आस्था बनी ताकत: बद्रीनाथ धाम में दर्शन के लिए भक्तों में उत्साह
KHULASA FIRST
संवाददाता

बारिश की चुनौती के बीच
मूसलाधार बारिश और उफनती अलकनंदा पर भारी पड़ी श्रद्धालुओं की भक्ति, बद्री विशाल के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब
खुलासा फर्स्ट, उत्तराखंड।
उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश ने जहां जनजीवन और चारधाम यात्रा को प्रभावित किया है, वहीं बदरीनाथ धाम से सामने आई तस्वीरें आस्था की एक अलग ही मिसाल पेश कर रही हैं। चमोली जिले में अलकनंदा नदी पूरे उफान पर है और हेलंग के पास भूस्खलन के कारण बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग भी प्रभावित हुआ है। इसके बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु बारिश और ठंड की परवाह किए बिना भगवान बद्री विशाल के दर्शन के लिए धाम पहुंच रहे हैं।
बद्रीनाथ धाम में लगातार बारिश हो रही है। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में ठंडी हवाओं के बीच श्रद्धालु रेनकोट, छाते और गर्म कपड़ों के सहारे दर्शन के लिए कतारों में खड़े दिखाई दे रहे हैं। लगातार खराब मौसम के बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिख रही है। हर कोई भगवान बद्री विशाल के दर्शन कर अपनी यात्रा को सफल बनाने की इच्छा के साथ आगे बढ़ रहा है।
उफान पर अलकनंदा, बढ़ी प्रशासन की सतर्कता... लगातार बारिश के कारण अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़ गया है और नदी तेज वेग से बह रही है। वहीं हेलंग क्षेत्र में भूस्खलन के चलते यात्रा मार्ग पर भी असर पड़ा है। ऐसे में प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं. संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
यात्रियों से सतर्क रहने की अपील
प्रशासन ने चारधाम यात्रियों से अपील की है कि यात्रा पर निकलने से पहले मौसम और सड़क मार्ग की ताजा जानकारी अवश्य प्राप्त करें। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और केवल प्रशासन की सलाह के अनुसार ही आगे बढ़ें। यात्रियों से संवेदनशील क्षेत्रों में रुकने से बचने और सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
आस्था के आगे फीकी पड़ी मौसम की चुनौती
बद्रीनाथ धाम से सामने आ रही तस्वीरें यह संदेश दे रही हैं कि मौसम की कठिन परिस्थितियां भी श्रद्धालुओं की आस्था को डिगा नहीं पा रही हैं। एक ओर उफनती अलकनंदा, लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और चुनौतीपूर्ण हालात हैं, तो दूसरी ओर भगवान बद्री विशाल के दर्शन के लिए उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब। उत्तराखंड की चारधाम यात्रा में आस्था और विश्वास की यही तस्वीरें हर वर्ष लाखों श्रद्धालुओं को हिमालय की गोद तक खींच लाती हैं।
बद्रीनाथ धाम चढ़ावा चोरी का मामला; वीआईपी और हेली दर्शन फीस पर एसआईटी की नजर, 3 साल का रिकॉर्ड खंगाल रही
श्री बद्रीनाथ धाम में दान-चढ़ावे में कथित हेराफेरी की जांच अब नए चरण में पहुंच गई है। रिकॉर्ड और खजाने के मिलान के बाद स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) ने अब पिछले तीन वर्षों के वीआईपी दर्शन और हेलीकॉप्टर (हेली) दर्शन शुल्क का रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया है।
शुरुआती जांच में श्रद्धालुओं की संख्या और वसूली गई राशि के बीच बड़ा अंतर मिलने की शिकायत सामने आई है। इसी आधार पर एसआईटी पूरे वित्तीय रिकॉर्ड की गहन जांच कर रही है।
सूत्रों के मुताबिक, बद्रीनाथ धाम में हेलीकॉप्टर से आने वाले प्रत्येक यात्री से ₹2100 का निर्धारित शुल्क लिया जाता है। वहीं इस वर्ष वीआईपी दर्शन के नाम पर मुख्य आरोपी प्रमोद नौटियाल श्रद्धालुओं से प्रति व्यक्ति ₹1100 वसूल रहा था। एसआईटी को आशंका है कि पिछले तीन वर्षों में हेली सेवा से आए यात्रियों और वीआईपी दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की वास्तविक संख्या तथा जमा कराई गई धनराशि में बड़ा अंतर हो सकता है। इसी कारण रिकॉर्ड का मिलान कराया जा रहा है।
प्रोटोकॉल की जिम्मेदारी भी संभाल रहा था प्रमोद नौटियाल... जांच में सामने आया है कि प्रमोद नौटियाल के पास केवल दान-गणना से जुड़े कार्य ही नहीं थे, बल्कि वह वीआईपी प्रोटोकॉल व्यवस्था भी देख रहा था।
यही वजह है कि एसआईटी अब प्रोटोकॉल व्यवस्था से जुड़े अन्य कर्मचारियों और अधिकारियों से भी पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वीआईपी दर्शन शुल्क की पूरी व्यवस्था कैसे संचालित होती थी और उसमें किस-किस की भूमिका थी।
जांच का दायरा बढ़ने के संकेत... सूत्रों का कहना है कि यदि रिकॉर्ड में बड़े स्तर पर अंतर मिला तो जांच का दायरा और बढ़ सकता है। ऐसे में केवल दान-चढ़ावे की कथित हेराफेरी ही नहीं, बल्कि वीआईपी दर्शन और हेली सेवा से जुड़े वित्तीय लेनदेन भी एसआईटी की जांच के केंद्र में होंगे।
वीआईपी दर्शन पर भी सवाल दान पेटी से शुरू हुई जांच अब वीआईपी दर्शन और हेली सेवा तक पहुंच गई है। अगर तीन साल के रिकॉर्ड में अनियमितता की पुष्टि होती है तो यह मामला केवल चढ़ावे की हेराफेरी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि बद्रीनाथ धाम की वीआईपी और हेली दर्शन व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर सकता है।
संबंधित समाचार

