फर्जी IAS का ठगी साम्राज्य: नौकरी के नाम पर लाखों ठगे; युवतियों से भी लिए रुपए, स्क्रिप्ट देकर बनवाए अफसर वाले वीडियो
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, भोपाल।
मध्यप्रदेश में इन दिनों फर्जी IAS अधिकारी बनकर लोगों को नौकरी और सरकारी काम दिलाने का झांसा देने वाली तृप्ति सिंह का मामला चर्चा में है।
पुलिस जांच में उसके फर्जीवाड़े से जुड़े एक के बाद एक नए तथ्य सामने आ रहे हैं। तृप्ति खुद को IAS अधिकारी बताने के साथ टूरिज्म विभाग की एडिशनल डायरेक्टर होने का भी दावा करती थी।
पुलिस के मुताबिक, इसी रौब और सरकारी अधिकारी वाली पहचान के सहारे उसने कई लोगों को अपने झांसे में लिया।
चंदेरी के चार युवाओं को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर उनसे कुल 9.80 लाख रुपए लेने का मामला सामने आया है।
इसके अलावा बैतूल की दो युवतियों से भी IAS बनाने और नौकरी दिलाने के नाम पर तीन-तीन लाख रुपए लेने की बात सामने आई है।
इतना ही नहीं, तृप्ति ने इन युवतियों को बाकायदा स्क्रिप्ट देकर वीडियो बनवाए, जिनमें वे खुद को IAS अधिकारी बताती नजर आईं। अब यही वीडियो उसके फर्जीवाड़े की जांच में अहम कड़ी बन गए हैं।
युवतियों को IAS बनाने का झांसा, स्क्रिप्ट देकर बनवाए वीडियो
सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में तृप्ति के साथ बैतूल की ख्याति और विशाखा खुद को IAS अधिकारी बताती नजर आती हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों युवतियां भी तृप्ति के संपर्क में थीं।
पुलिस के मुताबिक, तृप्ति ने दोनों को IAS बनाने और नौकरी दिलाने का भरोसा दिया था। इसके बदले उसने दोनों से करीब तीन-तीन लाख रुपए लिए।
आरोप है कि तृप्ति ने दोनों से कहा कि IAS बनने से पहले ही उन्हें अफसरों जैसा एटीट्यूड और व्यवहार रखना होगा। इसके बाद वह उन्हें अलग-अलग जगहों और कार्यक्रमों में ले जाती और वहां वीडियो बनवाती थी।
वीडियो में दोनों युवतियों ने तृप्ति के कहने पर खुद को IAS अधिकारी बताया। पुलिस का कहना है कि इन वीडियो के जरिए तृप्ति अपनी और युवतियों की अफसर वाली छवि मजबूत करने की कोशिश करती थी।
हालांकि, बागसेवनिया थाना प्रभारी अमित सोनी के मुताबिक, तृप्ति ने दोनों युवतियों से ली गई रकम वापस कर दी। रकम लौटाए जाने के कारण दोनों ने इस मामले में FIR दर्ज नहीं कराई है।
विधानसभा का बताया वीडियो मानव संग्रहालय का निकला
सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो को विधानसभा परिसर का बताया गया था। पुलिस जांच में पता चला कि यह वीडियो विधानसभा का नहीं, बल्कि मानव संग्रहालय की संकुल वीथी का है।
वीडियो में तृप्ति के साथ ख्याति और विशाखा दिखाई देती हैं। दोनों खुद को IAS अधिकारी बताती हैं। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि ऐसे कितने वीडियो बनाए गए और उनका इस्तेमाल तृप्ति ने लोगों को प्रभावित करने के लिए किस तरह किया।
चंदेरी के चार युवाओं से 9.80 लाख लेने का आरोप
तृप्ति के खिलाफ चंदेरी में चार युवाओं को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर 9.80 लाख रुपए लेने का मामला भी सामने आया है।
चंदेरी थाना प्रभारी प्रशांत यादव के मुताबिक, 23 अगस्त को जयकुमार कोली और उसके साथियों ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने तृप्ति सिंह और उसके भाई सुधांशु को गिरफ्तार किया।
