कुर्सी मिली, माइक नहीं: निगम पर कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेता प्रतिपक्ष रहीं खामोश; बोलते रहे चिंटू
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
नगर निगम परिषद के चार साल पूरे होने पर महापौर की ओर से पेश किए गए विकास कार्यों के लेखा-जोखा पर पलटवार करने उतरी कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी की अंदरूनी खींचतान की चर्चा छिड़ गई। निगम के मुद्दों पर बुलाई गई प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेता प्रतिपक्ष सोनिला मिमरोट मंच पर तो मौजूद रहीं, लेकिन करीब 15 मिनट तक चली पूरी प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्हें बोलने का मौका नहीं मिला। मीडिया से बातचीत शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने ही की।
शहर के एक होटल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में चिंटू चौकसे, सोनिला मिमरोट समेत कांग्रेस के कई नेता मौजूद थे। मंच पर चौकसे और मिमरोट की कुर्सियां भी अगल-बगल लगी थीं, लेकिन निगम से जुड़े तमाम मुद्दों पर पार्टी का पक्ष चौकसे ने ही रखा।
निगम का मुद्दा, लेकिन नेता प्रतिपक्ष रहीं खामोश
नगर निगम में विपक्ष का नेतृत्व करने वाली सोनिला मिमरोट का पूरे संवाद के दौरान नहीं बोलना राजनीतिक चर्चाओं का विषय बन गया। हालांकि उन्हें जानबूझकर बोलने से रोका गया या उन्होंने स्वयं नहीं बोलने का फैसला किया, इसे लेकर पार्टी की ओर से कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
इसके बावजूद नगर निगम के चार साल के कामकाज पर बुलाई गई प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेता प्रतिपक्ष की चुप्पी ने कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति को लेकर नई चर्चाओं को हवा दे दी।
चिंटू ने महापौर को दिया खुली बहस का चैलेंज
प्रेस कॉन्फ्रेंस में शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने महापौर के चार साल के कार्यकाल पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने शहर के विकास कार्यों, नगर निगम की व्यवस्थाओं और विभिन्न घटनाओं को लेकर सवाल उठाए।
चौकसे ने महापौर को सार्वजनिक मंच पर खुली बहस की चुनौती देते हुए कहा कि वे चार साल में किए गए कामों का हिसाब लेकर सामने आएं और कांग्रेस उनसे बहस करने के लिए तैयार है।
भाजपा के तंज पर बोले- ‘यह हमारे परिवार का मामला’
प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा के हालिया बयान को लेकर भी चौकसे से सवाल किया गया। मिश्रा ने कांग्रेस नेताओं के बीच कथित विवाद पर तंज कसते हुए कहा था, “पप्पू की कांग्रेस में जीतू के घर चिंटू और पिंटू का झगड़ा हुआ और दीपू ने बीच-बचाव किया।”
इस पर चौकसे ने कहा, “यह हमारे परिवार का मामला है। किसी प्रकार की कोई घटना नहीं हुई। हम सभी भाई और दोस्त हैं।” उन्होंने भाजपा पर झूठे आरोप लगाने का भी आरोप लगाया।
नगर निगम के चार साल के कामकाज को घेरने के लिए बुलाई गई कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस में महापौर पर हमले के साथ अब नेता प्रतिपक्ष की ‘खामोशी’ भी सियासी चर्चा का विषय बन गई है।
संबंधित समाचार

रेडक्रॉस ब्लड कॉल:तीन लाख से ज्यादा लोगों को मिला जीवन; रक्तदाता के लिए गाड़ी की सुविधा भी मुफ्त

10 खाद्य प्रतिष्ठानों पर छापे, आठ से लिए सैंपल, गंदगी पर नोटिस:पंडित जी ढाबा, बीकानेर वाला और बर्गर फार्म्स समेत कई दुकानों की जांच, रैकून-पेस्ट कंट्रोल की खामियों का खुलासा

लापरवाही पर दो कर्मचारियों की सेवा समाप्त:निगम कमिश्नर ने लिया शाखाओं का जायजा; आवेदकों से बातचीत कर जानी समस्याएं

देखिए वीडियो:‘छात्रों की गूंज’ पर कैलाश विजयवर्गीय का पलटवार; बोले- ‘यह झूठ की गूंज है’

क्या विजयवर्गीय को अब खटक रहा गौरव रणदिवे का बढ़ता कद:इंदौर की राजनीति में नए समीकरण; पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और मुख्यमंत्री की तारीफ से वरिष्ठ नेताओं की उड़ी नींद

राहुल के सामने मंच पर युवक बोला:या तो हम ठिकाने लग जाएं, या आप अगले प्रधानमंत्री बन जाएं

मां अहिल्या की नगरी में जमीन से आसमान तक छात्रों की गूंज:पूर्व विधायक सत्यनारायण पटेल के नेतृत्व में छात्रों से व्यापक जनसंपर्क

राहुल का तंज:सरकार कम पैसा डालती है, तो स्टूडेंट खतरे में होता है

राहुल गांधी का मुखौटा लगाकर लड़कियों ने किया पैदल मार्च:रीना बौरासी सेतिया के नेतृत्व में जेन-जी का अभिनव प्रयास

राहुल गांधी से बोली छात्रा:सरकार दोहरी नीति अपना रही

राहुल के सामने विद्यार्थियों का दर्द छलका:ओवर एज हो गए

राहुल का कटाक्ष:'शिक्षा कोई लग्जरी नहीं, हर स्टूडेंट का हक'

सरकार पर गरजे राहुल:'सिस्टम चलाना सरकार की जिम्मेदारी, लेकिन उलटा हो रहा'

राहुल गांधी ने कहा:भारत पूरी तरह आजाद नहीं

इंदौर से उठी छात्रों की गूंज देश की आवाज बनेगी:छात्रों के सवालों का आंदोलन है ‘छात्रों की गूंज’: चौधरी

राहुल ने कहा:सिस्टम चलाने वालों के बच्चे विदेश में पढ़ रहे

राहुल गरजे:सिस्टम नहीं चाहता कि स्टूडेंट सवाल पूछे, इसलिए अंधभक्त तैयार करता है

जागरूक नागरिक मंच के राजा की संगीतमय महाआरती:उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

राहुल बोले:सिस्टम की टॉप लेयर पर 6 लोग

अहंकार, अनुशासन और राष्ट्रीय चरित्र:उज्जैन से संघ प्रमुख डॉ. मोहन भागवत का दूरगामी संदेश; धर्म को रिलीजन समझने की भूल से लेकर अहंकार के नियंत्रण तक
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!