एक साथ जली सात चिताएं: बहू और मासूमों की भी मौत; नम आंखों से दी अंतिम विदाई
KHULASA FIRST
संवाददाता

8 मौतों के बाद सरकार सख्त
जांच के लिए उतरी विशेषज्ञों की टीम
खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
बंगाली चौराहे के पास ब्रजेश्वरी एनेक्स में हुए भीषण अग्निकांड ने पूरे शहर की रूह को कंपा दिया। इलेक्ट्रिक कार की चार्जिंग के दौरान हुए शॉर्ट सर्किट से भड़की आग ने देखते ही देखते हंसते-खेलते दो परिवारों में मौत का तांडव मचा दिया। इस हृदयविदारक हादसे में जान गंवाने वाले 8 अपनों का कल गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया। तिलक नगर मुक्तिधाम में जब एक साथ सात चिताएं जलीं और एक मासूम बच्चे के शव को
दफनाया गया, तो वहां मौजूद हर शख्स की आंखों से आंसू निकल आए।
हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एमवाय अस्पताल में पोस्टमॉर्टम के बाद जब शव एम्बुलेंस से कॉलोनी में पहुंचे तो पूरे इलाके में मातम पसर गया। इस हादसे ने मनोज पुंगलिया (65), उनकी बहू सिमरन पुंगलिया (30), विजय सेठिया (65), उनकी पत्नी सुमन (60), बेटी टीना (35), नातिन राशि (12), नाती तनय (06) और रिश्तेदार विजय (32) की जान ले ली। मनोज और सिमरन का शव उनके निवास पर लाया गया।
विजय सेठिया और उनके परिवार के अन्य सदस्यों के शव सीधे मुक्तिधाम ले जाए गए। इस मंजर ने सुरक्षा के दावों और प्रशासनिक सतर्कता की हकीकत का खुलासा कर दिया है। आग इतनी भीषण थी कि घर में मौजूद लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला और वे अंदर ही फंस कर रह गए।
अंतिम संस्कार के दौरान जैन समाज सहित शहर के हजारों लोग शामिल हुए। विधायक महेंद्र हार्डिया, सत्यनारायण पटेल, पार्षद राजेश उदावत और नंदकिशोर पहाड़िया सहित कई जनप्रतिनिधियों ने मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। विजय सेठिया, जो अपना कैंसर का इलाज कराने इंदौर आए थे उन्हें क्या पता था कि बेटी के घर का यह प्रवास पूरे परिवार के लिए काल साबित होगा।
प्रशासन अब भले ही जांच की बात कर रहा है, लेकिन घर में रखे कमर्शियल गैस सिलेंडरों के ब्लास्ट और बिजली गुल होने से उपजे हालातों ने मौत का जो तांडव मचाया उसने इंदौर के इतिहास में एक कभी न भूलने वाला जख्म दे दिया है।
इस भीषण अग्निकांड ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। हादसे में आठ लोगों की असामयिक मृत्यु पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए मामले की उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश पर अपर मुख्य सचिव अनुपम राजन और विशेष डीजी आदर्श कटियार तत्काल इंदौर पहुंचे और घटनास्थल का सूक्ष्मता से निरीक्षण किया।
प्रशासनिक स्तर पर इस हादसे को अत्यंत गंभीरता से लिया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान एसीएस अनुपम राजन ने स्पष्ट किया कि घटना के हर तकनीकी पहलू की विस्तृत जांच की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदी की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने बताया कि इस जांच में आईआईटी के विशेषज्ञों और तकनीकी जानकारों के साथ-साथ फोरेंसिक टीम की भी मदद ली जा रही है।
जांच का मुख्य केंद्र बिंदु इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग के दौरान होने वाले शॉर्ट सर्किट और सुरक्षा मानकों की अनदेखी है। प्रशासन अब विशेषज्ञों के साथ मिलकर एक नई मानक संचालन प्रक्रिया तैयार करने की दिशा में काम कर रहा है, जिसे जल्द ही लागू किया जाएगा।
इंदौर अग्निकांड पीएम मोदी ने जताया शोक, मुआवजे का ऐलान
इस भीषण अग्निकांड में आठ लोगों की असामयिक मृत्यु पर दु:ख जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संवेदनाएं प्रकट की हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी संदेश में उन्होंने कहा कि इस घटना में हुई जनहानि से वे अत्यंत व्यथित हैं और शोकाकुल परिजन के साथ खड़े हैं।
उन्होंने हादसे में झुलसे लोगों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की। प्रधानमंत्री ने केवल शोक ही नहीं व्यक्त किया, बल्कि प्रभावितों की आर्थिक मदद के लिए तत्काल कदम भी उठाए हैं। प्रधानमंत्री राहत कोष से मृतकों के परिजन को 02-02 लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की गई है।
इसके साथ ही इस भीषण आग में घायल हुए लोगों के बेहतर उपचार के लिए प्रति व्यक्ति 50 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। स्थानीय प्रशासन और बचाव टीमें मौके पर राहत कार्यों में जुटी हुई हैं और घायलों को समुचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
चिंगारी नहीं, लापरवाही लील गई 8 लोगों की जिंदगी
कल तड़के हुए भीषण अग्निकांड की अब और भयावह तस्वीर सामने आई है कि मनोज पुंगलिया के घर में केमिकल और रबर का सामान रखा हुआ था। आशंका है कि इन्हीं ज्वलनशील वस्तुओं के कारण आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरा मकान भट्ठी बन गया। बाहर खड़ी इलेक्ट्रिक कार से आग की शुरुआत हुई थी, लेकिन अंदर केमिकल, रबर और अन्य सामान ने लपटों को तेज कर दिया।
घटना के बाद क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर घर में इतना ज्वलनशील सामान न रखा होता, तो शायद आग इतनी तेजी से नहीं फैलती। अब इस हादसे ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं—क्या घर को गोदाम बना दिया गया था, और क्या यही लापरवाही इतने बड़े मौतकांड की वजह बनी?
संबंधित समाचार

