खबर
टॉप न्यूज

बाकी के दुकानदारों ने नारेबाजी कर किया हंगामा: चौपाटी में सिर्फ 69 व्यवसायियों को ही प्रवेश

खुलासा फर्स्ट, इंदौर । सराफा चौपाटी के दुकानदारों की संख्या कल और घटा दी गई। नगर निगम के अपर आयुक्त रोहित सिसौनिया पहुंचे और कहा कि सिर्फ 69 दुकानदारों को ही प्रवेश की अनुमति है। बाकी दुकानदार अपनी चल

Khulasa First

संवाददाता

28 नवंबर 2025, 8:09 पूर्वाह्न
2 views
शेयर करें:
बाकी के दुकानदारों ने नारेबाजी कर किया हंगामा

खुलासा फर्स्ट, इंदौर
सराफा चौपाटी के दुकानदारों की संख्या कल और घटा दी गई। नगर निगम के अपर आयुक्त रोहित सिसौनिया पहुंचे और कहा कि सिर्फ 69 दुकानदारों को ही प्रवेश की अनुमति है। बाकी दुकानदार अपनी चलित दुकान लेकर पहुंंच गए और धरना शुरू कर दिया। व्यापारी अब भी कह रहे हैं कि चौपाटी को यहां से हटाकर कहीं अन्यत्र स्थापित किया जाए, क्योंकि सराफा में चौपाटी लगने से खतरा है।

बुधवार रात्रि में जोरदार हंगामे के बाद गुरुवार की रात्रि भी भी यहां जमकर हंगामा हुआ। दरअसल, निगम के अपर आयुक्त रोहित सिसौनिया यहां सदलबल पहुंचे और केवल उन दुकानदारों को ही प्रवेश दिया जिनके नाम सूची में हैं। इस दौरान जिन दुकानदारों के नाम सूची में नहीं थे, उन्होंने जमकर हंगामा किया।

नारेबाजी के बाद धरने पर बैठ गए और निगम के विरोध में नारे लगाए। इस दौरान सिसौनिया ने साफ किया कि कुल 69 दुकानें ही सराफा में लगेंगी। इससे ज्यादा एक भी नहीं। जिनकी दुकानें नहीं लग रही हैं वे अपना आवेदन दें, उस पर विचार करेंगे। इसकी सूची भी उन्होंने कर्मचारियों को दी।

जिन्हें प्रवेश नहीं मिला वे रास्ते पर धरने पर बैठ गए। इस दौरान पुलिस भी पहुंच गई और विरोध कर रहे दुकानदारों को समझाइश देकर उठाया। करीब दो घंटे तक चले हंगामे के बाद सबकुछ शांत हो गया। स्वाद के शौकीन आने लगे और व्यंजनों का लुत्फ लेने लगे।

परंपरागत दुकानों को ही देंगे अनुमति: महापौर भार्गव
मामले में महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि एमआईसी की बैठक में संकल्प पारित करते हुए तय किया गया था कि सराफा चौपाटी में केवल परंपरागत रूप से चिह्नित दुकानों को ही व्यवसाय करने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए एक विशेष समिति बनाई है, जो क्षेत्र का विस्तृत भौतिक निरीक्षण करते हुए व्यापारिक गतिविधियों, सुरक्षा मानकों, भीड़ प्रबंधन एवं मूलभूत आवश्यकताओं का आकलन कर चुकी है।

हम नई गाइडलाइन तय कर रहे हैं जिसमें परंपरागत सूचीबद्ध दुकानों के खुलने और बंद होने का निर्धारित समय, सुरक्षा के अनिवार्य मानक, अग्नि सुरक्षा प्रावधान, भीड़ प्रबंधन व्यवस्था, स्वच्छता एवं कचरा निपटान व्यवस्था जैसे बिंदुओं को स्पष्ट रूप से शामिल किया जाएगा।

टैग:

संबंधित समाचार

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!