नोटरी पर प्लॉट काटकर बेच रहा अग्रवाल: नरसिंह वाटिका, नरसिंह धाम कॉलोनी की टीएनसी-रेरा अप्रूवल नहीं, दलाल तैनात किए
KHULASA FIRST
संवाददाता

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
भूमाफिया और कॉलोनाइजर अतुल अग्रवाल द्वारा बिहाड़िया-सनावदिया में दो अवैध कॉलोनियां काटकर नोटरी पर प्लॉट बेचने का खुलासा हुआ है। उक्त दोनों कॉलोनियों की न तो टीएनसी है और न ही रेरा अप्रूवल। इसके बावजूद अग्रवाल द्वारा लोगों को यह झांसा देकर प्लॉट वेचे जा रहे हैं कि ये कॉलोनियां बाद में वैध हो जाएंगी।
भूमाफिया अग्रवाल नरसिंह वाटिका और नरसिंह धाम नाम से काटी गई इन कॉलोनियों में लोगों को यह कहकर प्लॉट बेच रहा है कि अभी सस्ते हैं, बाद में कॉलोनी वैध होने पर यही प्लॉट काफी महंगे हो जाएंगे। जबकि सच यह है कि इन अवैध कॉलोनियों पर कभी भी प्रशासन का बुलडोजर चल सकता है और ऐसा होने पर जो लोग अपनी जीवनभर की कमाई की पूंजी यहां प्लॉट में निवेश कर रहे हैं, वह डूब जाएगी। अंत में उनके हाथ न प्लॉट लगेगा और पैसे वापस मिलेंगे।
धड़ल्ले से बन रहे मकान
दोनों कॉलोनियों में टीएनसी-रेरा अप्रूवल न होने के बावजूद लोग अग्रवाल और उसके गुर्गों के झांसे में आकर यहां न केवल प्लॉट खरीद रहे, बल्कि धड़ल्ले से मकान निर्माण भी कर रहे हैं। ये तय है कि भविष्य में यहां प्रशासन का बुलडोजर चलेगा और लोगों का अपना घर का सपना ध्वस्त हो जाएगा।
धमकाकर एक ही प्लॉट कई लोगों को बेच रहे
भूमाफिया अग्रवाल ने यहां अपने दलाल छोड़ रखे हैं, जो लोगों को बरगलाकर प्लॉट बेचने में जुटे हैं। खास बात यह कि अग्रवाल और उसके गुर्गे यहां बेचे गए प्लॉट पर जबरिया कब्जा कर प्लॉटधारक को डरा-धमकाकर भगा देते हैं। इसके बाद वही प्लॉट किसी और को बेच देते हैं।
रजिस्ट्री बंद है
मामले में अतुल अग्रवाल का कहना है कि उसकी दोनों कॉलोनियों में प्लॉटों की रजिस्ट्री बंद है। जो मकान बन रहे हैं, वे पूर्व में बेचे गए प्लॉटों पर हैं।
संबंधित समाचार

NEET पीजी काउंसलिंग में इस कोटे पर छात्रों को राहत:हाईकोर्ट की किस खंडपीठ ने क्या कहा; अब किससे मांगा जवाब

पर्दे की आड़ में युवती के साथ क्या किया:किस बहाने ले गया था युवक; पुलिस ने किसे किया गिरफ्तार

युवती ने युवक को ऐसे कैसे पीटा:साथी युवक ने क्या पकड़ रखा था; वायरल वीडियो में क्या दिखाई दे रहा

राज्य पात्रता परीक्षा (सेट) इस दिन होगी:100 परीक्षा केन्द्रों पर इतने हजार परीक्षार्थी होंगे शामिल; इन दिशा-निर्देशों का पालन अनिवार्य
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!