अदालत से पुलिस को पूछताछ के लिए रिमांड मिला। रिमांड के दौरान पुलिस टीम आरोपियों को लेकर भोपाल पहुंची और उनके ठिकानों पर तलाशी ली।
तलाशी में कई ऐसे दस्तावेज और सामान मिले, जिनसे पुलिस को कथित ठगी के तरीके और आरोपियों की जीवनशैली के बारे में सुराग मिले।
‘भारत सरकार’ की नेमप्लेट वाली कार से जमाती थी रौब
पुलिस ने जांच के दौरान अयोध्या नगर, भोपाल निवासी ड्राइवर भूपेंद्र बैरागी को भी गिरफ्तार किया। उसके पास से वह कार बरामद की गई, जिस पर ‘भारत सरकार’ की नेमप्लेट लगी थी।
पुलिस के अनुसार, इसी कार का इस्तेमाल तृप्ति लोगों पर सरकारी अधिकारी होने का प्रभाव डालने के लिए करती थी। सरकारी नेमप्लेट वाली कार देखकर लोग उसके दावों पर आसानी से भरोसा कर लेते थे।
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि कार का इस्तेमाल कितने मामलों में किया गया और ड्राइवर की भूमिका क्या थी।
घर से फरियादियों के दस्तावेजों की कॉपियां मिलीं
पुलिस ने तृप्ति के संत आसाराम नगर, बागमुगलिया स्थित घर से भी दस्तावेज जब्त किए। यहां फरियादियों के दस्तावेजों की छायाप्रतियां मिली हैं।
थाना प्रभारी के मुताबिक, कुछ मूल दस्तावेज आरोपियों ने नष्ट कर दिए होने की आशंका है। इसी आधार पर मामले में सबूत मिटाने से जुड़ी धारा भी जोड़ी गई है।
पुलिस अब यह पता लगा रही है कि किन-किन लोगों के दस्तावेज आरोपियों के पास पहुंचे और उनका इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया गया।
आईफोन, फ्लाइट टिकट और फाइव स्टार होटल के रिकॉर्ड मिले
रिमांड के दौरान पुलिस ने तृप्ति के मायके बागमुगलिया और ससुराल अलकापुरी में भी तलाशी ली। पुलिस के मुताबिक, यहां से उसकी कथित आलीशान जीवनशैली से जुड़े दस्तावेज मिले।
तलाशी में महंगे आईफोन की खरीद की रसीदें, फ्लाइट टिकट और अन्य दस्तावेज बरामद होने की बात सामने आई है।
पुलिस के अनुसार, तृप्ति महंगे होटलों में ठहरती थी व देश के कई हिस्सों में हवाई यात्रा करती थी। जांच एजेंसी अब यह मिलान कर रही है कि इन खर्चों का संबंध कथित ठगी से मिली रकम से है या नहीं।
चार दिन की रिमांड के बाद तीनों जेल भेजे गए
तृप्ति सिंह और उसके भाई सुधांशु सिंह को पुलिस ने अशोकनगर से गिरफ्तार कर भोपाल लाया था। इसके बाद दोनों को कोर्ट में पेश कर रिमांड लिया गया। मामले में ड्राइवर भूपेंद्र बैरागी को भी गिरफ्तार किया गया।
रिमांड अवधि पूरी होने के बाद गुरुवार को तीनों को अदालत में पेश किया गया। आरोपियों की ओर से जमानत आवेदन लगाया गया था, लेकिन अदालत ने उसे खारिज कर दिया। इसके बाद तृप्ति सिंह, सुधांशु सिंह और भूपेंद्र बैरागी को जेल भेज दिया गया।
कितने लोगों को बनाया निशाना, पुलिस कर रही जांच
पुलिस अब तृप्ति के मोबाइल फोन, बैंक खातों, दस्तावेजों और लेनदेन की जांच कर रही है। साथ ही उसके संपर्क में रहे लोगों और संभावित नेटवर्क के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
जांच का फोकस इस बात पर है कि तृप्ति ने फर्जी IAS अधिकारी की पहचान बनाकर कितने लोगों को ठगा, नौकरी और सरकारी काम के नाम पर कितनी रकम ली और इस पूरे नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं।
पुलिस को उम्मीद है कि मोबाइल और बैंक लेनदेन की जांच पूरी होने के बाद तृप्ति के कथित ठगी नेटवर्क से जुड़े और भी लोगों के नाम सामने आ सकते हैं।
संबंधित समाचार

