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एलिवेटेड ब्रिज की मंजूरी पर राजनीति गरमाई: पूर्व पीडब्ल्यूडी मंत्री ने बीजेपी को घेरा; कहा-मूर्खों की जमात को अब समझ में आया

खुलासा फर्स्ट, इंदौर। एलिवेटेड ब्रिज परियोजना को साढ़े छह साल बाद बीजेपी सरकार द्वारा हरी झंडी मिलते ही मध्यप्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व पीडब्ल्यूडी मंत्री सज्जन सिंह

Khulasa First

संवाददाता

15 दिसंबर 2025, 12:55 अपराह्न
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एलिवेटेड ब्रिज की मंजूरी पर राजनीति गरमाई

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
एलिवेटेड ब्रिज परियोजना को साढ़े छह साल बाद बीजेपी सरकार द्वारा हरी झंडी मिलते ही मध्यप्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व पीडब्ल्यूडी मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने इस निर्णय पर एक तीखा और विवादास्पद बयान देकर बवाल मचा दिया है।

वर्मा ने दिल्ली में मध्यप्रदेश भवन के बाहर से एक वीडियो जारी करते हुए बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने परियोजना को इतने वर्षों तक लटकाए रखने और अब जाकर मंजूरी देने पर सवाल खड़े किए।

वर्मा ने कहा "मूर्खों की जमात को अब छह साल बाद समझ में आया है।" वर्मा ने सीधे तौर पर आरोप लगाया कि इस प्रोजेक्ट को केवल इसलिए रद्द या लंबित कर दिया गया था क्योंकि इसका श्रेय कांग्रेस सरकार को जाता।

उनका दावा है कि उन्होंने अपने कार्यकाल में न सिर्फ योजना तैयार की, बल्कि टेंडर प्रक्रिया पूरी कर राशि भी आवंटित करवा दी थी। उनका कहना है कि कांग्रेस को श्रेय न मिले, इसी बदले की भावना के कारण इस महत्वाकांक्षी परियोजना को जानबूझकर लटकाया गया।

बीआरटीएस पर साधा निशाना
एलिवेटेड ब्रिज के साथ ही सज्जन वर्मा ने इंदौर बीआरटीएस (BRTS) कॉरिडोर को लेकर भी बीजेपी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि बीजेपी ने बीआरटीएस के नाम पर हजारों करोड़ रुपए का भ्रष्टाचार किया, और अब जब उसे तोड़ा जा रहा है, तो उसमें भी भ्रष्टाचार किया जा रहा है।

वर्मा का तर्क
अगर छह साल पहले सही फैसला ले लिया जाता, तो आज बीआरटीएस को तोड़ने की जरूरत ही नहीं पड़ती। नीचे बीआरटीएस चलता रहता और ऊपर से एलिवेटेड ब्रिज से अन्य ट्रैफिक सुचारू रूप से चलता रहता।

जनता से अपील
बयान के अंत में, सज्जन सिंह वर्मा ने इंदौर की जनता से भावनात्मक अपील करते हुए सवाल किया, अब लोगों को तय करना है कि वे 'इस जमात से इंदौर को कब मुक्ति दिलाएंगे।

यह सियासी बयानबाजी मुख्यमंत्री द्वारा इंदौर में समीक्षा बैठक के दौरान एलिवेटेड ब्रिज परियोजना को मंजूरी दिए जाने के ठीक एक दिन बाद शुरू हुई है, जो आने वाले दिनों में और तेज होने के संकेत दे रही है।

महापौर और विधायक का तीखा जवाब
सज्जन वर्मा के 'मूर्खों की जमात' वाले विवादास्पद बयान पर बीजेपी नेताओं ने भी तुरंत और सख्त प्रतिक्रिया दी है।

महापौर ने किया पलटवार
इंदौर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने सज्जन वर्मा के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि, "सब जानते हैं कि सज्जन सिंह वर्मा का भाव हमेशा से ही दुर्जनता का रहता है।

उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने तो पहले ही एलिवेटेड कॉरिडोर सेंक्शन कर दिया था, लेकिन कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में ठीक से प्लानिंग नहीं दी गई, जिसके कारण यह डिले (विलम्ब) हुआ।

विधायक ने की बयान की कड़ी निंदा
बीजेपी विधायक भगवानदास सबनानी ने भी वर्मा के बयान की कड़ी निंदा करते हुए कहा, "जैसा आदमी होता है वह दूसरों को भी वैसे ही देखता है। ऐसी घटिया बात करना सज्जन सिंह को शोभा नहीं देता।

उन्होंने वर्मा को उचित प्लेटफॉर्म पर बात करने की सलाह देते हुए कहा कि ऐसी बयानबाजी से वह अपना और कांग्रेस पार्टी का चरित्र उजागर करते हैं।

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