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हंस ट्रेवल्स पर बढ़ रहे आरोप: परिवहन विभाग की भूमिका पर भी उठे सवाल; यात्री सेवा में लापरवाही और प्रताड़ना के मामले बढ़े

खुलासा फर्स्ट, इंदौर । हंस ट्रेवल्स की बसों में यात्रियों के साथ बदसलूकी और सुरक्षा में चूक के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। युवती से छेड़छाड़ का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि 1 दिसंबर की रात एक औ

Khulasa First

संवाददाता

06 दिसंबर 2025, 12:19 अपराह्न
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हंस ट्रेवल्स पर बढ़ रहे आरोप

खुलासा फर्स्ट, इंदौर
हंस ट्रेवल्स की बसों में यात्रियों के साथ बदसलूकी और सुरक्षा में चूक के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। युवती से छेड़छाड़ का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि 1 दिसंबर की रात एक और बड़ा विवाद सामने आ गया।

इंदौर की 46 वर्षीय महिला यात्री विमला रात 8.20 बजे हंस ट्रेवल्स की बस से अहमद नगर के लिए रवाना हुई थीं। उन्हें 2 दिसंबर की सुबह 6 बजे कोटला रोड पर उतारा जाना था, लेकिन सफर के बीच बस का कांच टूट गया। दुर्घटना की आशंका के चलते आगे यात्रा रोक दी गई और हेड ऑफिस से दूसरी बस बुलवाई गई, जिसे मौके पर पहुंचने में कई घंटे लग गए।

महिलाओं से छेड़छाड़ की घटनाएं बढ़ीं, कार्रवाई शिथिल
हंस ट्रेवल्स की बसों में एक महीने के भीतर महिलाओं से छेड़छाड़ के दो बड़े मामले सामने आ चुके हैं। मुंबई से इंदौर आ रही बस में शराबी युवक और बस स्टाफ द्वारा एक युवती से गलत हरकत किए जाने की शिकायत पर ड्राइवर-कंडक्टर गिरफ्तार हुए थे, जबकि मुख्य आरोपी किशोर सिंह फरार हो गया था।

थाना प्रभारी ओमप्रकाश चौंगड़े द्वारा कोर्ट में कमजोर दस्तावेज प्रस्तुत किए जाने के कारण बस छोड़ दी गई। जबकि खुलासा फर्स्ट ने पहले ही बस के दस्तावेजों में भारी कमियों का खुलासा कर परिवहन विभाग को जानकारी दी थी। इसके बावजूद विभाग ने हंस ट्रेवल्स के खिलाफ कोई गंभीर कार्रवाई नहीं की।

सामान रखने के नाम पर वसूलेे 100 से 500 रुपए
रेस्क्यू बस पहुंची तो यात्रियों का सामान रखने के नाम पर वसूली शुरू कर दी। यात्रियों से 100-500 रुपए तक वसूले गए। विरोध करने पर ड्राइवर-कंडक्टर ने गाली-गलौज कर वहीं छोड़ देने की धमकी दी। आधी रात को फंसे यात्रियों ने मजबूरी में पैसा दिया। महिला यात्री विमला से भी दुर्व्यवहार किया गया और बार-बार पुणे छोड़ देने की धमकी दी गई, जिससे उनकी तबीयत बिगड़ने लगी।

उन्होंने बेटे को फोन लगाकर घटना की जानकारी दी। बेटे ने अहमदनगर में अपने मामा को सूचना देकर मां को सुरक्षित लेने की व्यवस्था कराई। विमला के बेटे शुभम डाबी ने इंदौर स्थित हंस ट्रैवल्स ऑफिस में शिकायत की, लेकिन आरोप है कि वहां से उसे सिर्फ इतना कहकर लौटा दिया गया कि चार दिन बाद मां को लेकर आना, ड्राइवर-कंडक्टर की फोटो दिखा देंगे, पहचान कर पुलिस रिपोर्ट कर देना।

जब्त किया जाना चाहिए था
एसी बस (क्रमांक एआर 11 डी 1919) अब दोबारा सड़क पर दौड़ रही है, जो यात्री सुरक्षा में बड़ी चूक है। अब सेंधवा पुलिस और बस प्रबंधन पर यह आरोप भी लग रहे हैं कि उन्होंने कोर्ट में सही दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए और महत्वपूर्ण सबूत छुपाए। इस पर सरकारी वकील को आपत्ति लेकर कड़ी कार्रवाई की मांग उठने लगी है।

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