पत्रकार से डरा मुलजिम सूरज रजक: झूठी खबर छापने पर भेजे गए नोटिस को लेने से किया इनकार
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
पहले अपराध करो, फिर यदि कोई उसका खुलासा करे तो उसे धमकियां दो। बात अगर बन जाए तो ठीक, नहीं तो उसके खिलाफ राजनीतिक रसूख से दबाव-प्रभाव बनाकर झूठी शिकायत कर दो। अब तो अखबार मालिक हो जाने के बाद झूठी खबरें प्रकाशित करना भी अदतन अपराधी सूरज रजक का शगल बन गया है। ऐसा ही कुछ उसने वरिष्ठ पत्रकार आरके गुप्ता के खिलाफ किया, लेकिन उसकी ये चालाकी इस बार उस पर ही भारी पड़ती नजर आ रही है। चूंकि आरके गुप्ता वरिष्ठ पत्रकार होने के साथ एक अनुभवी वकील भी हैं, सो उन्होंने माफिया सूरज रजक को छठी का दूध याद दिला दिया है।
पिछले दिनों कई संगीन अपराधों से लदे सूरज रजक ने वरिष्ठ पत्रकार के खिलाफ झूठी शिकायत कर ऐसी खबर प्रकाशित की थी कि मानो उन्होंने सच में अपराध किया हो। नतीजा ये हुआ कि वरिष्ठ पत्रकार ने उसे नोटिस भेज दिया। खास बात यह कि इस नोटिस को लेने में सूरज रजक, उसके वकील और अखबार के संपादक के हाथ-पैर ठंडे हो गए और उन्होंने उसे लौटा दिया।
शिकायत को अखबार में कर दिया प्रकाशित
इससे भी ज्यादा अति तो तब हो गई जब उसने इसी मनगढ़ंत तथ्यों वाली शिकायत को अपने अखबार प्रदेश प्रकाश में ऐसे प्रकाशित किया मानो वरिष्ठ पत्रकार आरके गुप्ता एक अपराधी हैं और उन्होंने उक्त अपराध किया ही है। नतीजा ये हुआ कि वरिष्ठ पत्रकार ने मुलजिम सूरज रजक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। वरिष्ठ पत्रकार होने के साथ एक अभिभाषक भी होने के चलते उन्होंने एक नोटिस तैयार किया, जिसमें प्रमाणित किया कि उन पर लगाए आरोप झूठे हैं।
उन्होंने यह नोटिस प्रदेश प्रकाश के संपादक अनंत बिल्लौरे, अखबार मालिक सूरज रजक, अखबार के प्रतिनिधि और वकील को रजिस्टर्ड डाक से भेजा, लेकिन किसी की भी हिम्मत इसे लेने की नहीं हुई। कहीं न कहीं इससे साबित होता है कि वे लोग गलत हैं और उनमें सच का सामना करने की ताकत नहीं है।
दस लाख रुपए मांगने का लगाया था आरोप
उल्लेखनीय है कि 14 जुलाई को वरिष्ठ पत्रकार आरके गुप्ता को सूरज रजक ने उसके खिलाफ खबर छापने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी थी। इसका केस उन्होंने पंढरीनाथ थाने में दर्ज कराया था। इस केस के बाद उसके पांच साल से लंबित पड़े स्थायी गिरफ्तारी वारंट का भी खुलासा हो गया था।
हालांकि उसने ताबड़तोड़ इसमें राजीनामा कर खुद को जेल जाने से बचा लिया था। इसके बाद उसने वरिष्ठ पत्रकार पर दबाव बनाने के लिए झूठे साक्ष्य गढ़ते हुए पंढरीनाथ थाने और पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह के कार्यालय पर एक शिकायती आवेदन दिया था। आरोप लगाया था कि उसे ब्लैकमेल करते हुए वरिष्ठ पत्रकार आरके गुप्ता ने उससे दस लाख रुपए की मांग की है।
संबंधित समाचार

आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई:भारी मात्रा में भांग और मशीनें जब्त; घर से चल रहा था कारोबार

तीन सौ से अधिक मंचों से जगह-जगह होगा स्वागत:बाणेश्वरी कावड़ यात्रा शहर भ्रमण पर निकली

मूंग और किसान आंदोलन पर प्रधानमंत्री चिंतित:कृषि मुद्दों पर की चर्चा मोदी-शिवराज मुलाकात

फिर सलाखों के पीछे पहुंचा कांग्रेसी डकैत:लव जिहाद फंडिंग केस में डेढ़ साल जेल में बंद रहने के बाद छूटा था जमानत पर

नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई:लाखों की अवैध शराब की जब्त; आलू की बोरियों के नीचे ले जा रहे थे छिपाकर

कमिश्नर, कलेक्टर सहित अन्य अधिकारी बस से ग्राम अंबा चंदन के लिए हुए रवाना:मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान का शुभारंभ

जन-विश्वास अभियान की शुरुआत होते ही मुख्यमंत्री का बड़ा एक्शन:सीएमएचओ-तहसीलदार और पटवारी को किया सस्पेंड

अतिक्रमण पर कब चलेगा पीला पंजा:सी21 मॉल की अवैध दुकानों पर नगर निगम का आधा-अधूरा एक्शन

दबंग दुनिया का दबंग हिसाब:अब देना होंगे 48 करोड़

राष्ट्रवीर दुर्गादास राठौर पर आधारित चार प्रेरक गीतों का विमोचन

बेटे ने की पिता की हत्या:सिर पर कुल्हाड़ी से किए कई वार

धरा को हरा-भरा बनाने का संकल्प:स्काउट्स व छात्रों ने किया पौधारोपण

स्मृति के झरोखे से पर सार्थक चर्चा:राष्ट्रीय कवि सत्यनारायण 'सत्तन' ने की अध्यक्षता

नशामुक्त स्वप्न से सशक्त राष्ट्र के शिल्प तक

लव जिहाद का चौंकाने वाला मामला:शाहरुख ने महेंद्र बनकर युवती को प्रेमजाल में फंसाया; शादी का झांसा देकर किया दुष्कर्म, धोखे से लाखों रुपए निकाले

भोजशाला से खुला काशी-मथुरा का रास्ता:वाग्देवी के दर्शन कर साध्वी ऋतंभरा ने कहा

जान जोखिम में डाल स्कूल जा रहे बच्चे:मुख्यमंत्री के गृह जिले के गांव ऊंचाहेड़ा को आजादी के बाद से सड़क का इंतजार

नवकरणीय ऊर्जा में मध्य प्रदेश अग्रणी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव:सातवां अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा सम्मेलन दिल्ली में आयोजित

छात्रों की समस्याओं को लेकर NSUI का प्रदर्शन:कुलगुरु को सौंपा ज्ञापन; समाधान नहीं होने पर दी आंदोलन की चेतावनी

कैमरा-मोबाइल तोड़े:डंडों से तथाकथित पत्रकार की पिटाई
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!