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वीडियो देखिये, पेट्रोल पंप फायरिंग हत्याकांड का खुलासा: इतने आरोपी गिरफ्तार; किस बात का बदला लेने किया था ऐसा, वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल भी जब्त

KHULASA FIRST

संवाददाता

28 मई 2026, 12:03 pm
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खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
लसूडिया थाना क्षेत्र स्थित गुलाब बाग पेट्रोल पंप के सामने 21 मई 2026 को हुई सनसनीखेज फायरिंग और हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने घटना को अंजाम देने वाले दो आरोपियों समेत उन्हें संरक्षण देने वाले तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली गई है।

जांच में हुआ यह खुलासा
पुलिस जांच में खुलास हुआ है कि आरोपी गुलशन यादव ने अपने भाई विष्णु यादव की हत्या का बदला लेने के लिए अपने साथियों के साथ मिलकर अभितेन्द्र उर्फ अभि तोमर की हत्या की थी।

पेट्रोल पंप पर की गई थी ताबड़तोड़ फायरिंग
लसूडिया थाना पुलिस के अनुसार फरियादी अमन राजावत ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 21 मई की रात वह अपने दोस्तों अंकित भदौरिया और उद्दभव त्रिपाठी के साथ स्कीम नंबर-114 स्थित गुलाब बाग पेट्रोल पंप के पास कार में बैठा था। इसी दौरान उसका दोस्त अभितेन्द्र उर्फ अभि तोमर अपनी आई-20 कार से वहां पहुंचा और बातचीत करने लगा।

जान से मारने की नीयत से फायरिंग
तभी बाइक पर सवार होकर आए आरोपी गुलशन यादव और डीलू उर्फ चंद्रकांत लहरिया ने अभि तोमर पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद स्प्लेंडर बाइक पर आए अन्य आरोपियों ने भी गोलीबारी की। गंभीर रूप से घायल अभि तोमर को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना में अमन राजावत भी छर्रे लगने से घायल हुआ।

बदला लेने के लिए बनाई थी हत्या की साजिश
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि नवंबर 2024 में भिंड में अभि तोमर और गुलशन यादव के परिवार के बीच विवाद हुआ था। इसी रंजिश के चलते आरोपी बदला लेने की योजना बना रहे थे।

पुलिस के मुताबिक घटना से पहले आरोपी बॉम्बे हॉस्पिटल के पास स्थित व्हाइट पर्ल होटल में रुके थे, जहां हत्या की साजिश रची गई। इसके बाद पांचों आरोपी अभि तोमर की तलाश करते हुए गुलाब बाग पेट्रोल पंप पहुंचे और उसे घेरकर फायरिंग कर दी।

पांच आरोपी गिरफ्तार, मुख्य आरोपी फरार
तकनीकी जांच, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी पीयूष कुमार गुर्जर और सत्यवीर उर्फ सत्ते जाटव को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया।

आरोपियों के बयान के आधार पर पुलिस ने संरक्षण देने के आरोप में गौरव संजू मौर्य, नरेश चौरसिया और भानु सिंह गुर्जर को भी गिरफ्तार कर लिया।

हालांकि मुख्य आरोपी गुलशन यादव, डीलू उर्फ चंद्रकांत लहरिया और गौरव जाटव अभी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। पुलिस ने फरार आरोपियों पर 10-10 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया है।


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