पड़ोसी देश में सियासी संकट: इस प्रांत में इमरजेंसी और गवर्नर शासन का दावा; पूर्व पीएम की रिहाई के लिए सीएम निकाल रहे थे मार्च
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इस्लामाबाद।
पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई को लेकर सियासी टकराव तेज हो गया है। खबर के मुताबिक, प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की अध्यक्षता में हुई आपात कैबिनेट बैठक के बाद खैबर-पख्तूनख्वा प्रांत में इमरजेंसी लगाने और गवर्नर शासन लागू करने का फैसला लिया गया। इस प्रांत में इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) की सरकार है।
यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है, जब खैबर-पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर समर्थकों के साथ इस्लामाबाद की ओर मार्च निकाल रहे थे।
केंद्र सरकार ने प्रांतीय सरकार पर आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई में पर्याप्त सहयोग नहीं करने का आरोप लगाया है। वहीं, PTI ने इस फैसले को अलोकतांत्रिक बताते हुए इसका विरोध किया है।
केंद्र सरकार का आरोप- आतंकवाद के खिलाफ सहयोग नहीं कर रही PTI सरकार
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की अध्यक्षता में हुई आपात कैबिनेट बैठक में खैबर-पख्तूनख्वा की सुरक्षा स्थिति पर चर्चा की गई।
केंद्र सरकार का आरोप है कि PTI के नेतृत्व वाली प्रांतीय सरकार आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में जानबूझकर सहयोग नहीं कर रही है।
शहबाज शरीफ ने कहा कि देश में आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने खैबर-पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में आम नागरिकों, पुलिसकर्मियों, सुरक्षाबलों और बच्चों की मौतों पर चिंता जताई। उन्होंने पड़ोसी अफगानिस्तान पर भी आतंकवादी संगठनों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया।
PTI ने फैसले को बताया अलोकतांत्रिक
इमरान खान की पार्टी PTI ने केंद्र सरकार के इस कदम का विरोध किया है। पार्टी अध्यक्ष गौहर अली खान ने कथित तौर पर फैसले को अलोकतांत्रिक बताते हुए कहा कि प्रांत के अधिकारों को कमजोर करने से शांति और स्थिरता कायम नहीं हो सकती।
PTI प्रवक्ता और इमरान खान के करीबी सहयोगी जुल्फिकार बुखारी ने भी इस कदम की आलोचना की। उन्होंने दावा किया कि खैबर-पख्तूनख्वा की सरकार वैध रूप से चुनी गई सरकार है। उनके मुताबिक, इस फैसले से प्रांत में हिंसा और अस्थिरता बढ़ सकती है तथा आम लोगों की मुश्किलें भी बढ़ेंगी।
बुखारी ने यह भी कहा कि विवाद का समाधान बातचीत के जरिए निकाला जा सकता था। उनके अनुसार, केंद्र सरकार के फैसले से लगता है कि वह बातचीत के रास्ते पर आगे बढ़ने के लिए तैयार नहीं थी।
इमरान खान की रिहाई के लिए निकाला जा रहा था लॉन्ग मार्च
खैबर-पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर समर्थकों के साथ इस्लामाबाद की ओर मार्च निकाल रहे थे। यह मार्च 4 अक्टूबर को लक्की मारवत से शुरू हुआ था।
PTI और केंद्र सरकार के बीच बातचीत के दो दौर नाकाम होने के बाद मार्च आगे बढ़ा। दोनों पक्षों के बीच इमरान खान से मुलाकात को लेकर मतभेद सामने आए।
PTI प्रदर्शन समाप्त करने से पहले इमरान खान से मिलने की मांग कर रही थी, जबकि केंद्र सरकार चाहती थी कि पार्टी पहले प्रदर्शन खत्म करे।
केंद्र सरकार ने प्रदर्शनकारियों को इस्लामाबाद में प्रवेश नहीं करने देने की चेतावनी भी दी थी। इसके बाद राजधानी में सुरक्षा बढ़ाई गई व मार्च के निर्धारित रास्तों पर कंटेनर लगाकर यातायात रोकने की व्यवस्था की गई।
क्या कहता है पाकिस्तान का संविधान?
पाकिस्तान के संविधान का अनुच्छेद 232 युद्ध, बाहरी आक्रमण या ऐसी गंभीर आंतरिक स्थिति में आपातकाल लगाने से संबंधित है, जिससे देश या उसके किसी हिस्से की सुरक्षा को खतरा हो।
वहीं, अनुच्छेद 234 के तहत किसी प्रांत में संवैधानिक व्यवस्था के विफल होने की स्थिति में राष्ट्रपति की ओर से विशेष संवैधानिक प्रावधान लागू किए जा सकते हैं। ऐसे कदमों के लिए संविधान में निर्धारित प्रक्रिया और संसदीय मंजूरी की शर्तें लागू होती हैं।
हालांकि, खैबर-पख्तूनख्वा में वास्तव में कौन-सा संवैधानिक आदेश जारी किया गया है, उसका आधिकारिक विवरण और संसद की मंजूरी की स्थिति स्पष्ट होने के बाद ही गवर्नर शासन लागू होने की प्रक्रिया की पूरी तस्वीर सामने आएगी।
2023 से जेल में बंद हैं इमरान खान
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पूर्व क्रिकेटर इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में हैं। उनके खिलाफ भ्रष्टाचार समेत कई मामलों में कानूनी कार्यवाही चल रही है। PTI लगातार उनकी रिहाई की मांग कर रही है।
इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद से पाकिस्तान में राजनीतिक तनाव बना हुआ है। पार्टी के प्रदर्शनों और केंद्र सरकार के साथ टकराव के बीच खैबर-पख्तूनख्वा का मौजूदा घटनाक्रम देश की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर सकता है।
संबंधित समाचार

