खबर
टॉप न्यूज

हंस ट्रेवल्स की बसों में महिला यात्रियों से छेड़छाड़ के आरोप: विहिप-बजरंग दल ने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन; जांच व कड़ी कार्रवाई की मांग

खुलासा फर्स्ट, इंदौर । विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल, इंदौर विभाग ने जिला प्रशासन, पुलिस एवं आरटीओ अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर हंस ट्रेवल्स की बसों में महिला यात्रियों के साथ कथित अभद्रता और छेड़छाड़

Khulasa First

संवाददाता

25 नवंबर 2025, 8:23 पूर्वाह्न
3 views
शेयर करें:
हंस ट्रेवल्स की बसों में महिला यात्रियों से छेड़छाड़ के आरोप

खुलासा फर्स्ट, इंदौर
विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल, इंदौर विभाग ने जिला प्रशासन, पुलिस एवं आरटीओ अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर हंस ट्रेवल्स की बसों में महिला यात्रियों के साथ कथित अभद्रता और छेड़छाड़ की घटनाओं पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।

संगठन का कहना है कि बीते दिनों हुई घटना से शहर की गरिमा आहत हुई है और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।

ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि लंबे समय से हंस ट्रेवल्स की बसों में यात्रियों के साथ दुर्व्यवहार और अव्यवस्था की शिकायतें आती रही हैं। हाल ही में कुछ महिला यात्रियों द्वारा छेड़छाड़ की शिकायत दर्ज कराई गई, जिसके बाद सोशल मीडिया और समाचार पत्रों में यह मामला प्रमुखता से सामने आया। संगठन का आरोप है कि संबंधित बस मालिकों व स्टाफ के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है।

प्रशासन को सौंपे गए मुख्य मांग-पत्र
विहिप–बजरंग दल ने बस स्टाफ एवं संचालन से जुड़ी कई बिंदुओं पर तत्काल जांच और कार्रवाई की मांग की है

स्टाफ वेरीफिकेशन और दस्तावेजों की जांच : ड्राइवर–कंडक्टरों के लाइसेंस, चरित्र प्रमाण पत्र व पुलिस सत्यापन की जांच की जाए। बस मालिकों द्वारा स्टाफ वेरीफिकेशन रिपोर्ट अनिवार्य रूप से रखी गई है या नहीं, इसकी पुष्टि की जाए।

नशे में वाहन न चलाने की पुष्टि : ड्राइवरों की यात्रा से पहले मेडिकल/ब्रीथ एनालाइजर जांच अनिवार्य की जाए। टोल प्लाजा पर भी नशे की जांच की वैधानिक प्रक्रिया अपनाई जाए।

बसों में अनिवार्य जानकारी का प्रदर्शन : बस रूट, इमरजेंसी नंबर, थानों के संपर्क क्रमांक, संचालक विवरण और आरटीओ नियमों का प्रदर्शन बस के अंदर एवं बाहर किया जाए।

यूनिफॉर्म और आईडी कार्ड : कोई भी बस स्टाफ बिना यूनिफॉर्म और वैध आईडी कार्ड के ड्यूटी पर न हो।

ओवरलोडिंग व अवैध लगेज पर रोक : निर्धारित सीट क्षमता से अधिक यात्रियों को न बैठाया जाए। भारी लगेज वाली बसों का शहर में प्रवेश आरटीओ नियमों के अनुसार नियंत्रित किया जाए।

सुरक्षा और दुर्घटनाओं को लेकर चिंता
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि भारी वाहनों की तेज रफ्तार व लापरवाह संचालन से दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ती है। इसी कारण संगठन ने व्यापक स्तर पर सुरक्षा जांच की आवश्यकता बताई है।

संगठन ने प्रशासन से आग्रह किया है कि बस संचालकों, ड्राइवरों एवं कंडक्टरों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए ताकि यात्रियों की सुरक्षा बनी रहे और वे सुरक्षित यात्रा कर सकें।

ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि समय पर कार्रवाई नहीं हुई तो बजरंग दल स्वयं समाज हित में सड़कों पर उतरकर बसों की जांच करेगा।

टैग:

संबंधित समाचार

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!