विस्फोटक के ढेर पर सराफा बाजार: आंखें मूंदे बैठा प्रशासन; घने बाजार और तंग गलियों के बीच सैकड़ों गैस सिलेंडर से हर वक्त बड़े हादसे का खतरा
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
शहर का सबसे पुरातन, सबसे व्यस्त और सबसे संवेदनशील सराफा बाजार क्षेत्र इन दिनों विस्फोटक के ढेर पर सवार है। हजारों रहवासियों और लाखों दैनिक आगंतुकों से गुलजार रहने वाले इस बाजार में अवैध निर्माण, अनियंत्रित व्यावसायिक गतिविधियों और अग्नि सुरक्षा के खुले उल्लंघन के चलते किसी भी वक्त बड़े हादसे का खतरा बढ़ता जा रहा है।
इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग आंखें मूंदे बैठे हैं। इस सबके चलते जन-जन के मन में यह सवाल उठने लगा है कि जब शहर के अन्य इलाकों में अतिक्रमण तोड़े जा रहे हैं, तो सराफा बाजार में कार्रवाई से परहेज क्यों? क्या तमान नियम-कायदे सिर्फ आम नागरिकों के लिए ही हैं?
ओसी-सीसी के बिना शुरू हो गया व्यापार
जगदीश भवन, बड़ा सराफा (भूखंड 44 व 45) में कम्प्लीशन सर्टिफिकेट (सीसी) और ऑक्युपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) जारी होने से पहले ही व्यावसायिक गतिविधियां शुरू कर दी गईं। कुछ दुकानदारों ने खुलेआम व्यापार शुरू कर दिया, जबकि भवन अभी निर्माणाधीन ही है और नगर निगम से कार्य पूर्णता का प्रमाण-पत्र जारी नहीं हुआ।
यह सीधा-सीधा निगम अधिनियम 1956 की धारा 301 का उल्लंघन है। नियमानुसार ऐसी स्थिति में तत्काल दुकानें सील की जाना थीं, लेकिन निगम ने सिर्फ नक्शे के विपरीत निर्माण करने का नोटिस देकर खानापूर्ति कर ली। निगम ने स्वीकृत नक्शे के विपरीत निर्माण को लेकर तीन बार नोटिस जारी किए, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
यही कारण है कि बिल्डिंग मालिकों के हौसले बुलंद हैं और अवैध निर्माण में ही व्यावसायिक उपयोग शुरू कर दिया गया है। आरोप है कि निगम अधिकारी भ्रष्टाचार के आरोप से बचने के लिए सिर्फ कागजी नोटिस देकर खुद को बेदाग साबित कर रहे हैं, जबकि जमीनी कार्रवाई से जानबूझकर बचा जा रहा है।
अवैध व्यावसायिक निर्माण जारी, प्रशासन मौन
सराफा बाजार की संकरी गलियों में सैकड़ों गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग और धड़ल्ले से हो रहे चार-चार मंजिला अवैध निर्माण इस पूरे क्षेत्र को विस्फोटक के ढेर में तब्दील कर चुके हैं। इसे महज दिखावा ही कहें कि प्रशासन द्वारा नोटिस जारी किए जाने के बावजूद हालात जस के तस हैं। उलटा नए अवैध व्यावसायिक भवन खड़े किए जा रहे हैं।
मंदिर के नाम दान की जमीन बिक गई, करोड़ों का खेल
विवाद की जड़ में वह भूमि है, जो कभी मंदिर के नाम दान में दी गई थी। आरोप है कि इसी दान की जमीन को पुजारी परिवार ने करोड़ों रुपए में बेच दिया। यह जमीन अब दो भूखंडों में बांटकर व्यावसायिक निर्माण के लिए उपयोग में लाई जा रही है।
भूखंड क्रमांक 44, बड़ा सराफा, श्रीनाथ एंटरप्राइजेज (पार्टनरशिप), श्रेय जैन पिता मनीष जैन और भूखंड क्रमांक 45 (पुराना 44), बड़ा सराफा, सुजाता जैन पति मधु कुमार जैन के नाम पर दर्ज होकर राजमोहल्ला जोन-2 के वार्ड-69 में स्थित है। इन दोनों भूखंडों पर ग्राउंड+3 फ्लोर व्यावसायिक भवन की अनुमति दी गई।
भवन अधिकारी पर पुराने विवादों की परछाईं
तत्कालीन भवन अधिकारी प्रभात तिवारी की भूमिका घेरे में है। सूत्रों के अनुसार बावड़ी कांड में भी उनका नाम सामने आया था। वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा बचाए जाने के आरोप हैं। व्यापमं से पास-आउट होने को लेकर मंत्री स्तर पर टिप्पणी भी की गई थी।
ट्रांसफर के बावजूद कोर्ट से स्टे लेकर पुनः इंदौर निगम में पदस्थ होकर वर्तमान में राजमोहल्ला जोन-2 में भवन अधिकारी, साथ ही अन्य जोनों का भी प्रभार संभालते हैं। आरोप है कि खुलेआम भ्रष्टाचार के बावजूद उन पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
बिल्डर का पंजीयन निरस्त हो
जब ओसी-सीसी जारी नहीं हुई, नियमों के विपरीत निर्माण साबित है, व्यावसायिक उपयोग अवैध रूप से शुरू हो चुका है, तो फिर अवैध निर्माण करने वाले बिल्डर का पंजीयन निरस्त क्यों नहीं किया जा रहा? यह सवाल सिर्फ एक भवन तक सीमित नहीं, बल्कि पूरे शहर की भवन अनुमति प्रणाली पर है।
अगर यही हाल रहा तो अवैध निर्माण ही ‘नया नियम’ बन जाएगा
सराफा बाजार का यह मामला एक इमारत का नहीं, बल्कि प्रशासनिक संरक्षण में पनप रहे अवैध निर्माण तंत्र का आईना है। अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो संदेश साफ है कि रिश्वत, साठगांठ और नेतागीरी के दम पर अवैध निर्माण करो, नियम खुद रास्ता छोड़ देंगे। अब देखना यह है कि नगर निगम और शासन हादसे का इंतज़ार करेंगे या नियमों की साख बचाने के लिए समय रहते सख्त कदम उठाएंगे।
संबंधित समाचार