25 लाख लेने के बाद भी बुजुर्ग से 10 हजार वसूले:पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का करीबी बताकर रौब झाड़ने वाला फरार

भारत-वेस्टइंडीज टी-20 महामुकाबला:क्रिकेट प्रेमियों में भारी उत्साह; 1500 पुलिसकर्मी संभालेंगे सुरक्षा, एंट्री गेट पर लगी लंबी लाइन

बदमाशों को नहीं कानून का खौफ!:सोशल मीडिया पर वायरल दो वीडियो; कार्रवाई नहीं होने पर उठ रहे सवाल

मैच से पहले नगर निगम को मिले 15 लाख रुपए:टिकट बिक्री के हिसाब से बाद में जमा होगी बाकी राशि

इस जिले को मेट्रोपॉलिटन एरिया से जोड़ने की तैयारी:540 करोड़ से सड़क का होगा उन्नयन; सीएम ने बच्चों को गिफ्ट किया सांदीपनि स्कूल

यातायात व्यवस्था होगी बेहतर:इस पुल का चौड़ीकरण 4-5 दिन में होगा शुरू; इतने करोड़ होंगे खर्च

मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट 2026 में आया 3,729 करोड़ का निवेश:सीएम डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में टूरिज्म इको सिस्टम को मिलेगा बूस्ट

देखिए वीडियो, ‘अब असली लड़ाई शुरू होगी’:सीजेपी का मोदी-शाह पर तीखा हमला; ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग पर आंदोलन तेज करने का ऐलान

जमीन बेची महिला ने रकम पर हिस्ट्रीशीटर पिता-पुत्र का कब्जा:सालभर से भटक रही पीड़िता ने की डीआईजी को शिकायत; एसडीओपी और टीआई को जांच के दिए निर्देश

जानलेवा हमले के आरोपी गिरफ्तार:भागते समय बाइक से गिरे, तीनों के पैर टूटे

काम दिलाने के बहाने हिंदू महिला से दुष्कर्म:पीडि़ता को बंधक बना रखा था आरोपी ने

मां बगलामुखी के दर्शन के लिए निकले दोस्तों की बाइक हादसे का शिकार:सड़क किनारे खड़े कंटेनर में घुसी; 2 की मौत

खाकी पर कार्रवाई या दबाव में फैसला:थाने में नेताओं-पुलिस की भिड़ंत के बाद बड़ा सवाल

राजधानी के प्रदर्शन में शामिल होंगे एमपी के नेता:सीईसी के इस्तीफे की मांग

राहुल यादव बोला... हां डिजाइनर है गैंगस्टर सतीश भाऊ:एसीपी क्राइम ने लिए पीडि़त के बयान

नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई:गांजे के साथ दो तस्कर गिरफ्तार; सप्लाई करने की तैयारी में थे आरोपी

सुप्रीम कोर्ट बोला मेट्रो-इंटरनेट सर्विस बहाल करें:मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे को लेकर आज फिर मैदान में सीजेपी

भारत-वेस्टइंडीज टी-20 मैच का चढ़ा खुमार:टीम इंडिया की जर्सी खरीदने प्रशंसकों में मची होड़

नर्मदा-मालवा-गंभीर परियोजना में बड़ा फर्जीवाड़ा:तीन बार फूटी पाइपलाइन; जर्जर हो रहा 2000 करोड़ का प्रोजेक्ट

2 अलग-अलग मामलों में दो की मौत:प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्र ने की आत्महत्या; युवक ने लगाई फांसी
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!