पहले पुराने पैसे दो तो काम करेंगे: नए काम के वर्कऑर्डर मिलते ही ठेकेदार अड़े
KHULASA FIRST
संवाददाता

नए विकास कार्य ठप होने से हो रही निगम की किरकिरी, निगम पर ठेकेदारों कीे 800 करोड़ देनदारी बाकी
खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
नगर निगम ने करोड़ों रुपए की विकास योजनाएं मंजूर कर टेंडर जारी कर दिए, ठेकेदारों से अनुबंध कर उन्हें वर्क ऑर्डर भी जारी कर दिए। वर्क ऑर्डर मिलते ही ठेकेदार अड़ गए और कह रहे हैं कि जब तक पुराना पैसा नहीं मिलेगा वह नया काम नहीं करेंगे। इससे निगम की किरकिरी होने लगी है। निगम अफसर ठेकेदारों से कहने लगे हैं कि काम तो करो पैसे भी मिलेंगे, लेकिन ठेकेदार नहीं मान रहे हैं।
इससे निगम की अधिकतर विकास योजनाएं ठंडे बस्ते में चली गई हैं। वहीं निगम ने भी ठेकेदारों के मंसूबों को ठेंगा दिखाकर बिना पैसे के काम कराने के लिए जनभागीदारी को बढ़ावा देना शुरू कर दिया है, जिससे शहर की सड़कें व चौराहे तो सुंदर बनाए जा सकें। देश के सबसे स्वच्छ शहर के निगम का खजाना खाली है।
निगम द्वारा कराए गए कार्यों के एवज में निगम ठेकेदारों को करीब 800 करोड़ रुपए का भुगतान किया जाना है, लेकिन निगम खजाना खाली होने से भुगतान अटका हुआ है। महीनों से ठेकेदार महापौर पुष्यमित्र भार्गव, निगमायुक्त क्षितिज सिंघल से गुहार लगा रहे हैं कि पुराने बिलों का भुगतान करा दो, लेकिन अब तक ठेकेदारों के भुगतान की कोई कार्ययोजना नहीं बनी है।
जबकि निगम के एक पुराने ठेकेदार पप्पू भाटिया निगम से भुगतान न होने के कारण जहर खाकर जान दे चुके हैं। इसके बाद भी निगम प्रबंधन ठेकेदारों के भुगतान में लापरवाह बना हुआ है। हालांकि महापौर ने पूर्व में घोषणा की थी कि निगम ठेकेदारों का भुगतान जल्द किया जाएगा, लेकिन वह घोषणा भी हवा हो गई।
जबकि महापौर परिषद लगातार शहर में विकास कार्यांे को मंजूरी देकर टेंडर जारी कराती रही। इसके चलते शहर में हजारों करोड़ के विकास कार्य के टेंडर ठेकेदारों को मिल गए। निगम अफसरों ने ठेकेदारों से अनुबंध कर उन्हें वर्क ऑर्डर भी जारी कर दिए।
नए कार्य के वर्क ऑर्डर मिलते ही जो ठेकेदार पैसे के लिए गिड़गिड़ा रहे थे उनके तेवर बदल गए और उन्होंने पुराने पैसे मांगने शुरू कर दिए। पुराने बिलों का भुगतान न होने से निगम द्वारा जारी किए गए वर्क ऑर्डर रद्दी साबित होने लगे हैं। कोई भी ठेकेदार नया काम कराने को तैयार नहीं है।
जोन के कार्य भी रुके
नगर निगम ने शहरभर में पानी और सीवरेज की पाइप लाइनें डलवा दीं। कई क्षेत्रों में पानी की निकासी के लिए अलग से पाइप लाइन डाली गई, लेकिन इसके बाद खोदी गई सड़कों पर गिट्टी डालकर छोड़ दिया गया। इससे शहरवासी परेशान हो रहे हैं। निगम रेस्टोरेशन कराने में भी असहाय साबित हो रहा है।
पार्षद व एमआईसी सदस्य रेस्टोरेशन की बात करते हैं तो टेंडर जारी कर वर्क ऑर्डर ठेकेदारों को सौंप दिया गया, लेकिन पुराने पैसे नहीं मिलने से ठेकेदार महज वही काम कर रहे हैं जिनका भुगतान निगम कर रहा है। इस वजह से पूरे शहर की कॉलोनियों की महीनों पूर्व खोदी गई सड़कें अब तक नहीं बन सकी हैं।
साख बचाने की जंग
महापौर पुष्यमित्र भार्गव और निगमायुक्त क्षितिज सिंघल अब इंदौर शहर की साख बचाने और निगम द्वारा कार्य किए जाने के लिए जनभागीदारी को बढ़ावा दे रहे हैं। इसके चलते शहर के चौराहे, सड़क, डिवाइडर, ग्रीन बेल्ट की व्यवस्था करने का जिम्मा शहर की संस्थाओं को सौंप दिया गया है, जिससे बाहर से आने वालों को शहर की सड़कें व चौराहे सुंदर दिखें अन्यथा ठेकेदारों के अड़े रहने से निगम की साख को दाग लगने लगा है। निगम का कोई ठेकेदार पुराने पैसे लिए बिना काम करने को तैयार नहीं है।
तमाम प्रयासों के बाद भी नहीं भर रहा खजाना
नगर निगम प्रबंधन पूरी ताकत राजस्व वसूली में लगा रहा है, लेकिन निगम के तमाम प्रयासों के बाद भी खजाना नहीं भर रहा है। इसके चलते पैसे की कमी के कारण महापौर केसरी प्रतियोगिता भी निरस्त कर दी गई। वहीं ठेकेदार पुराना भुगतान पाने के लिए हर दिन बड़ी संख्या में निगम के लेखा विभाग पहुंच रहे हैं, लेकिन खजाने में पैसे न होने से अफसर भी असहाय बने हुए हैं।
हालांकि लेखा विभाग के अफसरों की मंशा तो है कि वह भुगतान करे, लेकिन खजाने में पैसे न होने से वह ठेकेदारों का भुगतान नहीं कर पा रहे हैं। जबकि शासन से भी अब तक चुगी राशि सहित अन्य मदों की राशि का भुगतान नहीं किया गया है। इससे निगम का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया है।
संबंधित समाचार

