खबर
Top News

तिकोना बगीचा घोटाला: जमीन लुटी, अधिकारी देखते रहे तमाशा

Khulasa First

KHULASA FIRST

संवाददाता

20 मई 2026, 7:14 pm
शेयर करें:
तिकोना बगीचा घोटाला

निगम, राजस्व और पुलिस की मिलीभगत से शासकीय बगीचे पर कब्जा, फर्जी दस्तावेजों के दम पर खड़ी कर दी दुकानों की लाइन

अंकित शाह 99264-99912 खुलासा फर्स्ट…इंदौर
छत्रीबाग राजस्व ग्राम कॉलोनी स्थित ‘तिकोना बगीचा’ अब बगीचा कम और सरकारी जमीन पर कब्जे, भ्रष्टाचार और प्रशासनिक संरक्षण का जीवंत प्रतीक ज्यादा नजर आने लगा है।

नगर निगम के आधिपत्य वाली इस शासकीय भूमि को कथित भूमाफियाओं और निजी व्यक्तियों के हवाले कर दिया गया, जहां पहले छह दुकानों और एक ऑफिस का निर्माण किया गया और अब बची हुई जमीन पर भी छोटे-छोटे दुकानों का निर्माण तेजी से जारी है।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर सरकारी जमीन पर यह सब खुलेआम होता रहा और जिम्मेदार अधिकारी वर्षों तक आंखें बंद कर बैठे रहे।

कब्जाधारियों को न्यायालय में पक्ष रखने का अवसर दिया: मामले में पहले भी कलेक्टर कार्यालय और नगर निगम में कई शिकायतें की गईं, लेकिन कार्रवाई करने के बजाय कब्जाधारियों को न्यायालय में पक्ष रखने का अवसर दिया जाता रहा।

सरकारी अधिकारियों द्वारा समय पर जवाब प्रस्तुत नहीं किए जाने के कारण मामला वर्षों तक लटका रहा और इसी दौरान धीरे-धीरे पूरे बगीचे पर अवैध निर्माण खड़ा कर दिया गया।

शिकायतकर्ता दौड़ते रहे, अधिकारी बदलते रहे और भूमाफिया कब्जा करते रहे

सरकारी बगीचे की जमीन को बचाने की जिम्मेदारी एसडीएम, तहसीलदार, पटवारी, अपर आयुक्त, भवन अधिकारी और भवन निरीक्षकों की थी, लेकिन इन अधिकारियों ने कार्रवाई करने के बजाय शिकायतकर्ताओं को विभागों के चक्कर कटवाने का काम किया।

22 वर्षों में अधिकारी बदलते रहे, शिकायतें पुरानी होती गईं और दूसरी तरफ कब्जाधारियों ने कथित रूप से फर्जी दस्तावेज तैयार कर वैध अनुमति हासिल कर ली। इन्हीं फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अवैध निर्माण की नींव रखी गई, जो आज भी सीना तानकर खड़ा है। आरोप है कि इस सरकारी जमीन का क्रय-विक्रय कर लाखों नहीं बल्कि करोड़ों रुपए का अवैध कारोबार किया गया।

नौकरशाहों के संरक्षण में बढ़े कब्जाधारियों के हौसले
अब कब्जाधारियों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि सरकारी बगीचे की शेष भूमि पर भी कब्जा कर निर्माण किया जा रहा है। नगर निगम के अधिकारियों को वर्षों से मालूम था कि संबंधित खसरा नंबर राजस्व रिकॉर्ड में शासकीय भूमि के रूप में दर्ज है, इसके बावजूद कथित मिलीभगत और भ्रष्टाचार के चलते वर्ष 2025 में भवन निर्माण अनुमति जारी कर दी गई।

6 मई 2026 को मामले का खुलासा होने के बाद भ्रष्ट अधिकारियों ने भवन अनुज्ञा अनुमति क्रमांक PMT/IND/0152/3107/2025 दिनांक 14 अगस्त 2025 को म.प्र. भूमि विकास नियम 2012 के नियम 25 के तहत प्रतिसंहित कर दिया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।

इसके बाद भी प्रतिदिन जिला प्रशासन और नगर निगम अधिकारियों को मौके पर जारी अवैध निर्माण की जानकारी और सबूत दिए जाते रहे, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ पत्राचार चलता रहा और निर्माण कार्य लगातार जारी रहा।

राजनीतिक संरक्षण: प्रशासन बौना
शहर में चर्चा है कि भूमाफियाओं की राजनीतिक पकड़ इतनी मजबूत है कि कलेक्टर, निगम कमिश्नर, तहसीलदार, पटवारी, भवन अधिकारी और थाना प्रभारी तक प्रभावी कार्रवाई करने की स्थिति में नजर नहीं आते। यही कारण है कि सरकारी जमीनों पर कब्जे का खेल लगातार बढ़ता जा रहा है।