यूपीआई शुल्क के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचा मामला:2000 से ज्यादा के ट्रांजैक्शन पर एमडीआर को चुनौती

हाईवे पर गायों के झुंड से टकराया तेज रफ्तार ट्रक:3 की मौत; 4 घायल, चालक हिरासत में

जर्जर मकान तोड़ते समय बड़ा हादसा:दूसरे घर की दीवार गिरी; 3 की मौत, कई लोग घायल

UPI शुल्क के खिलाफ व्यापारियों का विरोध:दुकानों पर लगाएंगे पोस्टर; कारोबारी बोले- बढ़ सकती है लेन-देन की लागत

70 विदेशियों के फर्जी पासपोर्ट बनवाने का खुलासा:इतने जिलों में फैला नेटवर्क; दलालों से लेकर सरकारी सत्यापन तक जांच

ऑनलाइन ठगी के 2 नए मामले:एक रुपए भेजने के नाम पर लिंक खुलवाई; खाते से उड़ाए रुपए

धर्मनगरी में युवा धर्म संसद:इतने राज्यों से पहुंचेंगे इतने विद्यार्थी; शिक्षक-शोधकर्ता और धर्माचार्य भी होंगे शामिल

यूपीआई पर विपक्ष के नेता और सरकार आमने-सामने:इस देश के दबाव का आरोप; वित्त मंत्रालय ने किया फैसले का बचाव

लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई:बाबू रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार; नोट लेते ही दबोचा

इस कंपनी का पूर्व सांसद पर इतने करोड़ की मानहानि का केस:घी को ‘नकली’ बताने वाले बयान से जुड़ा विवाद; इस दिन होगी अगली सुनवाई

देखिये वीडियो, ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने दिखाई मानवता:घायल व्यक्ति को समय पर ऑटो से पहुंचाया अस्पताल; ड्यूटी के साथ दिखाई इंसानियत

शराबबंदी की मांग को लेकर महिलाओं का प्रदर्शन:मोबाइल टावर पर चढ़ीं; लगाए ये गंभीर आरोप

पीएफ के लिए बेसिक सैलरी लिमिट बढ़कर इतने हजार:इतने साल बाद बदलाव; इतने लाख कर्मचारियों को मिलेगा फायदा, बढ़ेगी बचत और पेंशन कवरेज

समय पर नहीं जागती पुलिस तो सैकड़ों लोगों की जान जाती:शिवांजय राजपूत केवल दो पेटियां ही खपा पाया था

पूरे प्रदेश के नगर निगमों में यह सबसे कमाऊ:अकेले इतने करोड़ की वसूली;16 निगमों ने मिलकर जुटाए इतने रुपए

पुलिस नहीं ले रही पीड़ितों के बयान:37 मौतों का मामला; राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्य से शिकायत

देखिए वीडियो:छात्रों की गूंज; युवाओं के बीच पहुंच रही कांग्रेस, कहीं गिटार-जामिंग तो कहीं टैटू

शहर के 10 प्रमुख मार्गों और चौराहों का बदला जाएगा नाम:नामकरण समिति की बैठक में प्रस्ताव स्वीकृत; अंतिम मंजूरी के लिए एमआईसी भेजा

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने प्रशासन की फीस व्यवस्था पर उठाए सवाल:कहा- मुद्दा रकम नहीं; परंपरा का है, हम 10 लाख क्या और ज्यादा दे देते

बिल्डर्स को नगर निगम का 200 करोड़ का झटका:70 से अधिक निर्माणकर्ताओं को थमाए टैक्स नोटिस; मामला पहुंचा हाई कोर्ट
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!