ई-स्कूटी की बैटरी में विस्फोट से झुलसी छात्रा:इलाज के दौरान तोड़ा दम; मां अस्पताल में भर्ती

जलती चिता के साथ छेड़छाड़:मांस निकालकर खाने पर हुई FIR; अखाड़ा परिषद ने की थी कार्रवाई की मांग, किन्नर अघोरी हिरासत में

तीन तलाक का मामला:दूसरी महिला के साथ रह रहे पति ने पत्नी को दिया; शिकायत के बाद पुलिस ने किया गिरफ्तार

अफगानिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए टीम इंडिया का ऐलान:इन खिलाड़ियों को मिला मौका

अवैध शराब के अड्डों पर पुलिस का छापा:3 हजार लीटर महुआ लहान की नष्ट; 3 जगह मिली भट्टियां

एयरपोर्ट की लोहे की छत पर उठे सवाल:यात्री ने AI से सुझाए नए डिजाइन; एयरपोर्ट प्रबंधन बोला- सुझाव संबंधित टीम तक पहुंचाएंगे

दूध उत्पादक किसानों ने खोला मोर्चा:इतने रुपए लीटर की कर रहे मांग; कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

जहां 27 बच्चों की मौत:वहीं फिर बिगड़े हालात; 134 अस्पताल में भर्ती, एक बेड पर 3-4 का इलाज, उल्टी-दस्त, मलेरिया और बुखार के मरीज बढ़े

अवैध निर्माण पर निगम की कार्रवाई:शोरूम के दो अतिरिक्त फ्लोर तोड़े; नोटिस के बाद भी नहीं हटाया निर्माण

अंधविश्वास बना कछुआ तस्करों की कमाई का जरिया:चंबल से मुंबई तक फैला नेटवर्क; 10 हजार रुपए तक बेचते थे बदमाश

PNB की करेंसी चेस्ट में मिले 17 करोड़ के नकली नोट:जयपुर भेजी रकम में 4.30 लाख रुपए कम मिलने से खुलासा; 3 बैंक अधिकारी सस्पेंड

कॉलेज घेराव के दौरान NSUI-ABVP कार्यकर्ता भिड़े:झड़प में 4 महिला पुलिसकर्मी घायल; कैंपस में बढ़ाई गई सुरक्षा

रक्षाबंधन पर सुरक्षा में जुटी शक्ति मोबाइल टीमों का सम्मान:कमिश्नर ने पुलिसकर्मियों को दिए प्रशस्ति पत्र और नगद पुरस्कार

सीएम मोहन यादव ने मेधावी विद्यार्थियों के खातों में ट्रांसफर किए इतने करोड़:यूनिफॉर्म-किताबों के बाद अब लैपटॉप; जल्द मिलेगी स्कूटी

मुख्यमंत्री के सलाहकार बनाए गए रिटायर्ड IPS:रिटायरमेंट के अगले ही दिन मिली बड़ी जिम्मेदारी; दिल्ली में होगी तैनाती

शिक्षा विभाग का लेखापाल निलंबित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस:सीएम हेल्प लाइन और जनसुनवाई के लंबित मामलों का समयबद्ध समाधान करने के सख्त निर्देश

सफर के बीच कन्फर्म टिकट कैंसिल:चार में से दो टिकट अचानक रद्द होने का दावा; आरक्षित बर्थ पर बिना रिजर्वेशन यात्रियों के बैठने का भी आरोप

राहुल गांधी पर एफआईआर और खड़गे के अपमान पर भड़की कांग्रेस:प्रदर्शन के दौरान रीना बौरासी सेतिया ने जलाई मनु स्मृति

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला:आंदोलन से जुड़ी सभी FIR की रद्द; अब CJP नहीं करेगी मार्च

बार-बार दिए नोटिस दरकिनार करने पर चला नगर निगम का बुलडोजर:नेताजी सुभाष मार्ग पर तानी गई दो मंजिला अवैध इमारत पर कार्रवाई; पुलिस बल की मौजूदगी में हटाया गया निर्माण
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!