प्रदेश के नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय भूमाफियाओं पर नकेल कसने की बात जरूर करते हैं, लेकिन सवाल यह है कि यदि उनके गृह क्षेत्र इंदौर में ही सरकारी जमीनें सुरक्षित नहीं हैं तो बाकी प्रदेश का क्या हाल होगा।

नोटिस जारी, लेकिन क्या सच में चलेगा बुलडोजर?
लाल बहादुर शास्त्री (राजमोहल्ला) जोन क्रमांक-02 भवन अनुज्ञा शाखा द्वारा 15 दिवस का नोटिस जारी कर अवैध निर्माण हटाने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें चेतावनी दी गई है कि निर्धारित अवधि में स्वयं निर्माण नहीं हटाने पर नगर पालिक निगम अधिनियम 1966 एवं भूमि विकास नियम 2012 के तहत निर्माण सील अथवा हटाने की कार्रवाई की जाएगी।

यह समय सीमा 21 मई 2026 को समाप्त हो रही है। अब पूरे शहर की नजर इस बात पर टिकी है कि क्या नगर निगम वास्तव में बुलडोजर चलाकर कार्रवाई करेगा या फिर यह नोटिस भी बाकी फाइलों की तरह कागजों में दफन हो जाएगा।

अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) मल्हारगंज, इंदौर के पत्र क्रमांक 167/रीडर/मल्हारगंज/2026 दिनांक 29 अप्रैल 2026 में साफ उल्लेख किया गया है कि परमजीत कौर लौंगिया द्वारा कस्बा इंदौर पार्ट मल्हारगंज की भूमि सर्वे नंबर 911 रकबा 0.6110 हेक्टेयर मद शासकीय भूमि पर लगभग 30×40 यानी 1200 वर्गफीट क्षेत्र में निर्माण कार्य किया जा रहा है।

सीमांकन रिपोर्ट में यह भी स्पष्ट हुआ कि निर्माण ‘तिकोना बगीचा’ की शासकीय भूमि खसरा क्रमांक 911 रकबा 0.038 हेक्टेयर तथा खसरा क्रमांक 912 रकबा 0.056 हेक्टेयर पर किया गया है।

फर्जी दस्तावेजों के दम पर सरकारी जमीन को बना दिया निजी संपत्ति
पूरे मामले में सबसे गंभीर आरोप यह है कि भूमाफियाओं ने शासकीय उद्यान की जमीन पर कब्जा करने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए और उन्हीं के आधार पर भवन अनुज्ञा अनुमति हासिल की गई। यह दस्तावेज आज भी सरकारी कार्यालयों में जमा हैं, जो एक बड़े फर्जी दस्तावेज गिरोह का पर्दाफाश कर सकते हैं।

आरोप है कि इसी तरह के फर्जी दस्तावेजों के दम पर कई अन्य सरकारी जमीनों को भी निजी साबित कर दिया गया। इसका बड़ा उदाहरण केसर बाग रोड स्थित महादेव मंदिर की जमीन का मामला है, जहां कथित रूप से कलेक्टर के नाम दर्ज शासकीय भूमि को निजी घोषित कर अवैध कॉलोनियां विकसित कंेर दी गईं और करोड़ों रुपए का कारोबार किया गया।

दोनों मामलों में सरकारी जमीन हथियाने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार करने का आरोप राजेंद्र भुसारी पर लगाया गया है।

संबंधित समाचार

मंदिर शिफ्टिंग के विरोध में प्रदर्शन
Top News

मंदिर शिफ्टिंग के विरोध में प्रदर्शन:विहिप-बजरंग दल ने किया चक्काजाम; प्रशासन के आश्वासन पर आंदोलन खत्म

9 minutes ago
व्यापारियों का महामंथन
Top News

व्यापारियों का महामंथन:स्वदेशी उत्पाद; डिजिटल कारोबार और ग्लोबल मार्केट पर चर्चा

31 minutes ago
आतंकियों का नया डिजिटल जाल
Top News

आतंकियों का नया डिजिटल जाल:पोर्न-डेटिंग साइट्स के चैट फीचर से भेज रहे सीक्रेट मैसेज; सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

about 1 hour ago
स्नान के दौरान श्रद्धालु की डूबने से मौत
Top News

स्नान के दौरान श्रद्धालु की डूबने से मौत:उत्तराखंड के 45 वर्षीय व्यक्ति ने तोड़ा दम; परिजन ने अस्पताल की सुविधाओं पर उठाए सवाल

