चर्चित ऐतिहासिक स्थल मामले में आज से रोज सुनवाई: जानिये किन मुद्दों पर होगी बहस; अब न्यायिक प्रक्रिया का अहम चरण
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
धार स्थित भोजशाला विवाद एक बार फिर न्यायिक प्रक्रिया के अहम चरण में पहुंच गया है। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर बेंच में आज से इस मामले की नियमित सुनवाई शुरू हो रही है, जहां भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) की रिपोर्ट, साइट की वीडियोग्राफी और पक्षकारों द्वारा उठाई गई आपत्तियों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। यह सुनवाई मामले के अंतिम निर्णय की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
रोजाना सुनवाई की शुरुआत, सभी याचिकाएं एक साथ सुनी जाएंगी
सोमवार, 6 अप्रैल से हाई कोर्ट की इंदौर बेंच में इस संवेदनशील मामले की दैनिक सुनवाई शुरू हो गई है। जस्टिस विजय कुमार शुक्ला और जस्टिस आलोक अवस्थी की खंडपीठ दोपहर 2:30 बजे से सभी संबंधित याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई कर रही है। आज के लिए यह मामला 41वें नंबर पर सूचीबद्ध किया गया है।
पहले सुने जाएंगे याचिकाकर्ता के तर्क
पिछली सुनवाई में कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया था कि सुनवाई की प्रक्रिया चरणबद्ध होगी। पहले याचिकाकर्ताओं के तर्क सुने जाएंगे, उसके बाद आपत्ति दर्ज कराने वाले पक्षों को अपनी दलील रखने का अवसर मिलेगा।
पक्षकारों की ओर से वरिष्ठ वकीलों की मौजूदगी
सुनवाई के दौरान विभिन्न पक्षों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अपनी-अपनी दलीलें रख रहे हैं। हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस की ओर से विष्णु शंकर जैन और विनय जोशी उपस्थित हैं, जबकि मौलाना कमालुद्दीन वेलफेयर सोसायटी की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता सलमान खुर्शीद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अपनी बात रख रहे हैं। आज भी इन्हीं वकीलों द्वारा बहस जारी रहने की संभावना है।
सुप्रीम कोर्ट का रुख: अंतिम निर्णय हाई कोर्ट करेगा
इससे पहले, सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में महत्वपूर्ण आदेश देते हुए स्पष्ट किया था कि अंतिम निर्णय अब हाई कोर्ट ही करेगा। शीर्ष अदालत ने कहा था कि ASI की सर्वे रिपोर्ट, साइट की वीडियोग्राफी और सभी पक्षों की आपत्तियों पर विस्तृत विचार हाई कोर्ट में अंतिम सुनवाई के दौरान किया जाएगा।
सभी पक्षों को उपलब्ध करवाई रिपोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने यह भी सुनिश्चित किया था कि सभी पक्षों को ASI रिपोर्ट उपलब्ध कराई जा चुकी है और जिन पक्षों ने आपत्तियां दर्ज की हैं, उनकी दलीलों को भी गंभीरता से सुना जाएगा। यदि वीडियोग्राफी के आधार पर कोई नई आपत्तियां सामने आती हैं, तो उन्हें भी न्यायालय में शामिल किया जाएगा।
यह निर्देश भी बरकरार
साथ ही, कोर्ट ने यह निर्देश भी बरकरार रखा कि भोजशाला परिसर के मौजूदा स्वरूप में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा और 7 अप्रैल 2003 के ASI आदेश का पालन यथावत जारी रहेगा।
ASI सर्वे रिपोर्ट में ऐतिहासिक पहलुओं का उल्लेख
हाई कोर्ट में प्रस्तुत ASI की सर्वेक्षण रिपोर्ट में भोजशाला परिसर के ऐतिहासिक और स्थापत्य महत्व से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, यह परिसर 10वीं से 13वीं शताब्दी के दौरान राजा भोज और राजा अर्जुन वर्मन के समय में विकसित हुआ था, जिसके प्रमाण शिलालेखों और संरचनात्मक अवशेषों में मिले हैं।
परिसर में कुल 106 स्तंभ मौजूद
रिपोर्ट में बताया गया है कि परिसर में कुल 106 स्तंभ मौजूद हैं, जिन पर विविध प्रकार की नक्काशी और डिजाइन देखने को मिलती है। इसके अलावा 32 शिलालेख भी पाए गए हैं, जिनमें उस कालखंड की साहित्यिक और सांस्कृतिक झलक मिलती है। इनमें ‘पारिजलमंजरी नाटिका’ और ‘विजयश्री’ जैसे नाटकों के अंशों का उल्लेख भी शामिल है।
मध्यकालीन इतिहास के संकेत भी दर्ज
कुछ शिलालेखों में 14वीं शताब्दी के दौरान मालवा क्षेत्र में मुस्लिम शासन के आगमन का भी उल्लेख मिलता है। ऐतिहासिक संदर्भों के अनुसार, 1389 ईस्वी में दिलावर खान को दिल्ली से मालवा का राज्यपाल नियुक्त किया गया था, जिसने बाद में धार को अपनी राजधानी बनाकर स्वतंत्र शासन स्थापित किया।
आगे की सुनवाई में अहम बहस की संभावना
ASI रिपोर्ट में दर्ज इन ऐतिहासिक तथ्यों को लेकर अब कानूनी और ऐतिहासिक दोनों दृष्टिकोणों से गहन बहस होने की संभावना है। सभी पक्ष अपनी-अपनी दलीलों के माध्यम से इन तथ्यों की व्याख्या करेंगे, जिससे इस लंबे समय से चले आ रहे विवाद के समाधान की दिशा तय हो सकती है।
संबंधित समाचार

