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पैसा डबल करने का झांसा देने वाली जालसाज मोना तीन दिन के रिमांड पर

KHULASA FIRST

संवाददाता

25 मई 2026, 5:04 pm
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पैसा डबल करने का झांसा देने वाली जालसाज मोना तीन दिन के रिमांड पर

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
लग्जरी होटलों में हाईप्रोफाइल सेमिनार, डॉलर में मुनाफे का सपना और रोज 2 प्रतिशत रिटर्न का लालच, इसी चमकदार जाल में फंसाकर 50 से ज्यादा लोगों से ढाई करोड़ रुपए ठग लिए गए।

क्राइम ब्रांच ने मामले में हरप्रीत कौर उर्फ मोना को गिरफ्तार कर तीन दिन के रिमांड पर लिया है, जबकि गिरोह का कथित मास्टरमाइंड अनिरुद्ध दलवी मलेशिया भाग चुका है।

डीसीपी (क्राइम) राजेश त्रिपाठी के मुताबिक ट्रेजर टाउन निवासी जीया सतीश वाधवानी की शिकायत पर केस दर्ज किया है। इसके साथ हनी राजपाल, लक्की राजपाल, पंकज मोटवानी, साहिल सिंह होरा, इंद्रजीत सिंह, रोहित ओचानी, सन्नी होरा, राहुल, सत्यम और संकल्प मिश्रा सहित करीब 50 लोगों के वीडियो और दस्तावेजी साक्ष्यों के साथ ठगी का शिकार होने की शिकायत की थी।

पीड़ितों के मुताबिक हरप्रीत कौर खनूजा, वंदना ग्रोवर और मनमीत सिंह होरा उफज़् मोनू खुद को यूएस बेस्ड ए स्क्वेयर वर्ल्ड ग्लोबल कंसल्टेंसी कंपनी का टीम लीडर और इन्वेस्टमेंट इंचार्ज बताकर लोगों को जोड़ते थे। दावा किया जाता था कि कंपनी 13 देशों और भारत के कई राज्यों में काम कर रही है।

गिरोह लोगों को होटल रेडिसन और मेरिएट में आयोजित हाईप्रोफाइल सेमिनारों में बुलाता था। 2 जनवरी 2025 और 25 जनवरी 2025 को रेडिसन होटल में मीटिंग और सेमिनार आयोजित किए गए, जहां अनिरुद्ध दलवी और जसवंत सिंह उर्फ जस्सी ने मंच से निवेश स्कीम समझाई। बाद में 18 मार्च को होटल मेरिएट में भी बड़ा सेमिनार हुआ।

आरोपियों ने फजीज़् वेबसाइट दिखाकर दावा किया कि 100 अमेरिकन डॉलर से निवेश शुरू होगा और 100 दिन में रकम दोगुनी हो जाएगी। निवेशकों को रोजाना शनिवार-रविवार छोड़कर 2 प्रतिशत मुनाफा दिखाया जाता था।

रकम डॉलर में ऑनलाइन दिखाई जाती थी ताकि लोगों को इंटरनेशनल ट्रेडिंग का भरोसा हो सके। पीड़ितों का आरोप है कि विड्रॉल के नाम पर भी खेल किया गया। कहा जाता था कि पैसा सिफज़् गुरुवार और शुक्रवार को निकलेगा और आठ दिन बाद खाते में आएगा।

इसी भरोसे में लोग निवेश बढ़ाते गए। क्राइम ब्रांच अब फरार आरोपियों जसवंत सिंह उर्फ जस्सी, अनिरुद्ध दलवी, मुकेश तायड़े और भोपाल निवासी जोसफ की तलाश कर रही है। पुलिस को शक है कि यह नेटवर्क सिर्फ इंदौर तक सीमित नहीं, बल्कि कई राज्यों में फैला हुआ है।

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