होटल कांड के बाद कांग्रेस का बड़ा एक्शन:ब्लॉक अध्यक्ष को पार्टी से किया निष्कासित; लड़कियों के साथ पकड़ाए थे नेता

कावड़ यात्रा में घुसी बेकाबू स्कॉर्पियो:26 श्रद्धालु घायल; ड्राइवर भागा तो लोगों ने पीछा कर पकड़ा

चीनी की कीमतों में जल्द आ सकती है नरमी:इस संगठन ने किया दावा; देश में पर्याप्त स्टॉक, त्योहारों की मांग की चिंता नहीं

बी.कॉम छात्रों को बांट दिया गलत पेपर:पूरे साल पढ़े सिलेबस से एक भी सवाल नहीं आया; विवि में हंगामा, कुलसचिव बोले- कोई नहीं होगा फेल

जमीन कब्जाने के आरोपी के घर पहुंची पुलिस:फर्जी दस्तावेज किए जब्त; भूमि खाली कराने के नाम पर मांगता था रुपए

राम मंदिर चढ़ावा चोरी:चंपत के तीखे सवाल...संतों ने पूछा था- क्या नृपेंद्र मिश्र खलनायक की भूमिका निभा रहे

बजट स्वीकृत, टेंडर भी पूरा, फिर भी यमुनोत्री धाम में बाढ़ सुरक्षा कार्य ठप

प्रभु कृपा अपार भक्ति:चारधाम यात्रा ने तोड़े पुराने रिकॉर्ड्स; विकास और विरासत का दिख रहा अद्भुत तालमेल

50 हजार में बेटी का सौदा:मां ने नाबालिग को युवक को बेचा; दो महीने तक दुष्कर्म का आरोप, गुजरात से मिली तो हुआ खुलासा

मोबाइल झपटमारी के 4 आरोपी गिरफ्तार:16 मोबाइल; ऑटो और बाइक जब्त, नशे की लत पूरी करने के लिए करते थे वारदात

आईडीए और नगर निगम में ‘कृपापात्र सेवा प्रदाताओं’ का खेल:लीज डीड, सेल डीड से लेकर पीएम आवास के दस्तावेज तक चुनिंदा सेवा प्रदाताओं पर मेहरबानी का आरोप

चीकू यादव के पुराने पापों का फिर होगा खुलासा:एमडी ड्रग्स नेटवर्क से कनेक्शन की चर्चा

नशे में धुत विधायक पुत्र के नए शागिर्द की रफ्तार ने उड़ाए निगम के गमले-मटके

4506 कर्मचारियों को एक साथ प्रमोशन:10 साल से अटकी थी पदोन्नति; मुख्यमंत्री बोले- जल्द भरेंगे सभी खाली पद

चार स्वरूपों में दिए दर्शन:राजसी ठाठ-बाट के साथ नगर भ्रमण पर निकले राजा महाकाल; श्रावण के चौथे सोमवार निकली शाही सवारी

बारिश के लिए अनोखा टोटका:ढोल-नगाड़ों के साथ निकाली ‘जिंदा व्यक्ति की शव यात्रा’; ग्रामीणों ने अपनाई बरसों पुरानी परंपरा

रक्षाबंधन से पहले खाद्य विभाग की कार्रवाई:मावा और मिल्क केक की बड़ी खेप पकड़ी; सैंपल लैब भेजे

घोड़े पर सवार होकर कॉलेज पहुंचे नेता:बोले- छात्रों की परेशानी दूर करो; बस किराए में 50% छूट और छात्राओं की सुरक्षा की मांग की

मां पर राइफल तानी, बेटी से गैंगरेप का आरोप:आधी रात घर में घुसे 4 बदमाश; धमकी के बाद पीड़िता ने खाया जहर, तीन गिरफ्तार, एक फरार

मुख्यमंत्री का खेती पर फोकस:युवाओं को पॉलीहाउस; मशरूम, डेयरी और फिश फार्मिंग से जोड़ने की तैयारी
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!