ज्योतिर्लिंग मंदिर में गर्भगृह प्रवेश को लेकर फिर उठा विवाद: डिजिटल क्रिएटर ने किए दर्शन; सोशल मीडिया पर तस्वीरें वायरल होने के बाद उठे सवाल, सांसद भी भड़के
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, उज्जैन।
विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में गर्भगृह प्रवेश को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। सोशल मीडिया पर कुछ श्रद्धालुओं की गर्भगृह में दर्शन करते हुए और तस्वीरें खिंचवाते हुए फोटो वायरल होने के बाद मंदिर प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। आम श्रद्धालुओं ने आरोप लगाया है कि जब सामान्य भक्तों के लिए गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित है, तो कुछ विशेष लोगों को यह अनुमति किस आधार पर दी जा रही है।
सोमवती अमावस्या के अवसर का मामला
जानकारी के अनुसार यह तस्वीरें 15 जून की बताई जा रही हैं। उस दिन सोमवती अमावस्या के अवसर पर महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी थी। इसी दौरान दिल्ली निवासी अक्षय आनंद ने अपने फेसबुक एवं अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कुछ तस्वीरें साझा कीं। इन तस्वीरों में वे अपनी पत्नी और अन्य परिचितों के साथ महाकाल मंदिर के गर्भगृह में दर्शन करते नजर आ रहे हैं। तस्वीरों में अक्षय आनंद पारंपरिक धोती-सोला पहनकर गर्भगृह में मौजूद दिखाई दे रहे हैं।
सोशल मीडिया पर लोगों ने तीखी प्रतिक्रिया दी
तस्वीरें वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। कई श्रद्धालुओं ने सवाल उठाया कि जब आम भक्तों को गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति नहीं है, तब कुछ लोगों को विशेष अनुमति कैसे मिल गई। कई यूजर्स ने इसे वीआईपी संस्कृति का उदाहरण बताते हुए मंदिर प्रशासन की दोहरी व्यवस्था पर सवाल खड़े किए।
सोशल मीडिया प्रोफाइल से सामने आई जानकारी
वायरल तस्वीरों के बाद लोगों ने अक्षय आनंद के सोशल मीडिया अकाउंट भी खंगाले। जानकारी सामने आई कि वे डिजिटल क्रिएटर के रूप में सक्रिय हैं और उनके कई प्रसिद्ध हस्तियों तथा सेलेब्रिटीज के साथ फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर उपलब्ध हैं। इसके बाद यह चर्चा और तेज हो गई कि आखिर उन्हें गर्भगृह तक पहुंचने की अनुमति कैसे मिली।
मंदिर प्रशासन ने दी सफाई
विवाद बढ़ने के बाद महाकाल मंदिर प्रशासन ने अपनी स्थिति स्पष्ट की। मंदिर प्रशासक ने बताया कि अक्षय आनंद और उनके साथ मौजूद लोग उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों के साथ मंदिर पहुंचे थे। इसी कारण उन्हें नियमानुसार गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति प्रदान की गई थी। प्रशासन का कहना है कि प्रवेश प्रक्रिया निर्धारित नियमों के तहत ही हुई है।
सांसद अनिल फिरोजिया ने जताई नाराजगी
मामले पर उज्जैन सांसद अनिल फिरोजिया ने भी खुलकर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने महाकाल मंदिर में बढ़ते वीआईपी कल्चर पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वे स्वयं इसके विरोधी हैं। सांसद ने कहा कि वे आज भी आम श्रद्धालुओं की तरह लाइन में लगकर भगवान महाकाल के दर्शन करते हैं।
कभी विशेष सुविधा का उपयोग नहीं
उन्होंने कहा कि उनकी माताजी पिछले लगभग 60 वर्षों से महाकाल मंदिर में दर्शन के लिए जाती हैं और वे भी कभी विशेष सुविधा का उपयोग नहीं करतीं। सांसद ने कहा कि भगवान महाकाल के दरबार में सभी भक्त समान हैं और वहां राजा तथा रंक में कोई अंतर नहीं होना चाहिए। फिरोजिया ने अधिकारियों को भी नसीहत देते हुए कहा कि उन्हें यह नहीं भूलना चाहिए कि अंततः सभी को महाकाल की शरण में जाना है और अपने कर्मों का हिसाब देना होता है।
आम श्रद्धालुओं के लिए गर्भगृह खोलने की मांग
सांसद ने मांग की कि प्रतिदिन कम से कम दो घंटे के लिए महाकाल मंदिर का गर्भगृह आम श्रद्धालुओं के लिए खोला जाना चाहिए, ताकि भक्त स्वयं भगवान महाकाल का जलाभिषेक और पूजन कर सकें। उन्होंने बताया कि इस संबंध में वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भी चर्चा कर चुके हैं। सांसद ने कहा कि जिस दिन गर्भगृह आम श्रद्धालुओं के लिए खोला जाएगा, उस दिन वे भी किसी विशेष व्यवस्था का लाभ नहीं लेंगे और सामान्य भक्तों की तरह लाइन में लगकर जलाभिषेक करेंगे।
गर्भगृह प्रवेश को लेकर क्या है व्यवस्था
महाकाल मंदिर के गर्भगृह प्रवेश को लेकर पूर्व में न्यायालयों में भी मामला पहुंच चुका है। हाईकोर्ट में दायर याचिका की सुनवाई के दौरान अदालत ने गर्भगृह प्रवेश का अधिकार जिला कलेक्टर को सौंपा था। बाद में मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा, जहां भी यही व्यवस्था बरकरार रखी गई। वर्तमान में विशेष परिस्थितियों और निर्धारित नियमों के तहत ही गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति दी जाती है।
फिर उठे कई सवाल
वायरल तस्वीरों के बाद एक बार फिर यह बहस शुरू हो गई है कि क्या महाकाल मंदिर में सभी श्रद्धालुओं के लिए समान व्यवस्था लागू है या फिर विशेष लोगों को अतिरिक्त सुविधाएं दी जा रही हैं। मंदिर प्रशासन की सफाई के बावजूद सोशल मीडिया पर इस मुद्दे को लेकर चर्चा और सवालों का दौर जारी है।
संबंधित समाचार

