खबर
Top News

मुख्यमंत्री का स्पष्ट संदेश: लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं; सवा दो साल में 18 आईएएस-आईपीएस पर कार्रवाई

KHULASA FIRST

संवाददाता

23 मार्च 2026, 12:35 pm
153 views
शेयर करें:
मुख्यमंत्री का स्पष्ट संदेश

खुलासा फर्स्ट, भोपाल।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक बार फिर प्रशासनिक सख्ती दिखाते हुए गुना के एसपी अंकित सोनी और सीधी कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी को पद से हटा दिया है। यह कार्रवाई साफ संकेत है कि सरकार अब लापरवाही या विवादित कार्यप्रणाली पर किसी भी स्तर पर नरमी के मूड में नहीं है।

मुख्यमंत्री ने अपनाया सख्त रवैया
13 दिसंबर 2023 को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद से ही डॉ. यादव ने सख्त प्रशासनिक रुख अपनाया है। करीब सवा दो साल के कार्यकाल में अब तक 10 आईएएस और 8 आईपीएस अधिकारियों पर कार्रवाई हो चुकी है। इनमें कई मामलों में सीधे कलेक्टर और एसपी स्तर के अफसरों को हटाया गया।

ताजा कार्रवाई क्यों हुई
गुना में एक करोड़ रुपए की संदिग्ध नकदी जब्ती के बाद कथित तौर पर 20 लाख लेकर छोड़ने के मामले में कार्रवाई न करने पर एसपी अंकित सोनी को हटाया गया। वहीं सीधी कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी पर दफ्तर में नियमित रूप से मौजूद न रहने और लंबित शिकायतों को लेकर कार्रवाई हुई।

बड़े मामलों में भी दिखी सख्ती
सरकार ने पिछले दो वर्षों में कई गंभीर घटनाओं में जिम्मेदार अधिकारियों पर तुरंत कार्रवाई की। इंदौर में दूषित पानी से 23 मौतों के बाद निगमायुक्त और अपर आयुक्त हटाए गए। हरदा पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट (13 मौत) के बाद एसपी और कलेक्टर बदले गए। सागर में दीवार गिरने से 9 बच्चों की मौत पर कलेक्टर, एसपी और एसडीएम हटे। मऊगंज हत्याकांड के बाद कलेक्टर-एसपी बदले गए। सिवनी में गोवंश हत्या कांड के बाद कलेक्टर-एसपी हटाए गए। गुना बस अग्निकांड (13 मौत) के बाद कलेक्टर, एसपी और परिवहन आयुक्त पर गाज गिरी। इसके अलावा शाजापुर कलेक्टर को ‘औकात’ वाले विवादित बयान और कटनी एसपी को व्यक्तिगत विवाद के चलते हटाया गया था।

रिश्वत और लापरवाही पर जीरो टॉलरेंस
अशोकनगर में आनंदपुर साहिब ट्रस्ट से जुड़े रिश्वत प्रकरण में भी कलेक्टर को हटाया गया था। इसी तरह कई मामलों में प्रशासनिक लापरवाही, कानून-व्यवस्था में चूक और जनहित की अनदेखी पर सीधे कार्रवाई की गई।

स्पष्ट संदेश
लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से साफ है कि मुख्यमंत्री मोहन यादव प्रशासनिक जवाबदेही को लेकर सख्त रुख में हैं। सरकार का फोकस स्पष्ट है—किसी भी तरह की लापरवाही या विवाद पर तत्काल और सख्त कार्रवाई।

संबंधित समाचार

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!