about 1 hour ago
मटकी पर निशाना और बंदूकों से फायरिंग
Top News

मटकी पर निशाना और बंदूकों से फायरिंग:तालाब किनारे जुटी हथियारबंद भीड़; पुलिस जांच में जुटी

about 1 hour ago
सूनी कॉलोनी में घुसे बदमाश
Top News

सूनी कॉलोनी में घुसे बदमाश:दो घरों को बनाया निशाना; रहवासी जागे तो पत्थर फेंककर भागे, एफआईआर दर्ज

about 1 hour ago
दूषित पानी, भू-माफिया और रोजगार पर सरकार को घेरा
Top News

दूषित पानी, भू-माफिया और रोजगार पर सरकार को घेरा:नेता प्रतिपक्ष ने की जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग

about 2 hours ago
तेज रफ्तार ट्रक ने दर्जनभर गोवंश को मारी टक्कर
Top News

तेज रफ्तार ट्रक ने दर्जनभर गोवंश को मारी टक्कर:5 की मौत; कई घायल; गुस्साए ग्रामीणों ने हाईवे किया जाम

about 2 hours ago
फोटो कॉपी सेंटर में चल रहा था फर्जी प्रमाण पत्र का खेल
Top News

फोटो कॉपी सेंटर में चल रहा था फर्जी प्रमाण पत्र का खेल:नकली सील के साथ संचालक गिरफ्तार; लैपटॉप में मिले 27 दस्तावेज

about 2 hours ago
10 दिन भूखे रहे, अब खून से लिखी गुहार
Top News

10 दिन भूखे रहे, अब खून से लिखी गुहार:वर्ग-2 और वर्ग-3 अभ्यर्थियों का सरकार के खिलाफ प्रदर्शन; मुख्यमंत्री से कहा- पद बढ़ाइए

about 2 hours ago
बैग, मोबाइल और ड्रोन मिले
Top News

बैग, मोबाइल और ड्रोन मिले:अद्वैत नहीं; 22 दिन बाद भी शिवगंगे पहाड़ियों में लापता इंजीनियर का सुराग नहीं

about 2 hours ago
बिजली चोरी के माल का बड़ा खुलासा
Top News

बिजली चोरी के माल का बड़ा खुलासा:कई लीटर बिजली तेल और दो क्विंटल एल्युमिनियम के तार बरामद; तीन आरोपी गिरफ्तार

about 2 hours ago
तीन बहनों की मौत का रहस्य गहराया
Top News

तीन बहनों की मौत का रहस्य गहराया:पानी-खाने के सैंपल FSL भेजे; डॉक्टर से भी होगी पूछताछ, बिसरा रिपोर्ट का इंतजार

about 2 hours ago
‘रामराजा आपको CM बना दें…’
Top News

‘रामराजा आपको CM बना दें…’:पूर्व मंत्री के बयान से सियासी हलचल; मंत्री मुस्कुराकर आगे बढ़ीं

about 2 hours ago
रिश्ते का भाई ही निकला दरिंदा
Top News

रिश्ते का भाई ही निकला दरिंदा:12 साल की बच्ची से रेप; पॉक्सो एक्ट में आरोपी गिरफ्तार

about 2 hours ago
खजराना में चोक हुई ड्रेनेज घरों में भरा सीवेज का पानी
Indore

खजराना में चोक हुई ड्रेनेज घरों में भरा सीवेज का पानी:रहवासियों ने खुद ही फावड़ा-डंडा उठाकर साफ की लाइन

about 3 hours ago
रक्षाबंधन मनाने गए ठेकेदार के घर लाखों की चोरी
Top News

रक्षाबंधन मनाने गए ठेकेदार के घर लाखों की चोरी:सोने-चांदी के जेवर, कैश सहित 60 लाख का माल ले गए बदमाश

about 3 hours ago
पशु शवदाह गृह तैयार
Top News

पशु शवदाह गृह तैयार:अब मृत पशुओं का होगा वैज्ञानिक तरीके से अंतिम संस्कार

about 3 hours ago
मंत्री-विधायक के इलाके में रहवासी परेशान
Top News

मंत्री-विधायक के इलाके में रहवासी परेशान:निगम अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप, बिना जांच शिकायतें बंद करने का दावा; एसडीएम और पुलिस से कार्रवाई की मांग

about 3 hours ago
आवासीय मकान तय सीमा बीत जाने के बाद भी अधूरे
Top News

आवासीय मकान तय सीमा बीत जाने के बाद भी अधूरे:प्रधानमंत्री आवास योजना में बड़ा खेल

about 3 hours ago

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!