वीडियो देखिये, दौसा बस हादसे में शहर के वरिष्ठ पत्रकार की धर्मपत्नी लापता: बस का शीशा तोड़कर पति को लोगों ने बचाया; तलाश में जुटा पूरा परिवार
KHULASA FIRST
संवाददाता
खुलासा फर्स्ट, इंदौर/दौसा।
राजस्थान के दौसा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर हुए भीषण बस हादसे के बाद इंदौर की रहने वाली निर्मला गुप्ता अब भी लापता हैं। हादसे के समय वह अपने पति चंद्रप्रकाश गुप्ता के साथ ऋषिकेश से इंदौर लौट रही स्लीपर बस में सवार थीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दुर्घटना के बाद स्थानीय लोगों ने बस का शीशा तोड़कर चंद्रप्रकाश गुप्ता को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन निर्मला गुप्ता बस के अंदर ही रह गईं। इसके बाद से उनका अब तक कोई सुराग नहीं मिल सका है।
जानकारी के अनुसार निर्मला गुप्ता अपने पति के साथ चारधाम यात्रा से लौट रही थीं। परिवार की उनसे हादसे से एक दिन पहले ही बातचीत हुई थी। बुधवार को उनके इंदौर पहुंचने की उम्मीद थी, लेकिन इससे पहले ही यह दर्दनाक हादसा हो गया।
पूरा परिवार तलाश में जुटा
निर्मला गुप्ता के लापता होने के बाद पूरा परिवार उनकी तलाश में जुट गया है। परिवार के अनुसार उनकी दो बेटियां और एक बेटा हैं। बड़ी बेटी ग्वालियर में डॉक्टर हैं, जबकि छोटी बेटी सागर में एडीएम (अपर जिला दंडाधिकारी) के पद पर पदस्थ हैं। उनके दामाद पुलिस अधीक्षक (एसपी) हैं और बेटा बेंगलुरु स्थित होंडा कंपनी में कार्यरत है। हादसे की सूचना मिलते ही परिजन लगातार प्रशासन और अस्पतालों से संपर्क कर रहे हैं।
ऋषिकेश से इंदौर आ रही थी बस
मंगलवार देर रात राजस्थान के दौसा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर यह भीषण हादसा हुआ। ऋषिकेश से इंदौर आ रही स्लीपर बस कोलवा थाना क्षेत्र के तनावड़ जीरो पॉइंट के पास आगे चल रहे ट्रेलर से पीछे से टकरा गई।
पुलिस के अनुसार हादसा रात करीब 2:30 बजे हुआ। बस तेज रफ्तार में थी और ट्रेलर से टकराने के बाद दोनों वाहनों में भीषण आग लग गई। कुछ ही मिनटों में आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया।
8 यात्रियों की मौत, 21 घायल
इस दर्दनाक हादसे में 8 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि 21 लोग घायल हुए हैं। घायलों का उपचार दौसा जिला अस्पताल में किया जा रहा है। आग इतनी तेजी से फैली कि कई यात्री बस के अंदर ही फंस गए। स्थानीय लोगों और बचाव दल ने शीशे तोड़कर कई यात्रियों को बाहर निकाला, लेकिन कुछ लोग आग की चपेट में आ गए।
फिलहाल प्रशासन और पुलिस हादसे की जांच के साथ-साथ लापता यात्रियों की तलाश में जुटी हुई है। निर्मला गुप्ता का अब तक कोई पता नहीं चल सका है, जिससे उनके परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है।
संबंधित समाचार

साधना का सफर थमा, स्मृतियां रह गईं:साध्वी निर्मलाजी को नम आंखों से दी अंतिम विदाई, 1994 में ली थी जैन भगवती दीक्षा

फैक्ट्री के लिए आर-पार की लड़ाई:पटवारी बोले- एक लाख किसान करेंगे आंदोलन; राहुल गांधी ने कहा- मैं भी आऊंगा

रील के चक्कर में ट्रैफिक से खिलवाड़:वाहनों के आगे जेब्रा क्रॉसिंग पर लेटी इंफ्लुएंसर; पुलिस करेगी कार्रवाई

मोड़ पर अनियंत्रित होकर खाई में लटकी बस:बड़ा हादसा टला; सभी यात्रियों को सुरक्षित निकाला

पुलिस विभाग में बड़ा फेरबदल:82 निरीक्षकों के तबादले, तीन की नई पदस्थापना शहर में

छात्र संघ चुनाव को लेकर कांग्रेस की तैयारी तेज:भोपाल और इंदौर समेत अलग-अलग जिलों के लिए जिम्मेदारियां तय; प्रदेश कांग्रेस ने जारी किया आदेश

वीडियो देखिये, फर्श पर सिसक रही थीं दृष्टिहीन वृद्धा:जीआरपी ने थामा हाथ; आश्रम में मिला नया घर

जमीन दिखाई कुछ, निकली कुछ और:कोर्ट ने 31 लाख लौटाने का दिया आदेश; ब्याज भी लगेगा

फर्जी ट्रांजिट पास से लकड़ी का खेल:टिम्बर मार्केट में राज्य स्तरीय उड़न दस्ते की दबिश; दो वाहन जब्त

‘मुख्यमंत्री से ले लेना…’:ऑडियो वायरल; छात्र से विवाद के बाद प्राचार्य का तबादला

साफ पानी की शिकायत दबाना पड़ा भारी:सब इंजीनियर सस्पेंड, इंजीनियर बर्खास्त, विभागीय जांच शुरू

नाना पटवारी के मोबाइल से मिली सट्टेबाजों की आईडी:ऑनलाइन सट्टा केस में तीन गिरफ्तार; आरोपी दो दिन की पुलिस रिमांड पर

पटवारी के बयान से गरमाई सियासत:सिंधिया पर इशारों में निशाना; सरकार को भी घेरा

स्कूलों में बिजली-पानी तक नहीं:हाईकोर्ट ने सरकार से मांगा जवाब; चार सप्ताह की दी मोहलत

आयशर ने बाइक सवार को रौंदा:पीछे से मारी टक्कर; पहिया ऊपर से गुजरने से मौत

CFL बदलते समय हादसा:करंट लगने से व्यक्ति की मौत; पत्नी ने बेसुध हालत में देखा

गांजा तस्करी की सप्लाई चैन का खुलासा:मुख्य आरोपी समेत तीन गिरफ्तार; ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत कार्रवाई

नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई:गांजे के साथ 4 तस्कर गिरफ्तार; डस्टर कार से ले जा रहे थे खेप

नाबालिग के लापता होने पर थाने का घेराव:हिंदू संगठनों का थाने के बाहर धरना; युवक पर अपहरण का आरोप

एक बस में पहुंचे मंत्री-कलेक्टर:गांव में लगा प्रशासन का दरबार; ग्रामीणों की सुनी समस्याएं, हाथों-हाथ हुआ निराकरण
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!