महंगे हवाई किराए पर सुप्रीम कोर्ट सख्त: केंद्र से मांगा जवाब; एयरलाइंस पर कार्रवाई के संकेत, केंद्र ने नए नियमों के लिए मांगा तीन सप्ताह का समय
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, नई दिल्ली।
त्योहारों और छुट्टियों के दौरान आसमान छूते हवाई किराए को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है।अदालत ने एयरलाइंस की ओर से किराया तय करने की प्रक्रिया और यात्रियों से लिए जाने वाले अतिरिक्त शुल्क पर सवाल उठाए हैं। कोर्ट ने कहा कि यदि एयरलाइंस निर्धारित नियमों का पालन नहीं करती हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।
मामले की सुनवाई जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने की। सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने हवाई किराए से जुड़े नए नियम तैयार करने के लिए तीन सप्ताह का समय मांगा, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। अब मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर को होगी।
नियमों का पालन नहीं तो उड़ानें रोकने की चेतावनी
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यात्रियों के हितों की रक्षा के लिए नियम मौजूद हैं, लेकिन उनका प्रभावी तरीके से पालन और निगरानी सुनिश्चित करना जरूरी है।
अदालत ने सख्त टिप्पणी करते हुए संकेत दिया कि नियमों की अनदेखी करने वाली एयरलाइंस के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जा सकती है, जिसमें उड़ानों पर रोक जैसे कदम भी शामिल हो सकते हैं।
कोर्ट की नाराजगी खास तौर पर त्योहारों और छुट्टियों के दौरान अचानक बढ़ने वाले हवाई किराए को लेकर है। ऐसे समय में यात्रियों को सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक किराया चुकाना पड़ता है।
केंद्र ने सौंपा नए नियमों का मसौदा
सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अनिल कौशिक पेश हुए। उन्होंने अदालत को बताया कि हवाई किराए से संबंधित नए नियम लगभग तैयार हैं और उन्हें अंतिम रूप देने की प्रक्रिया चल रही है।
केंद्र की ओर से नियमों का मसौदा सीलबंद लिफाफे में अदालत के समक्ष पेश किया गया। सरकार ने इसे अंतिम रूप देने के लिए तीन सप्ताह का अतिरिक्त समय मांगा। कोर्ट ने समय देते हुए अगली सुनवाई 7 सितंबर को निर्धारित की है।
याचिका में मनमाने किराए और अतिरिक्त शुल्क का आरोप
यह मामला सामाजिक कार्यकर्ता एस. लक्ष्मी नारायणन की याचिका से जुड़ा है। याचिका में निजी एयरलाइंस पर मनमाने तरीके से हवाई किराया निर्धारित करने और यात्रियों से अलग-अलग नामों पर अतिरिक्त शुल्क वसूलने का आरोप लगाया गया है।
याचिकाकर्ता की ओर से अदालत में यह भी कहा गया कि नागरिक उड्डयन मंत्री ने संसद में कहा था कि सरकार हवाई किराए पर सीधी सीमा तय नहीं कर सकती। याचिकाकर्ता ने इस स्थिति को यात्रियों के हित में चिंताजनक बताया।
याचिका में हवाई किराए की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने, अतिरिक्त शुल्क पर निगरानी बढ़ाने और यात्रियों के हितों की रक्षा के लिए मजबूत नियामक व्यवस्था तैयार करने की मांग की गई है।
पहले भी किराए में भारी अंतर पर जताई थी नाराजगी
हवाई किराए को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहले भी चिंता जता चुका है। पिछली सुनवाई में अदालत के सामने एक ही रूट पर अलग-अलग एयरलाइंस के किराए में भारी अंतर का उदाहरण रखा गया था।
बताया गया था कि एक एयरलाइन का टिकट करीब 8 हजार रुपये, जबकि दूसरी एयरलाइन का किराया उसी रूट पर करीब 18 हजार रुपये तक था।
अदालत ने इस तरह के बड़े अंतर और त्योहारों के दौरान किराए में अचानक बढ़ोतरी पर सवाल उठाए थे।
7 सितंबर को तय हो सकती है आगे की दिशा
अब केंद्र सरकार को तीन सप्ताह के भीतर नए नियमों को अंतिम रूप देना होगा। 7 सितंबर की सुनवाई में सरकार संशोधित नियमों का अंतिम मसौदा अदालत के सामने रखेगी।
इसके बाद सुप्रीम कोर्ट यह तय कर सकता है कि हवाई किराए और अतिरिक्त शुल्क को लेकर निगरानी और नियमन को किस तरह मजबूत किया जाए।
अदालत के रुख से त्योहारों के दौरान हवाई सफर करने वाले लाखों यात्रियों को किराए में पारदर्शिता और राहत की उम्मीद बंधी है।
संबंधित समाचार

