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इंसान ही नहीं, बेजुबानों के लिए भी दिखाई दरियादिली: स्ट्रीट डॉग्स को जहर देने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

KHULASA FIRST

संवाददाता

14 मार्च 2026, 3:48 pm
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इंसान ही नहीं, बेजुबानों के लिए भी दिखाई दरियादिली

लसूड़िया थाना पुलिस ने रहवासियों की शिकायत पर आरोपियों को दरदबोचा

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
पुलिस पर अक्सर आरोप लगते रहते हैं, लेकिन जब यही खाकी इंसानियत और संवेदनशीलता की मिसाल पेश करती है तो लोगों के दिलों में सम्मान और भरोसा कायम कर देती है। इंदौर की लसूड़िया थाना पुलिस ने ऐसा ही एक काम कर साबित कर दिया कि खाकी सिर्फ इंसानों की ही नहीं, बेजुबान जानवरों की भी सच्ची रक्षक है।

मामला तुलसी नगर ए सेक्टर का है, जहां पिछले कुछ दिनों से रहस्यमय तरीके से स्ट्रीट डॉग्स के गायब होने की घटनाएं हो रही थीं। क्षेत्रवासियों ने थाना प्रभारी तारेश सोनी को शिकायत कर शंका जताई। थाना प्रभारी ने मामले को गंभीरता से लिया और तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए, जिसके बाद पुलिस ने रहवासियों से चर्चा कर क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले।

जांच के दौरान क्षेत्र में ही रहने वाले दो संदिग्धों होटल संचालक विश्वजीत दत्ता और उसके नेपाली नौकर के बारे में जानकारी मिली। दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो शुरुआत में दोनों अपने अपराध से इनकार करते रहे, लेकिन सख्ती बरतने पर आखिर सच उगल दिया।

पुलिस की तत्परता से बढ़ा रहवासियों में भरोसा
लसूड़िया थाना पुलिस ने तत्परतापूर्वक मामले का खुलासा करते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम सहित अन्य धाराओं में कार्रवाई की है। रहवासियों का कहना है कि पुलिस ने जिस तेजी और संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई की, उससे क्षेत्र में लोगों का पुलिस पर भरोसा बढ़ा है।

लग रही थी साइको की करतूत
एसीपी पराग सैनी ने बताया मामला संज्ञान में आने के बाद प्रारंभिक तौर पर ऐसा प्रतीत हो रहा था कि कोई साइको इस तरह की हरकत कर रहा है। लेकिन क्षेत्रवासियों की ओर से औपचारिक शिकायत मिलने के बाद लसूड़िया थाना स्टाफ ने बेजुबान जानवरों के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए सक्रियता से जांच की और चंद घंटों के भीतर ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें पकड़ लिया।

जहर देकर मार रहे थे कुत्तों को
पूछताछ में खुलासा हुआ कि दोनों आरोपी स्ट्रीट डॉग्स को जहर देकर मार रहे थे। रहवासियों ने पुलिस को अमित्राज नामक जहर की एक बोतल भी सौंपी, जिसका इस्तेमाल विश्वजीत और उसके साथी नेपाली द्वारा किया जा रहा था। यह दवा जानवरों की हृदय गति को प्रभावित करती है, जिससे उनकी मौत हो जाती है। पुलिस जांच में यह भी पता चला कि आरोपियों ने क्षेत्र में कई कुत्तों को इस जहरीली दवा के जरिये मार दिया था। इसके चलते पूरे क्षेत्र में कुत्तों की संख्या अचानक कम होने लगी थी।


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