सात फेरों के तीन दिन बाद मातम:मुंह दिखाई के बीच दुल्हन ने लगाया फंदा; 100 दिन बाद मौत

अमिताभ बच्चन जिसका करते थे प्रमोशन, जांच में निकला अनसेफ:घी का 1.50 करोड़ का स्टॉक रोका; सैंपल फेल होने पर की कार्रवाई

शिक्षा विभाग सख्त:15 अगस्त तक हर छात्र की यू-डाइस प्रोफाइल अपडेट करना अनिवार्य

राहुल गांधी का कांग्रेस को बड़ा संदेश:'स्थानीय मुद्दे उठाओ; सरकार के खिलाफ करो बड़ा प्रदर्शन'

एमपी पंचायत चुनाव से जुड़ी बड़ी खबर:आयोग ने कसी कमर; अब ऐसे चुने जाएंगे पंच और सरपंच

छात्रावास के खाने में निकली इल्लियां:थाली लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे छात्र; वार्डन और कर्मचारियों पर लगाए गंभीर आरोप

ऑनलाइन पटाखे बेचने का झांसा देकर 50 हजार की साइबर ठगी:दो आरोपी गिरफ्तार; रुपए, मोबाइल और सिम बरामद

घोटालों का गढ़ बना नगर निगम:विकास ठप और जनता परेशान

पार्षद जीतू यादव को मिली नई राजनीतिक ताकत:भाजपा में वापसी की अटकलें तेज

आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई:भारी मात्रा में भांग और मशीनें जब्त; घर से चल रहा था कारोबार

तीन सौ से अधिक मंचों से जगह-जगह होगा स्वागत:बाणेश्वरी कावड़ यात्रा शहर भ्रमण पर निकली

मूंग और किसान आंदोलन पर प्रधानमंत्री चिंतित:कृषि मुद्दों पर की चर्चा मोदी-शिवराज मुलाकात

फिर सलाखों के पीछे पहुंचा कांग्रेसी डकैत:लव जिहाद फंडिंग केस में डेढ़ साल जेल में बंद रहने के बाद छूटा था जमानत पर

नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई:लाखों की अवैध शराब की जब्त; आलू की बोरियों के नीचे ले जा रहे थे छिपाकर

कमिश्नर, कलेक्टर सहित अन्य अधिकारी बस से ग्राम अंबा चंदन के लिए हुए रवाना:मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान का शुभारंभ

पत्रकार से डरा मुलजिम सूरज रजक:झूठी खबर छापने पर भेजे गए नोटिस को लेने से किया इनकार

जन-विश्वास अभियान की शुरुआत होते ही मुख्यमंत्री का बड़ा एक्शन:सीएमएचओ-तहसीलदार और पटवारी को किया सस्पेंड

अतिक्रमण पर कब चलेगा पीला पंजा:सी21 मॉल की अवैध दुकानों पर नगर निगम का आधा-अधूरा एक्शन

दबंग दुनिया का दबंग हिसाब:अब देना होंगे 48 करोड़

राष्ट्रवीर दुर्गादास राठौर पर आधारित चार प्रेरक गीतों का विमोचन
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!