रिटायर्ड शिक्षक से 29.50 लाख की ठगी: 48 घंटे तक रखा डिजिटल अरेस्ट
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, ग्वालियर।
डिजिटल अरेस्ट के नाम पर साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है। ठगों ने एक रिटायर्ड शिक्षक को 48 घंटे तक मानसिक रूप से बंधक बनाकर उनसे करीब 29 लाख 50 हजार रुपए की ठगी कर ली।
मुंबई खाते से जोड़कर डराया
जानकारी के मुताबिक, ठगों ने पीड़ित को परिवार सहित आरोपी बनाए जाने का डर दिखाकर यह ठगी की। पीड़ित प्रेम सिंह कुशवाह, निवासी भिंड, पेशे से रिटायर्ड शिक्षक हैं।
जांच एजेंसी का अधिकारी बताया
ठगों ने खुद को जांच एजेंसी का अधिकारी बताते हुए कॉल किया और कहा कि मुंबई में उनके नाम से जुड़े एक बैंक खाते में डेढ़ करोड़ रुपये की फ्रॉड राशि ट्रांसफर हुई है। इसके बाद उन्हें बताया गया कि यदि उन्होंने सहयोग नहीं किया, तो उन्हें और उनके परिवार को मनी लॉन्ड्रिंग केस में आरोपी बना दिया जाएगा।
48 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट
ठगों ने प्रेम सिंह को फोन और वीडियो कॉल के जरिए 48 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट में रखा। उन्हें किसी से संपर्क न करने, घर से बाहर न निकलने और लगातार कॉल पर बने रहने का दबाव बनाया गया। मानसिक दबाव में आकर पीड़ित ने अलग-अलग खातों में रकम ट्रांसफर कर दी।
30 खातों में ट्रांसफर हुई रकम
जांच में सामने आया है कि ठगी की रकम तीन लेयर में करीब 30 अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर की गई। साइबर ठगों ने पूरी योजना के तहत रकम को इधर-उधर किया, जिससे ट्रैक करना मुश्किल हो सके।
8 लाख रुपए किए फ्रीज
मामले की जानकारी मिलने पर राज्य साइबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब 8 लाख रुपए विभिन्न खातों में फ्रीज करवा दिए। हालांकि ठग इससे पहले ही लगभग 19 लाख रुपए निकालने में सफल हो चुके थे।
साइबर सेल जांच में जुटी
फिलहाल पुलिस और साइबर सेल की टीमें खातों, कॉल डिटेल्स और डिजिटल ट्रेल की जांच कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि यह मामला अंतरराज्यीय साइबर गिरोह से जुड़ा हो सकता है।
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