आधी रात को पीएम मोदी का बड़ा संदेश:बोले- पेपर लीक पर अब और होगी सख्ती; शुक्रवार की कैबिनेट बैठक में होंगे बड़े फैसले

प्रधानमंत्री मोदी के ऐलान पर बड़ा एक्शन:पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट में स्पेशल जज नियुक्त; दोषियों पर होगी त्वरित कार्रवाई

नीट विवाद पर बन सकती है सहमति:सरकार से बातचीत को तैयार हुई सीजेपी; आज मंत्रियों से होगी अहम बैठक

छात्र आंदोलन के बीच केंद्र सरकार का बड़ा प्रशासनिक फैसला:उच्च शिक्षा सचिव विनीत जोशी हटाए गए; नरेश पाल गंगवार को मिली जिम्मेदारी

पुलिस में बंपर भर्ती:इतने पदों को मिली मंजूरी; जल्द होगी भर्ती प्रक्रिया शुरू

उपचुनाव में भाजपा ने झोंकी पूरी ताकत:छह मंत्री डटे; 25 जुलाई से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव संभालेंगे मोर्चा

कुबेरेश्वरधाम में उमड़ा आस्था का महासैलाब:कथा शुरू होने से पहले ही पंडाल हाउसफुल, लाखों श्रद्धालु पहुंचे

तीन सगी बहनों ने एक ही युवक से की शादी:वायरल वीडियो पर आया नया मोड़; बोले- 'यह रील नहीं, हकीकत है'

जिला अस्पताल में बड़ा खेल:सलाइन की जगह मिनरल वाटर की ड्रिप चढ़ाई, सीएमएचओ ने कलेक्टर को सौंपी जांच रिपोर्ट

70 करोड़ के एमडी ड्रग्स रैकेट पर ईडी की बड़ी कार्रवाई:मनी लॉन्ड्रिंग मामले में तीन आरोपी गिरफ्तार

देखिये वीडियो, ओंकारेश्वर मंदिर में हंगामा:गर्भगृह में श्रद्धालुओं से बदसलूकी और मारपीट का आरोप

पेपर लीक के विरोध में राहुल गांधी का मार्च:विपक्षी दलों संग गांधी स्मृति तक निकाली पदयात्रा; छात्रों पर लाठीचार्ज के खिलाफ जताया विरोध

एयरपोर्ट पर 20 मिनट की 'सियासी गुफ्तगू':सीएम मोहन से दिग्विजय की कानाफूसी; बोले- 'तुलसी का टिकट कटेगा'

15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने रचा इतिहास:टी-20 के सबसे युवा हाफ सेंचुरियन बने; भारत ने जिम्बाब्वे को 7 विकेट से हराया

समस्याओं को प्रखरता से उठाता है खुलासा फर्स्ट

मन्नत से लौट रहे परिवार पर हमला:साइड देने को कहा तो भड़के कार सवार; भाजपा नेता के रिश्तेदारों पर एफआईआर, फॉर्च्यूनर जब्त

शहीद जवान, अक्षुण्ण आस्था अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा में सेंध:आतंकी साया ड्यूटी पर तैनात J&K पुलिसकर्मी की गोली मारकर हत्या, विदेशी TRF आतंकी पर शक...

राहुल के 'सड़क से संसद' वाले आक्रामक तेवरों के क्या निहितार्थ:छात्र असंतोष का राजनीतिकरण, अवसर का लाभ, हाईजैक का खतरा या व्यवस्था परिवर्तन की छटपटाहट

लड़कों को रात 10 बजे तक एंट्री, हमें 8 बजे क्यों:गर्ल्स हॉस्टल की छात्राओं ने सीएम हेल्पलाइन पर की भेदभाव की शिकायत

कनक स्मार्ट सिटी के भ्रष्ट कॉलोनाइजर ने पार्षद से मिलकर तुड़वा दी 40 दुकानें:एक दिन पूर्व रात्रि में नोटिस दिया, अगले दिन कार्रवाई
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!