वीडियो देखिये, पांच सितारा होटल की रसोई में गंदगी का राज:फूड एंड ड्रग जांच में कई खामियां सामने आईं; वेज-नॉनवेज सामग्री एक ही फ्रीजर में मिली

भाजयुमो में बड़ा संगठनात्मक फेरबदल:12 जिलों में नए जिलाध्यक्ष-महामंत्री नियुक्त; इंदौर भोपाल सहित कई जिले होल्ड पर

वीडियो देखिए, फोरलेन मुआवजे की मांग पर कलेक्ट्रेट घेराव:किसानों ने शुरू किया अनिश्चितकालीन धरना, रात में भी लगाए नारे

योगासन में दिखेगा हुनर:दो लाख से ज्यादा के नकद पुरस्कार; राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय जज करेंगे मूल्यांकन

वीडियो देखिये, होटल में छापे के दौरान हंगामा:कवरेज को लेकर वीडियो जर्नलिस्ट से अधिकारी ने की बदसलूकी

गैस वाहन से रिसाव और आग:चौराहे पर थम गया ट्रैफिक; पुलिस से फायर ब्रिगेड तक सभी हुए अलर्ट

झाड़ू पर बवाल:निगमकर्मी और रहवासी भिड़े; सिर फूटा तो थाने पहुंचा मामला

विवि में छात्रसंघ चुनाव की मांग पर बवाल:गेट टूटने के मामले में पांच गिरफ्तार; 10 पर एफआईआर

18 को डिस्चार्ज,19 को मौत:एच1एन1 मरीज की सूचना नहीं देने पर अस्पताल को सीएमएचओ का नोटिस

पांच साल से नहीं खुल रहा था मुंह, अब मिली राहत:शहर में पहली बार मरीज के जबड़े के हिसाब से बना कृत्रिम जोड़

दूषित पानी कांड की जांच पूरी:600 से ज्यादा पन्नों की रिपोर्ट हाईकोर्ट में सीलबंद; 36 मौतों की जिम्मेदारी पर 25 को होगा खुलासा

शादी का झांसा देकर महिला से 1.27 करोड़ खर्च करवाए:लग्जरी लाइफ के लिए बदलता रहा नंबर-ठिकाना; आरोपी गिरफ्तार

करोड़ों के लालच में किशोर की हत्या:मेडिकल स्टूडेंट बनकर की दोस्ती; प्राइवेट पार्ट निकालकर बेचने की थी साजिश, तालाब में क्राइम सीन रीक्रिएट

लाठीचार्ज पर सुप्रीम कोर्ट सख्त:पूर्व जज की अध्यक्षता में कमेटी गठित; बल प्रयोग से लेकर एफआईआर तक होगी जांच

बोरियों में ही उग आया गेहूं:गरीबों के राशन की दुर्दशा; भड़के ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी

मंगलनाथ मंदिर चोरी का खुलासा:महाराष्ट्र से आरोपी गिरफ्तार, दानपेटी-पंखा बरामद

स्वाइन फ्लू की दस्तक:एच1एन1 के 6 मरीज मिले; अस्पतालों में ओपीडी 10 हजार पार, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

छात्रा का अपहरण:एक महीने तक बंधक बनाकर दुष्कर्म; पड़ोसी समेत दो आरोपी गिरफ्तार

MP के कॉलेजों में एडमिशन का एक और मौका:UG-PG के लिए फिर शुरू होगा रजिस्ट्रेशन; तारीख बढ़ी

छात्रा की मौत से मचा हड़कंप:पहली मंजिल पर दुपट्टे से लटका मिला शव; 112 की गाड़ी से अस्पताल पहुंचाया
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!