अमृत 2.0 के कामों की धीमी रफ्तार पर जताई नाराजगी:जल कार्य प्रभारी शर्मा ने विभिन्न कार्यस्थलों का किया निरीक्षण

पुलिस को चकमा देकर कोर्ट पहुंचा हिस्ट्रीशीटर:हत्याकांड में नहीं मिला रिमांड; दूसरे केस में भेजा गया जेल

आंसुओं को मिला सहारा:कलेक्टर की संवेदनशीलता से संवरी कई जिंदगियां

एमजीएम मेडिकल कॉलेज में फर्स्ट ईयर एमबीबीएस के छात्रों से रैगिंग की शिकायत:सीनियर छात्रों पर देर रात दरवाजे पीटने का आरोप

एमजीएम के अस्पतालों में बच रहा मरीजों का पैसा:8 हॉस्पिटलों में हर महीने की जा रही 10 हजार से ज्यादा जांचें

पिपलियापाला तालाब में सीवेज का जहर:मरेंगी हजारों मछलियां

ट्रेड लाइसेंस को लेकर निगम की सख्ती:14 दुकानें सील; 57 कारोबारियों ने कराया रिन्यू

ड्रेनेज खुदाई में फोड़ी नर्मदा सप्लाई पाइपलाइन:पानी के लिए तरस रहे रहवासी

पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल:8 वरिष्ठ अधिकारियों के हुए तबादले

इंदौर में 'युवा गूंज' के बाद राहुल की नजर बालाघाट पर:दौरे के बहाने कांग्रेस की जड़ मजबूत करने की कवायद; 1 अक्टूबर को बैहर और बिरसा जा सकते हैं

किसानों के लिए खुशखबरी:सरकार ने दिया बड़ा तोहफा; इन 6 फसलों का MSP बढ़ाया

अतिथि शिक्षकों के लिए पांच साल का बजट मंजूर:अग्निवीरों को विभिन्न बलों में 20 फीसदी आरक्षण

ये है असली पुलिसिंग:चाकू के 8 वार झेलकर भी नहीं छोड़ा बदमाश को

बिल्डर्स और कॉलोनाइजरों की बढ़ी मुश्किलें:मास्टर प्लान; अहिल्या पथ और आश्रय निधि के नोटिस से अटका कारोबार

करोड़ों हड़पने वाले मोहने बंधु की हुई शिकायत:कमिश्नर की जनसुनवाई में पीड़ितों ने लगाई गुहार

प्लॉट देने के नाम पर 11.70 लाख रुपए लिए:चक्कर काट रहा खरीदार

साध्वी का संतों पर पलटवार:अविमुक्तेश्वरानंद समेत अन्य पर उठाए सवाल

घर में छिपा है बंटी नागर की आत्महत्या का राज:दो दिन पहले तक सब ठीक था; आखिर एकदम ऐसा क्या हुआ कि देना पड़ी जान

आम उपभोक्ताओं को महंगाई का झटका:इतने रुपए महंगा हुआ दूध; होम डिलीवरी के लिए भी चुकाने होंगे एक्स्ट्रा पैसे

पीसीसी चीफ के ‘300 फर्जी वोट’ वाले बयान पर पोलिंग एजेंट का पलटवार:बोले; बूथ पर भाजपा को मिले थे 337 वोट, रिकॉर्ड मेरे पास
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!