बंगाल में भाजपा की ऐतिहासिक जीत: सात सीटों पर किया मुख्यमंत्री ने प्रचार; इतनी सीटों पर जीते उम्मीदवार
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, भोपाल।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की ऐतिहासिक जीत की गूंज पूरे देश में सुनाई दे रही है। 294 सीटों वाली बंगाल विधानसभा में भाजपा ने पहली बार 206 सीटें जीतकर सत्ता पर कब्जा जमाया है। इस शानदार जीत में मध्यप्रदेश के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी अपनी पूरी ताकत झोंकी और प्रदेश का नाम रोशन किया।
मोहन यादव का दमदार प्रदर्शन
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बंगाल चुनाव प्रचार में सात विधानसभा सीटों पर जनसभाएं कीं। इनमें से छह सीटों पर भाजपा उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की, जिससे उनका स्ट्राइक रेट 86 प्रतिशत रहा जो किसी भी स्टार प्रचारक के लिए उल्लेखनीय उपलब्धि मानी जाती है।
बांकुरा से हुई विजय अभियान की शुरुआत
सीएम मोहन यादव का बंगाल चुनावी अभियान 2 अप्रैल को बांकुरा जिले से शुरू हुआ। उन्होंने भाजपा उम्मीदवारों के नामांकन में हिस्सा लिया और संयुक्त जनसभा को संबोधित किया। यह क्लस्टर आगे चलकर भाजपा के लिए सबसे मजबूत साबित हुआ बांकुरा जिले की सभी सीटें भाजपा की झोली में आईं।
मेदिनीपुर में बड़ी जीत, कमरहाटी में झटका
18 अप्रैल को सीएम ने कोलकाता और मेदिनीपुर में प्रचार किया। मेदिनीपुर विधानसभा सीट पर भाजपा प्रत्याशी दिलीप घोष ने टीएमसी उम्मीदवार को 30,000 से अधिक मतों के बड़े अंतर से पराजित किया जो इस चुनाव की सबसे चर्चित जीतों में से एक रही। वहीं कोलकाता की कमरहाटी सीट पर भाजपा उम्मीदवार अरुप चौधरी टीएमसी प्रत्याशी से चुनाव हार गए। यह सीएम के प्रचार अभियान की इकलौती हार रही।
पांच दिग्गजों को मिली थी जिम्मेदारी
BJP ने बंगाल चुनाव में मध्यप्रदेश के चुनिंदा और वरिष्ठ नेताओं को ही मैदान में उतारा। सीएम डॉ. मोहन यादव के अलावा जिन नेताओं को प्रचार की जिम्मेदारी सौंपी गई, उनमें शामिल थे। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, विधायक रामेश्वर शर्मा, मंडला सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते और राज्यसभा सांसद डॉ. उमेश नाथ महाराज। इन सभी नेताओं ने अपने-अपने क्षेत्रों में जनसभाएं कर BJP के पक्ष में माहौल बनाने में अहम भूमिका निभाई।
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