धागा कारोबारी से करोड़ों की धोखाधड़ी:महाराष्ट्र के व्यापारी पर केस दर्ज; माल लेकर नहीं किया भुगतान

CJP का प्रदर्शन:कार्यकर्ता के पिता से मारपीट का आरोप; आरोपी पर कार्रवाई की मांग

मेट्रो का कमर्शियल रन:इस रूट पर दौड़ेगी मेट्रो; सीएम डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री खट्टर करेंगे शुरुआत

जग वंदन, नंदनंदन आयो:देश-विदेश में छाया श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का उल्लास

एमपी के कई जिलों में बारिश का दौर जारी:आज इन जिलों में भारी बरसात का अलर्ट; सीएम ने कलेक्टरों को हाई अलर्ट पर रहने को कहा

सुबह प्रमोशन शाम को रिटायरमेंट:डिप्टी रजिस्ट्रार के पद पर सिर्फ 6 घंटे की सेवा; पेंशन-ग्रेच्युटी के लाभ पर उठे सवाल

देर रात जमकर बरसे बादल:दिनभर हल्की से मध्यम बारिश के आसार; अगले दो दिन भी बना रहेगा दौर

आयुष्मान योजना के बदलेंगे नियम:4 शहरों के 289 अस्पतालों पर संकट; छूट हो रही खत्म

लाखों रुपए लेकर मुस्लिम प्रेमी के साथ भागी शादीशुदा महिला:परिवार को नींद की गोलियां देकर निकली; दो सहयोगी गिरफ्तार

मेट्रो के अंडरग्राउंड सफर की शुरुआत:410 टन की नर्मदा TBM लॉन्च; अब बनेगी सुरंग

नवविवाहिता की मौत:प्रेम विवाह के 25 दिन बाद घर के बाहर हौज में मिला शव; पति-जेठानी हिरासत में

एयरपोर्ट पर विमान पोल से टकराया:पार्किंग के दौरान हादसा; आगे का हिस्सा क्षतिग्रस्त, सभी यात्री सुरक्षित

महिला से लाखों की साइबर ठगी:गूगल पर अमेज़न कस्टमर केयर का नंबर खोजना पड़ा महंगा

नीरज चोपड़ा एशियन गेम्स से बाहर:चोट के चलते नहीं खेलेंगे; इस खिलाड़ी को मिली टीम में जगह

क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई:अवैध हथियारों की डिलीवरी से पहले दो गिरफ्तार; 3 पिस्टल-1 कट्टा बरामद

कलेक्टोरेट में अपर कलेक्टरों के बीच हुआ काम का बंटवारा:इन्हें मिली जिम्मेदारी; कलेक्टर ने जारी किए आदेश

देखिए वीडियो:रॉन्ग साइड ड्राइविंग पर अब सीधे FIR; राजधानी की तर्ज पर ट्रैफिक पुलिस की सख्ती, ड्रोन से निगरानी कर चार वाहन चालकों पर केस

महिला ने नगर निगम कमिश्नर को बीच रास्ते रोका:बोली- पाइप चेंज करा दो; किससे पानी मांगे

फिल्मी उम्मीदें बनाम असली शादी:सुहागरात पर पत्नी नहीं शरमाई तो पति पहुंचा फैमिली कोर्ट

UPSC में फेल हुआ तो बना फर्जी IPS:फर्जी थानेदार बनकर रौब जमाने की कोशिश; डायरी में अफसरों के नंबर
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!