पटाखा फैक्ट्री विस्फोट: तीन टीमें जांच करने पहुंची; कई घायलों की हालत अब भी गंभीर
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, देवास।
टोंककला स्थित पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट के बाद घायल श्रमिकों का इलाज जारी है। हादसे में गंभीर रूप से घायल तीन से चार मजदूरों की हालत अभी भी चिंताजनक बनी हुई है और उनका इलाज इंदौर व देवास के निजी अस्पतालों में चल रहा है।
कई श्रमिकों की हालत में सुधार
वहीं सामान्य रूप से घायल 11 श्रमिकों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इनमें से दो को गुरुवार को ही छुट्टी दे दी गई थी, जबकि शेष नौ श्रमिकों की हालत में सुधार होने पर शुक्रवार दोपहर उन्हें भी डिस्चार्ज कर दिया गया। तहसीलदार सपना शर्मा, नायब तहसीलदार कपिल गुर्जर जिला अस्पताल पहुंचे और डॉक्टरों से चर्चा के बाद श्रमिकों को घर भेजने की व्यवस्था कराई।
सभी को वाहनों के जरिए रेलवे स्टेशन पहुंचाया
डिस्चार्ज किए गए श्रमिकों में संतोष कुमार निवासी सुपौल बिहार, शशिकुमार पासवान और नासिर सहित अन्य मजदूर शामिल हैं। प्रशासन ने सभी को वाहनों के जरिए रेलवे स्टेशन पहुंचाया, जहां से उन्हें इटारसी होते हुए दरभंगा के लिए रवाना किया जाएगा। नायब तहसीलदार कपिल गुर्जर ने बताया कि डॉक्टरों ने सभी को स्वस्थ पाए जाने के बाद डिस्चार्ज किया है।
तीन अलग-अलग टीमें मौके पर पहुंची
उधर हादसे की जांच के लिए तीन अलग-अलग टीमें मौके पर पहुंची हैं। कलेक्टर ऋतुराज सिंह द्वारा गठित जांच टीम में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, श्रम विभाग और औद्योगिक सुरक्षा विभाग के अधिकारी शामिल हैं।
ट्रांसफार्मर लोड की जांच में जुटी
इसके अलावा एफएसएल की भौतिक और रसायन विशेषज्ञ टीम भी विस्फोट के कारणों की जांच कर रही है। वहीं तीसरी टीम बिजली व्यवस्था और ट्रांसफार्मर लोड की जांच में जुटी है।
धमाके में मोबाइल फोन भी फट गए
घायल श्रमिकों ने बताया कि धमाके में उनके मोबाइल फोन फट गए और कपड़े-बैग वेयरहाउस में रह गए, जिसे प्रशासन ने सील कर दिया है। श्रमिकों का कहना है कि उन्हें अभी यह जानकारी नहीं दी गई है कि उनका सामान कब वापस मिलेगा।
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