरामद किया।
मृतकों में अधिकांश की पहचान कर ली गई है, जिनमें महिलाएं, पुरुष और छोटे बच्चे शामिल हैं। हादसे के बाद प्रशासन ने जांच के लिए पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया है।
इस समिति की अगुवाई एडिशनल डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट उचेन मेय कर रहे हैं। इसमें पुलिस, फायर सर्विस और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी शामिल हैं। कमेटी को तीन दिन के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।
करीब छह घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रेस्क्यू टीम ने ‘हमजा’ नामक जहाज की मदद से आधी रात को बस को नदी से बाहर निकाला। इसके बाद फायर सर्विस और कोस्टगार्ड के गोताखोर, सेना और पुलिस के सहयोग से लापता लोगों की तलाश में जुटे रहे।
अधिकारियों के अनुसार, बस ढाका जा रही थी। इसमें सवार कई यात्री ईद की छुट्टियां खत्म होने के बाद राजधानी लौट रहे थे, जिनमें बच्चे भी शामिल थे। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बस में कई लोग एक ही परिवार के थे। कुछ यात्री बस के बाहर खड़े होने की वजह से बच गए, जबकि उनके परिजन अंदर ही फंसे रह गए।
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