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हनीट्रैप पार्ट-2 मामले में नया खुलासा: श्वेता जैन जैसी निकली रेशू चौधरी की भूमिका; गैंग में युवतियों को जोड़कर बनवाए गए वीडियो

KHULASA FIRST

संवाददाता

01 जून 2026, 3:59 pm
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हनीट्रैप पार्ट-2 मामले में नया खुलासा

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
चर्चित हनीट्रैप पार्ट-2 मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है वैसे-वैसे इस मामले में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। 18 मई को शराब कारोबारी और फायरिंग के आरोपी हितेंद्र चौहान उर्फ चिंटू ठाकुर की शिकायत के बाद यह मामला उजागर हुआ था।

एक करोड़ रुपए की मांग की गई थी
आरोप है कि आपत्तिजनक फोटो और वीडियो सार्वजनिक नहीं करने के बदले एक करोड़ रुपए की मांग की गई थी। शुरुआती जांच में मामला लेडी शराब तस्कर अलका दीक्षित, उसके बेटे जयदीप, लाखन चौधरी, जितेंद्र पुरोहित और हेड कांस्टेबल विनोद शर्मा तक सीमित था।

गिरफ्तार कर लिया गया
बाद में जांच का दायरा बढ़ा तो हनीट्रैप मामले की पुरानी आरोपी श्वेता जैन का नाम भी सामने आया। इसके बाद रेशू चौधरी को भी आरोपी बनाया गया और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

सागर की युवती को दी थी ट्रेनिंग
क्राइम ब्रांच की जांच में सामने आया है कि रेशू चौधरी का सागर की एक युवती से लगातार संपर्क था। पुलिस को संदेह है कि रेशू ने उसे कथित तौर पर ट्रेनिंग दी और कुछ आपत्तिजनक वीडियो तैयार करवाए।

यही तरीका आरोपी श्वेता विजय जैन का भी रहा था
जांच अधिकारियों के अनुसार, यह तरीका हनीट्रैप के पुराने मामलों से मिलता-जुलता प्रतीत हो रहा है, जहां कथित रूप से प्रभावशाली लोगों के वीडियो बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करने के आरोप लगे थे।

लंबा नेटवर्क होने की आशंका
पुलिस को संदेह है कि रेशू चौधरी अकेले काम नहीं कर रही थी, बल्कि उसके साथ कई अन्य लोग भी जुड़े हो सकते हैं। कॉल रिकॉर्ड, डिजिटल डेटा और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संभावित नेटवर्क की जांच की जा रही है।

आपत्तिजनक वीडियो भी जांच के दायरे में
हाल के दिनों में सागर क्षेत्र से जुड़े कुछ कथित आपत्तिजनक वीडियो भी जांच के दायरे में हैं। हालांकि जिन लोगों के नाम इन वीडियो से जोड़े जा रहे हैं, उनमें से कुछ ने ऐसे आरोपों से इनकार किया है।

नेताओं और अधिकारियों के कनेक्शन की पड़ताल
जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस नेटवर्क के जरिए किन लोगों को निशाना बनाया गया और क्या किसी से ब्लैकमेलिंग या उगाही की गई। फिलहाल पुलिस ने इस संबंध में कोई आधिकारिक सूची जारी नहीं की है।

संपत्ति और आय के स्रोतों की जांच
क्राइम ब्रांच की टीम ने सागर स्थित रेशू चौधरी के निवास पर भी पहुंचकर परिजनों से पूछताछ की है। जांच में उसकी संपत्ति, आय के स्रोत और आर्थिक गतिविधियों की जानकारी जुटाई जा रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और सभी पहलुओं की पड़ताल के बाद ही किसी बड़े निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा। फिलहाल डिजिटल साक्ष्य, कॉल रिकॉर्ड और वित्तीय लेनदेन की गहन जांच की जा रही है।

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