तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर का कहर: खाटूश्याम मंदिर सेवा समिति की कार ने युवक को रौंदा; हुई मौत, वाहन से मिली शराब की बोतलें
KHULASA FIRST
संवाददाता
खुलासा फर्स्ट, अजमेर।
सोमवार रात एक तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर कार ने सड़क पर जमकर कहर बरपाया। पुष्कर से अजमेर आ रही कार ने एक के बाद एक तीन बाइकों को टक्कर मार दी। हादसे में पांच युवक घायल हुए, जिनमें एक की मौत हो गई।
बाइक सवारों को काफी दूर तक घसीटा
जानकारी के अनुसार, हादसा रात करीब 9:45 बजे पुष्कर घाटी क्षेत्र में हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कार टक्कर मारने के बाद बाइक सवारों को काफी दूर तक घसीटती हुई ले गई।
एक युवक की मौत
हादसे में धौलाभाटा निवासी रवि की मौत हो गई, जबकि उनके बहनोई जितेंद्र उर्फ सोनू सहित अन्य युवक घायल हुए हैं। दूसरी बाइक पर सवार शास्त्री नगर निवासी रोहित और उनके चाचा मधुसूदन वैष्णव भी हादसे में घायल हुए। सभी घायलों को जवाहरलाल नेहरू अस्पताल में भर्ती कराया गया।
कार खाटू श्याम मंदिर सेवा समिति के नाम पर रजिस्टर्ड
पुलिस जांच में सामने आया है कि दुर्घटनाग्रस्त फॉर्च्यूनर खाटू श्याम मंदिर सेवा समिति के नाम पर रजिस्टर्ड बताई जा रही है। कार चला रहे व्यक्ति की पहचान दिग्विजय सिंह चौहान के रूप में हुई है, जो खुद को मंदिर का पुजारी बता रहा है।
कार से शराब की बोतलों से भरा कार्टन मिला
घटना के बाद पुलिस को कार से शराब की बोतलों से भरा कार्टन और सीट पर खुली शराब की बोतल भी मिली है। इससे आशंका जताई जा रही है कि चालक नशे में हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक वाहन पर पहले से ओवरस्पीडिंग के 9 चालान भी लंबित हैं।
मामला दर्ज
मृतक रवि के पिता ने पुष्कर थाना में मामला दर्ज कराया है। वहीं पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। हर्षवर्धन अग्रवाल ने कहा है कि मामले में हर पहलू की जांच की जाएगी और यदि किसी स्तर पर लापरवाही या प्रभाव का मामला सामने आया तो नियमानुसार कार्रवाई होगी।
संबंधित समाचार

चर्चित अभि तोमर हत्याकांड की आग भिंड तक जा पहुंची:इंदौर की गैंगवार का बदला लेने चली गोलियां

शौक पूरे करने के लिए करता था चोरी:दो ऑटो किए बरामद; रात के अंधेरे में उड़ाता था वाहन, पुलिस ने किया गिरफ्तार

सिंहस्थ की जमीन से हटाया अतिक्रमण:20 अवैध मकान ध्वस्त 3 हेक्टेयर जमीन को कब्जा मुक्त; पुलिस बल की मौजूदगी में अभियान चलाया

इस अधिकारी ने बढ़ाया देवी अहिल्या की नगरी का गौरव:ओडिशा के राज्यपाल की एडीसी बनी; ऐसा करने वाली पहली महिला ऑफिसर भी
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!