खबर
Top News

किस शहर में इंफ्रास्ट्रक्चर कारोबारी के ठिकानों पर छापा: रात्रि में दस्तावेज-मशीनें व कंप्यूटर जब्त; अन्य भी दहशत में

KHULASA FIRST

संवाददाता

20 जनवरी 2026, 5:53 पूर्वाह्न
236 views
शेयर करें:
किस शहर में इंफ्रास्ट्रक्चर कारोबारी के ठिकानों पर छापा

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
शहर के नामचीन बिल्डर और डेवलपर बीआर कंस्ट्रक्शन्स के सपना संगीता रोड स्थित ऑफिस पर शुक्रवार अलसुबह पड़े आयकर छापे के दौरान बड़ी मात्रा में गड़बड़ियां मिली हैं।

देर रात्रि में बड़ी मात्रा में दस्तावेज जब्त
सूत्रों ने बताया कि अधिकारियों ने देर रात्रि में बड़ी मात्रा में दस्तावेज जब्त किए और अपने साथ वाहनों में भरकर ले गए।

छापे के बाद दहशत
इस छापे के बाद से शहर के अन्य बिल्डरों-डेवलपरों और यहां तक कि कॉलोनाइजरों में भी दहशत की स्थिति है।

कंस्ट्रक्शन के क्षेत्र में बड़ा नाम
बीआर गोयल इंफ्रास्ट्रक्चर समूह कंस्ट्रक्शन के क्षेत्र में बड़ा नाम है। समूह का अग्रसेन चौराहा से सपना-संगीता की ओर जाने वाले मार्ग पर विशाल आफिस है।

तमाम बड़े लोगों का पैसा
अग्रवाल समाज के तमाम बड़े लोगों का पैसा और सहयोग इस समूह के कामों में लगा है। सूत्रों ने बताया कि इंदौर ही नहीं, अन्य शहरों के कई धनाढ्यों का पैसा इस समूह के विभिन्न प्रोजेक्ट्स में लगा है और भारीभरकम मुनाफा कमा रहे हैं।

आवाजाही भी शुरू नहीं हुई थी
कई चार्टर्ड अकाउंटेट्स भी इस समूह से जुड़े हैं। शुक्रवार अलसुबह जबकि इस मार्ग पर आवाजाही भी शुरू नहीं हुई थी, आयकर विभाग की टीम दनादन यहां पहुंची और सॢचंग शुरू कर दी।

गड़बड़ियों का पता
सूत्रों का कहना है कि सर्च शनिवार और रविवार को भी जारी रही और इस दौरान बड़ी मात्रा में ऐसे दस्तावेज मिले हैं जिनसे गड़बड़ियों का पता चलता है।

सीसीटीवी कैमरे बंद करवा दिए
इसके बाद रविवार रात्रि व सोमवार रात्रि में दस्तावेज लेकर विभाग के अधिकारियों की टीम रवाना हो गई। इस दौरान न केवल सीसीटीवी कैमरे बंद करवा दिए गए थे बल्कि बाहर की लाइट भी ऑफ करवा दी गई थी।

अब जांचे जाएंगे दस्तावेज
अब इन दस्तावेजों की जांच का काम शुरू होगा और ये पता लगाया जाएगा कि कहां, कब, कितनी और कैसे गड़बड़ियां की गई हैं। विभाग की यह कार्रवाई पूरी तरह गोपनीय रखी गई थी।

डिजिटल रिकॉर्ड की जांच
टीमों ने सुबह-सुबह ऑफिस और कंपनी के डायरेक्टर से जुड़े परिसरों में प्रवेश कर दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच शुरू की थी।

बाहरी व्यक्ति को अंदर नहीं जाने दिया
इस दौरान किसी भी बाहरी व्यक्ति को अंदर जाने की अनुमति नहीं थी। सर्चिंग का केंद्र बीआर गोयल इंफ्रास्ट्रक्चर का सपना-संगीता रोड स्थित कार्यालय ही था।

अधिकारियों ने फर्म के अकाउंट्स, प्रोजेक्ट फाइल्स, बैंक ट्रांजैक्शन, बिलिंग और डिजिटल डेटा को दो दिनों तक खंगाला और फिर जब्त कर लिया।

इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की भी गहन जांच
लैपटॉप, हार्ड डिस्क और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की भी गहन जांच की जा रही है। विभाग की नजर खासतौर पर सरकारी सडक़ निर्माण ठेकों, भुगतान प्रक्रिया और खर्चों के मिलान पर बताई जा रही है।

आय-व्यय का असंतुलन
सूत्र बताते हैं कि इनकम टैक्स विभाग को कंपनी के कामकाज से जुड़े बड़े वित्तीय लेन-देन, आय-व्यय के असंतुलन और टैक्स से संबंधित संभावित गड़बड़ियों की जानकारी मिली थी।

क्या कंपनी ने आय छिपाई
इसी इनपुट के आधार पर छापा डाला गया। आईटी विभाग यह जानने की कोशिश कर रहा है कि- क्या कंपनी ने आय छिपाई? क्या खर्चों को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया?

दस्तावेजों का मिलान
क्या सरकारी ठेकों से जुड़ी भुगतान प्रक्रिया में कोई अनियमितता हुई? इन सभी बिंदुओं पर दस्तावेजों का मिलान किया जा रहा है।

बहुत फैला है कारोबार
बीआर गोयल इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड इंदौर की जानी-मानी निर्माण कंपनियों में शामिल है। कंपनी की स्थापना वर्ष 1986 में हुई थी।

पब्लिक लिमिटेड कंपनी बन गई
वर्ष 2005 में यह प्राइवेट लिमिटेड बनी और बाद में पब्लिक लिमिटेड कंपनी के रूप में परिवर्तित हुई। कंपनी का कार्यक्षेत्र केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं है।

आवासीय प्रोजेक्ट्स
यह- सरकारी सड़क और राजमार्ग निर्माण पुल और भवन निर्माण रेडी मिक्स कंक्रीट की सप्लाई टोल कलेक्शन प्रोजेक्ट्स इंदौर में बीआरजी हिल व्यू जैसे आवासीय प्रोजेक्ट्स जैसे कई बड़े सेक्टर्स में सक्रिय है। कंपनी देश के विभिन्न हिस्सों में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है।

दस्तावेजों की जांच के बाद स्थिति स्पष्ट होगी
अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल सर्चिंग की प्रक्रिया जारी है और इसमें अभी समय लग सकता है।

कालोनाइजरों में भी दहशत
उधर, इस छापे के बाद से शहर के उन बिल्डरों, डेवलपरों, कालोनाइजरों में भी दहशत की स्थिति है जिनके बारे में वित्तीय गड़बड़ियों का संदेह है।

जिन्होंने प्लॉटों-जमीनों में धोखाधड़ी की है, उन पर भी निगाह है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में उन पर छापे की कार्रवाई हो सकती है।

संबंधित समाचार

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!