फर्जी डिग्री का खेल: नकली दस्तावेजों के आधार पर हासिल की सरकारी नौकरी; 9 पर एफआईआर
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, भोपाल।
मध्य प्रदेश में स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़ा बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। फर्जी डिग्री, फर्जी मेडिकल काउंसिल रजिस्ट्रेशन और दूसरे डॉक्टरों के पंजीयन नंबरों के आधार पर सरकारी नौकरी हासिल करने वाले 9 कथित डॉक्टरों के खिलाफ भोपाल में FIR दर्ज की गई है।
अब पूरा नेटवर्क रडार पर
चौंकाने वाली बात यह है कि ये सभी करीब पांच महीने तक सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों और संजीवनी क्लीनिकों में मरीजों का इलाज करते रहे। मामले में भोपाल के चूनाभट्टी थाने में नौ आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है। पुलिस अब पूरे नेटवर्क और भर्ती प्रक्रिया में संभावित मिलीभगत की जांच कर रही है।
मेडिकल काउंसिल में जांच हुई तो खुली पोल
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) को इन डॉक्टरों की डिग्री और दस्तावेजों को लेकर शिकायत मिली थी। प्रारंभिक जांच में दस्तावेज संदिग्ध पाए गए। इसके बाद जब मेडिकल काउंसिल के रिकॉर्ड से पंजीयन नंबरों का मिलान किया गया तो बड़ा खुलासा हुआ।
जांच में सामने आया कि कई आरोपियों ने दूसरे डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन नंबर का इस्तेमाल किया था, जबकि कुछ के पंजीयन नंबर मेडिकल काउंसिल के रिकॉर्ड में मौजूद ही नहीं थे। कई मामलों में असली डॉक्टरों के दस्तावेजों की कॉपी लेकर उन्हें एडिट किया गया और नए नामों से फर्जी प्रमाण पत्र तैयार किए गए।
जनवरी से कर रहे थे नौकरी
पुलिस के अनुसार आरोपी जनवरी 2026 से अलग-अलग सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में पदस्थ थे। इस दौरान वे मरीजों का परीक्षण और इलाज भी कर रहे थे। हैरानी की बात यह है कि मेडिकल काउंसिल की वेबसाइट पर सामान्य सत्यापन से पकड़ी जा सकने वाली गड़बड़ियां भी भर्ती प्रक्रिया में नजरअंदाज कर दी गईं।
इन आरोपियों पर दर्ज हुआ मामला
एफआईआर में डॉ. आकाश चंदेलकर, डॉ. मोहर सिंह, डॉ. कमल किशोर, डॉ. मोनिका, डॉ. हारून, डॉ. शांति, डॉ. सोनम, डॉ. बुद्धमान और डॉ. पवन को आरोपी बनाया गया है।
मिलीभगत के एंगल से भी जांच
पुलिस और जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह फर्जीवाड़ा केवल व्यक्तिगत स्तर पर हुआ या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय था। भर्ती प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में है। अधिकारियों का मानना है कि बिना अंदरूनी मदद के इतने बड़े स्तर पर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नियुक्तियां होना संभव नहीं दिखता।
NHM के आईटी असिस्टेंट की भी हो चुकी गिरफ्तारी
इस पूरे मामले की कड़ियां पहले सामने आए फर्जी MBBS डिग्री कांड से भी जुड़ती नजर आ रही हैं। हाल ही में दमोह फर्जी डॉक्टर प्रकरण में NHM भोपाल के एक आईटी असिस्टेंट को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस को शक है कि फर्जी दस्तावेजों के सत्यापन और भर्ती प्रक्रिया में कई स्तरों पर अनियमितताएं हुई हैं।
सबसे बड़ा सवाल
यह मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग और NHM की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आखिर मेडिकल काउंसिल की वेबसाइट पर उपलब्ध रिकॉर्ड से सत्यापन किए बिना इन लोगों को सरकारी अस्पतालों में नियुक्ति कैसे मिल गई? और पांच महीने तक मरीजों की जिंदगी के साथ यह खिलवाड़ चलता कैसे रहा? अब जांच एजेंसियों के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह पता लगाना है कि इस फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड कौन है और इसके तार कहां तक जुड़े हुए हैं।
संबंधित समाचार

