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शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद की जान को किससे खतरा: किसने आरोप लगाया कि प्रशासन के गुंडे संत के वेश में घूम रहे

KHULASA FIRST

संवाददाता

24 जनवरी 2026, 7:07 पूर्वाह्न
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शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद की जान को किससे खतरा

खुलासा फर्स्ट, प्रयागराज।
प्रयागराज में अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच पिछले छह दिनों से विवाद जारी है। हालातों के बीच अविमुक्तेश्वरानंद ने शिविर के अंदर और बाहर 12 सीसीटीवी कैमरे लगवा दिए हैं।

संत के वेश में घूम रहे शैतान
शंकराचार्य के विशेष प्रतिनिधि देवेंद्र पांडे ने साफ कहा कि शंकराचार्य सड़क पर बैठे हैं। प्रशासन और उसके गुंडे हैं। संत के वेश में शैतान यहां घूम रहे हैं। उनसे शंकराचार्य की जान को खतरा है।

पकड़े जाने पर नोटिस की बात
शंकराचार्य के विशेष प्रतिनिधि देवेंद्र पांडे ने साफ कहा कि रात में आकर वीडियो बनाते हैं। पकड़े जाने पर कहते हैं कि नोटिस देने आए हैं।

तबीयत ठीक नहीं है शंकराचार्य की
देवेंद्र पांडे ने बताया कि अविमुक्तेश्वरानंद की तबीयत अभी भी खराब है। रात में उन्होंने दवा ली थी। शुक्रवार को उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। उन्हें तेज बुखार था।

अकड़ वाला मुख्यमंत्री नहीं
अविमुक्तेश्वरानंद ने उप मुख्यमंत्री केशव मौर्य को समझदार नेता बताते हुए हा- ऐसे व्यक्ति को मुख्यमंत्री होना चाहिए, जो समझते हैं कि अफसरों से गलती हुई है। जो अकड़ में बैठा हो, उसे मुख्यमंत्री नहीं होना चाहिए।

भक्तों का किया अभिवादन
उल्लेखनीय है कि केशव मौर्य ने कहा था- शंकराचार्य जी के चरणों में प्रणाम करता हूं और उनसे स्नान करने की प्रार्थना करता हूं। सुबह वैनिटी वैन से बाहर आकर अविमुक्तेश्वरानंद ने भक्तों का हाथ हिलाकर अभिवादन किया।

यह है मामला
18 जनवरी को माघ मेले में मौनी अमावस्या पर अविमुक्तेश्वरानंद पालकी में स्नान करने जा रहे थे। पुलिस ने उन्हें रोककर पैदल जाने को कहा था। वहीं, विरोध करने पर शिष्यों से धक्का-मुक्की की गई थी। इसके बाद नाराज अविमुक्तेश्वरानंद शिविर के बाहर धरने पर बैठ गए।

48 घंटे में दो बार दिए नोटिस
प्रशासन ने अविमुक्तेश्वरानंद को 48 घंटे में दो नोटिस जारी किए। पहले में उनके शंकराचार्य की पदवी लिखने और दूसरे में मौनी अमावस्या को लेकर हुए बवाल पर सवाल पूछे गए। प्रशासन ने चेतावनी दी थी कि क्यों न आपको हमेशा के लिए माघ मेले से बैन कर दिया जाए। अविमुक्तेश्वरानंद ने दोनों नोटिस के जवाब भेज दिए थे।


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