रातभर खुल सकेंगे रेस्टोरेंट और थिएटर: खत्म होंगे पुराने श्रम कानून; तीन शिफ्टों में रोजगार के अवसर होंगे उपलब्ध
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, भोपाल।
मध्य प्रदेश सरकार श्रम कानूनों में बड़ा बदलाव करने की तैयारी में है। राज्य में लागू छह पुराने श्रम कानूनों को समाप्त कर उनकी जगह एक नया एकीकृत (सिंगल) श्रम कानून लाया जाएगा। सरकार का दावा है कि इससे व्यापार करना आसान होगा, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और कर्मचारियों को भी अधिक अधिकार मिलेंगे।
क्या है सरकार की तैयारी?
राज्य सरकार केंद्र के चार लेबर कोड की तर्ज पर नया कानून तैयार कर रही है। प्रस्तावित व्यवस्था में वेतन, सामाजिक सुरक्षा, कार्यस्थल सुरक्षा और औद्योगिक संबंधों से जुड़े प्रावधानों को एक ही कानून के तहत शामिल किया जाएगा। इस उद्देश्य से गठित उच्च स्तरीय समिति नए कानून का मसौदा तैयार कर रही है।
प्रारूप लगभग तैयार
समिति की कई बैठकें हो चुकी हैं और प्रारूप लगभग तैयार बताया जा रहा है। नए कानून के लागू होने के बाद रेलवे स्टेशन परिसर समेत अन्य स्थानों पर संचालित रेस्टोरेंट, होटल, कैफे और थिएटरों को 24 घंटे संचालित करने की अनुमति मिल सकती है। वर्तमान में इनके संचालन के समय पर निर्धारित प्रतिबंध लागू हैं। सरकार का मानना है कि इससे रात्रिकालीन सेवाओं को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के अतिरिक्त अवसर सृजित होंगे।
कर्मचारियों को मिलेंगे नए अधिकार
प्रस्तावित कानून के तहत कर्मचारियों को अपनी साप्ताहिक छुट्टी चुनने की सुविधा मिल सकती है। साथ ही 24 घंटे संचालित होने वाले प्रतिष्ठानों में तीन शिफ्टों में रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। अधिकारियों के अनुसार नए कानून में कर्मचारी और नियोक्ता दोनों के हितों के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया गया है।
इंस्पेक्टर राज से राहत
सरकार व्यापारिक गतिविधियों को सरल बनाने पर भी जोर दे रही है। नए प्रावधानों के तहत नई दुकान या व्यावसायिक प्रतिष्ठान शुरू करने के लिए निरीक्षण आधारित प्रक्रिया को सरल किया जाएगा। आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद कारोबार शुरू करना आसान हो सकेगा।
ये 6 कानून होंगे समाप्त
नए सिंगल एक्ट के लागू होने के बाद मध्यप्रदेश इन्सॉल्वेंसी एक्ट-1946, मध्यप्रदेश शॉप्स एंड एस्टेब्लिशमेंट एक्ट-1958, मध्यप्रदेश औद्योगिक संबंध अधिनियम-1960, मध्यप्रदेश औद्योगिक रोजगार (स्थायी आदेश) अधिनियम-1961, मध्यप्रदेश श्रम कल्याण निधि अधिनियम-1982, मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण अधिनियम- 2003 कानून समाप्त हो जाएंगे।
क्यों अहम है यह बदलाव?
विशेषज्ञों का मानना है कि श्रम कानूनों के एकीकरण से प्रशासनिक प्रक्रियाएं सरल होंगी, निवेश को बढ़ावा मिलेगा और उद्योगों को संचालन में आसानी होगी। हालांकि कर्मचारी संगठनों की ओर से प्रस्तावित बदलावों पर विस्तृत चर्चा की मांग भी उठ सकती है। यदि यह कानून लागू होता है तो यह मध्य प्रदेश में श्रम और व्यापार व्यवस्था से जुड़ा सबसे बड़ा सुधार माना जाएगा।
संबंधित समाचार

भाई विपिन ने फिर उठाई सीबीआई जांच की मांग:राजा रघुवंशी हत्याकांड

छात्रा के आत्महत्या करने के बाद इलाके में तनाव:परिजनों ने शव रखकर किया चक्काजाम; पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप

मिराज सिनेमा वेलोसिटी में पेयजल को लेकर विवाद

कैट रोड से हवा बंगला तक पसरा अतिक्रमण:यातायात बाधित; शाम होते ही लग रही अवैध मांस-मछली की दुकानें, प्रशासन नहीं कर रहा सख्त कार्रवाई

एटीएस की बड़ी कार्रवाई:युवक हिरासत में; मोबाइल में मिली पाकिस्तानी से भेजी फाइल,मार्शल आर्ट ट्रेनिंग और संदिग्ध संपर्कों की जांच

पटेल ब्रिज पर निगम की लापरवाही का तांडवबेकाबू टैंकर ने रौंदे कई वाहन:ब्रेक फेल होने से मची तबाही; चालक फरार, खटारा वाहनों का हुआ खुलासा

विश्व प्रसिद्ध मंदिर में विवाद:सुरक्षाकर्मियों ने श्रद्धालुओं को पीटा; दोनों गार्ड निलंबित

दिग्विजय सिंह को पाकिस्तान का संविधान पसंद:अदालत की अवमानना का चले मुकदमा; महापौर भार्गव ने कांग्रेस नेता पर साधा निशाना

नियम पड़ा भारी:तीसरी संतान बनी नौकरी जाने की वजह : उप पंजीयक बर्खास्त; इतने साल की सरकारी सेवा एक आदेश में खत्म

न तारीख, न सुनवाई फैसला फटाफट:भाजपा के तीनों उम्मीदवार राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित

इस मंदिर में जल्द शुरू होगी भोजनशाला:इतने में मिलेगी पूरी थाली; श्रद्धालुओं और पर्यटकों को मिलेगी सस्ती और गुणवत्तापूर्ण सुविधा

तस्कर से 1.20 लाख की ब्राउन शुगर जब्त:सिंहासा आईटी पार्क क्षेत्र में घेराबंदी कर पकड़ा

पुलिस टीम पर पथराव:अतिक्रमण हटाने पहुंची थी; तीन घायल, मौके पर मची अफरा-तफरी

हाईकोर्ट से बड़ा झटका:जेल में बंद पूर्व परिवहन आरक्षक की अस्थायी जमानत याचिका भी खारिज

लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई:दो कर्मचारी रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार

क्रिप्टो ट्रेडर को अगवा कर वसूले 5 लाख:दो और आरोपी गिरफ्तार; क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर घर में घुसे

मांसाहार दुकानों को लेकर राजनीति तेज:हिंदूवादी संगठनों में नाराजगी; दुकानें बाहर हुईं तो मेयर का दूध से स्नान कराएंगे

30 लाख की लूट में खबर लीक करने वाला करीबी:एजेंट के पास इतनी नकदी होने की खबर बदमाशों तक कैसे पहुंची

कभी शिवराज के स्वागत में उमड़ती थी भीड़:अब डॉ. मोहन यादव के लिए होड़

क्या ब्रिक्स दे पाएगा कृषि-खाद्य सुरक्षा का नया मॉडल:इंदौर घोषणा-पत्र पर दुनिया की निगाह
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!