महिला से लाखों की साइबर ठगी:गूगल पर अमेज़न कस्टमर केयर का नंबर खोजना पड़ा महंगा

नीरज चोपड़ा एशियन गेम्स से बाहर:चोट के चलते नहीं खेलेंगे; इस खिलाड़ी को मिली टीम में जगह

क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई:अवैध हथियारों की डिलीवरी से पहले दो गिरफ्तार; 3 पिस्टल-1 कट्टा बरामद

कलेक्टोरेट में अपर कलेक्टरों के बीच हुआ काम का बंटवारा:इन्हें मिली जिम्मेदारी; कलेक्टर ने जारी किए आदेश

देखिए वीडियो:रॉन्ग साइड ड्राइविंग पर अब सीधे FIR; राजधानी की तर्ज पर ट्रैफिक पुलिस की सख्ती, ड्रोन से निगरानी कर चार वाहन चालकों पर केस

महिला ने नगर निगम कमिश्नर को बीच रास्ते रोका:बोली- पाइप चेंज करा दो; किससे पानी मांगे

फिल्मी उम्मीदें बनाम असली शादी:सुहागरात पर पत्नी नहीं शरमाई तो पति पहुंचा फैमिली कोर्ट

UPSC में फेल हुआ तो बना फर्जी IPS:फर्जी थानेदार बनकर रौब जमाने की कोशिश; डायरी में अफसरों के नंबर

नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई:गांजे के हरे पौधे किए जब्त; आरोपी पर केस दर्ज

‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में 1 लाख युवाओं का टारगेट:घर-घर जाकर होगा Gen-Z का रजिस्ट्रेशन; नेताओं को बाहर संभालनी होगी व्यवस्था

देश के कई राज्यों में बाढ़ जैसे हालात:बिहार में 13 जिले जलमग्न; काशी में 407 परिवारों ने घर छोड़ा, हिमाचल में 175 सड़कें बंद

कौन बोले:हमें कांग्रेस-आप की बी टीम कहने वाले पहले तय करें, हम किसकी टीम हैं

घरों के बाहर घूमता दिखा तेंदुआ:सीसीटीवी में कैद हुई तस्वीरें; ग्रामीणों में दहशत

अवैध क्लिनिक में गलत इलाज से 10 साल की मासूम की मौत:लीपापोती में जुटा स्वास्थ्य विभाग

देखिए वीडियो:इस प्रसिद्ध मंदिर के पहले सीईओ ने संभाला कार्यभार; बोले- पुरानी बातों को छोड़कर आगे बढ़ने का समय

375 क्विंटल अवैध शकर जब्त:पैपे न्यूट्रिशन चॉकलेट फैक्ट्री पर खाद्य विभाग का छापा; नौ शकर डीलरों के गोदामों की भी जांच

राहुल गांधी की ‘छात्रों की गूंज’ में यौन शोषण के फरार आरोपी की गूंज:भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता राकेश सिंह यादव ने कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका

कोर्ट की तल्ख टिप्पणी:‘पत्नी का हर जगह पति के साथ जाना जरूरी नहीं’

‘सेना’ की निगरानी में ‘रामलला’:ऑपरेशन सिंदूर में कमाल करने वाले एयर मार्शल के हवाले अब राम मंदिर ट्रस्ट 5885 दावेदार; एक का हुआ चयन

ट्रैफिक डायवर्शन:जन्माष्टमी-गोगा नवमी पर कई रास्तों पर वाहनों की एंट्री बंद; पार्किंग भी प्रतिबंधित
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!