सैकड़ों गाड़ियों की रैली पड़ी भारी: बीजेपी किसान मोर्चा इस जिलाध्यक्ष की नियुक्ति निरस्त; प्रदेश संगठन ने माना गंभीर अनुशासनहीनता
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, भोपाल/ भिंड।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ऊर्जा बचत की अपील के बीच ग्वालियर से भिंड तक सैकड़ों वाहनों की रैली निकालना भाजपा किसान मोर्चा के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष सज्जन सिंह यादव को भारी पड़ गया। प्रदेश संगठन ने इसे गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए उनकी नियुक्ति तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दी। इस कार्रवाई के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।
जानकारी के अनुसार, सज्जन सिंह यादव बुधवार को करीब 100 से अधिक वाहनों के काफिले के साथ भिंड पहुंचे थे। यह रैली ग्वालियर से शुरू होकर भिंड तक निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में समर्थक शामिल हुए। जबकि हाल ही में ऊर्जा संरक्षण को लेकर प्रधानमंत्री लगातार अपील कर रहे हैं और खुद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी अपने काफिले को सीमित कर उदाहरण पेश किया है। इसके बावजूद इस तरह की रैली को संगठन ने गंभीरता से लिया।
प्रदेश भाजपा संगठन ने इस मामले में त्वरित संज्ञान लेते हुए सख्त रुख अपनाया। किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के निर्देश पर सज्जन सिंह यादव की नियुक्ति निरस्त कर दी गई। संगठन का मानना है कि इस तरह की गतिविधियां पार्टी की नीति और शीर्ष नेतृत्व के संदेश के विपरीत हैं।
सज्जन सिंह यादव भिंड जिले के मौ क्षेत्र के सक्रिय भाजपा नेता माने जाते हैं और पूर्व में मौ मंडी के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। वर्तमान में उनकी पत्नी वंदना यादव मौ नगर परिषद की अध्यक्ष हैं। हाल ही में उन्हें किसान मोर्चा का जिलाध्यक्ष बनाया गया था, लेकिन पद संभालने के तुरंत बाद ही यह कार्रवाई हो गई।
इस घटनाक्रम को लेकर पार्टी के भीतर भी यह संदेश देने की कोशिश की गई है कि अनुशासनहीनता किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संगठन अब इस तरह के मामलों पर और सख्ती बरतने के संकेत दे रहा है, ताकि सरकार और पार्टी की छवि के अनुरूप आचरण सुनिश्चित किया जा सके।
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