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छपरीबाज गुंडे की गुंडई: बोला- पैसे उगाने का काम है मेरा; मां शारदा ट्रेवल्स से राहुल सोनकर बोल रहा हूं

KHULASA FIRST

संवाददाता

24 जनवरी 2026, 9:10 पूर्वाह्न
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फोन कर मांगे दूसरे की दलाली के पैसे, जिसका नाम लिया वह जानता तक नहीं

कारोबारी ने कर दिए मुगालते साफ

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
इंदौर में पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह का नाम आते ही बड़े-बड़े गुंडे जमीन में गड़ जाते हैं। गुंडे-बदमाशों के हाथ-पैर और गैंगस्टरों के रीढ़ तोड़कर उन्हें सलाखों के पीछे पहुंचाना उनकी पहचान है। बावजूद इसके उनके राज में एक छुटभैया, छपरीबाज गुंडे ने खुद को ‘मेटरबाज’ बताकर सिर उठाने की जुर्ररत की है।

कल शाम इस छपरीबाज गुंडे ने कमिश्नर के खौफ को ठेंगा दिखाते हुए वसूली के लिए सीधे प्रॉपर्टी कारोबारी को फोन पर धमकाया। गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी दी, यहां तक की मंत्री-विधायकों को अपशब्द कहे। सवाल ये है कि अब इस गुंडई पर पुलिस कमिश्नर का हथौड़ा कब और कैसे चलेगा?

संयोगितागंज थाना क्षेत्र से काम करने वाले एक प्रॉपर्टी कारोबारी कल रात संयोगितागंज थाने पहुंचे थे। टीआई केपी सिंह और एसीपी तुषार सिंह से मुलाकात कर बताया कि उन्हें शाम करीब 6.30 बजे मोबाइल नंबर 75090-03559 से एक गुंडे ने फोन किया था।

धमकाया कि मेरे पास सिमरोल निवासी कैलाश गौड़ और महू निवासी मनोहर चौधरी का फोन आया था। तुमने उनके किसी सोदे की दलाली की राशि रोक रखी है। उन्होंने कहा कि उन्हें किसी को कोई पैसे नहीं देने है। यह सुनकर गुंडा गालियां देने लगा।

धमकाते हुए बोला कि मेरा नाम राहुल सोनकर हैं। मेरा काम ही पहलवानी करने का है। मैं लोगों के इसी प्रकार के मेटर निपटाता हूं। बाद में अपना नाम राहुल वर्मा बताते हुए कहा कि मैं सरवटे बस स्टैंड की मां शारदा ट्रेवल्स से हूं। मेरा मेन काम ही मेटरबाजी का है। धमकाते हुए बोला कि तू मुझे जानता नहीं है। मैं कुछ भी कर सकता हूं।

तू मेरा कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा। इस बीच बैकग्राउंड में पुलिस के सायरन की आवाज आई तो उसने किसी से कहा देख रे टीआई जा रहा है। उसको बुलाकर साइड में बिठा। बोल भैया बीजी हैं। 2 मिनट में आ रहे हैं। कारोबारी के अनुसार जब उन्होंने कहा कि मेरा कैलाश गौड़ से किसी भी राशि का कोई लेन-देन नहीं हैं।

तुम अनावश्यक ही अवैध वसूली के लिए धमका रहे हो। इसके बाद जब कैलाश गौड़ को मर्ज काल पर लेकर बात कराई तो उन्होंने उनसे किसी भी तरह के पैसे बाकी नहीं होना बताते हुए गुंडे को पहचानने से भी इनकार कर दिया।

खुलासा फर्स्ट के हाथ कारोबारी और गुंडे के बीच हुई बातचीत की रिकॉर्डिंग के कुछ अंश लगे हैं। इसके अनुसार...।

गुंडा : मैं राहुल सोनकर बोल रहा हूं।

कारोबारी : कौन राहुल सोनकर रे भईया।

गुंडा : राहुल सोनकर सरवटे बस स्टैंड...। (गालियां देते हुए) मैंने कैलाश गौड़ की दलाली के पैसे के लिए फोन लगाया है।

कारोबारी :तू है कौन..? तू तेरा बता। राहुल सोनकर का मतलब क्या?

गुंडा : तेरा नंबर आया है बेटा मेरे पास।

कारोबारी : तू क्या करेगा? तू करता क्या है? ये बता?

गुंडा :(गालियां देते हुए) दलाली खा रहा है ना तू। तू रहता कहां है। तेरी बारह बजा दूंगा। दो मिनिट में। मेरी कैलाश गौर से बात हो चुकी है। घनश्याम चौधरी से बात हो गई है मेरी। तू लोगों के दलाली के पैसे हड़पने का काम है ना।

कारोबारी :आ जाना तेरी औकात है तो। अरे तू जा यार। बहुत सोनकर घुम रहे हैं बाजार में। तू बोल तू कौन है? तेरा क्या काम है बेटा? क्या धंधा है तेरा बता? पहले मेरे बारे में पता कर बेटा...। अच्छे से पता कर तेरे घर में जो बड़े हैं। उनसे पता कर। क्या करता है तू मां शारदा ट्रेवल्स पर।

गुंडा :पैसा उगाने का काम है मेरा।

कारोबारी :दलाली के पैसे दिलाने का काम है ना तेरा? कल को ये आकर कह देंगे कि नरेंद्र मोदी से पैसे लेने हैं तो क्या उनसे पैसे लेने चले जाएगा।

गुंडा : इसके अलावा भी बहुत सारे काम है मेरे। एक बार मेरे साथ बैठक कर लोगे ना तो तुम्हारे भी पैसे बाॅम्बे तक निकाल सकता हूं। आपका डायमंड का काम है ना।

कारोबारी :अभी तक तो गालियां दे रहा था। अब आप पर आ गया।

गुंडा :(पुलिस का सायरन बजने पर अपने गुर्गे से बोला) टीआई की गाड़ी है। उसे ले जाकर बैठा साइड में कहना भिया आ रहे हैं। अभी दो मिनिट में।

कारोबारी : अरे तू जा यार। मैं अभी हिसाब लगाऊंगा ना तो उलटे मेरे पैसे कैलाश गौर पर निकलेंगे। तू पहले अपने बड़े-बुढ़ों से मेरा परिचय जान ले फिर फोन करना। चल फोन काट अब।

मैं मंत्री, विधायक से नहीं डरता

कारोबारी ने अफसरों को बताया कि बातचीत के दौरान गुंडे ने धमकाते हुए कहा कि मैं ना तो कैलाश विजयवर्गीय से डरता हूं। ना ही रमेश मेंदोला से और ना ही गोलू शुक्ला मेरा कुछ बिगाड़ सकते हैं। अपने मेटर में कोई बीच में नहीं आता हैं। पूरे मध्यप्रदेश में मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता है।

उसने सिंधियाजी को भी अपशब्द कहे गए। पैसे नहीं देने पर गालियां देते हुए मुझे घर से उठाकर ले जाने की धमकी दी। आखिरकार उन्हें फोन काटना पड़ गया। कारोबारी ने आरोपी पर कठोर कार्रवाई का कहते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की। अफसरों ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

होगी ठोस कानूनी कार्रवाई
एक कारोबारी को वसूली के लिए धमकाना गंभीर मामला है। शिकायत हुई है तो संबंधित रिकॉर्डिंग की जांच कर वसूली के लिए धमकाने वाले गुंडे पर ठोस कानूनी कार्रवाई की जाएगी। -राजेश व्यास (डीसीपी जोन-3)

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