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कलेक्टर का आबकारी विभाग से विवाद कोई नई बात नहीं: पहले भी हो चुका है टकराव; प्रमुख सचिव को भी लिखा गया था पत्र

KHULASA FIRST

संवाददाता

18 मार्च 2026, 1:50 pm
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कलेक्टर का आबकारी विभाग से विवाद कोई नई बात नहीं

खुलासा फर्स्ट, इंदौर।
शाजापुर कलेक्टर और 2014 बैच की आईएएस ऋजु बाफना एक बार फिर विवादों में हैं। जिला आबकारी अधिकारी विनय रंगशाही के निलंबन मामले में हाईकोर्ट इंदौर ने उनके आदेश पर स्टे लगाते हुए कड़ी टिप्पणी की है। हालांकि यह पहला मौका नहीं है, जब बाफना और आबकारी विभाग के बीच टकराव सामने आया हो।

हाईकोर्ट ने उठाए सवाल, रंगशाही को मिली राहत
हालिया मामले में कलेक्टर बाफना ने जिला आबकारी अधिकारी विनय रंगशाही का प्रभार उनकी अधीनस्थ को सौंप दिया था और उनके खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की थी। इसके बाद 16 फरवरी 2026 को संभागायुक्त ने रंगशाही को निलंबित कर दिया।

इंदौर बेंच ने निलंबन आदेश पर स्टे लगा दिया
मामला हाईकोर्ट पहुंचा, जहां 16 मार्च 2026 को इंदौर बेंच ने निलंबन आदेश पर स्टे लगा दिया और रंगशाही को बहाल कर दिया। कोर्ट ने आदेशों की टाइमलाइन पर सवाल उठाते हुए कहा कि कलेक्टर ने निलंबन से पहले ही प्रभार बदल दिया था, जिससे उनकी मंशा पर संदेह होता है।

नरसिंहपुर में भी हुआ था विवाद
जब ऋजु बाफना नरसिंहपुर कलेक्टर थीं (नवंबर 2022 से जनवरी 2024), तब भी आबकारी विभाग के साथ उनका विवाद सामने आया था। जिला आबकारी अधिकारी मंदाकिनी दीक्षित ने 6 दिसंबर 2023 को आबकारी आयुक्त को लिखित शिकायत में आरोप लगाया था कि कलेक्टर ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और अपमानजनक भाषा का उपयोग किया।

आबकारी आयुक्त ने भी जताई थी आपत्ति
नरसिंहपुर में ही आबकारी उपनिरीक्षक संजीव जैन के निलंबन को लेकर भी विवाद हुआ था। विभाग ने इस कार्रवाई को गलत मानते हुए जैन को बहाल कर दिया था। इसके बावजूद कलेक्टर स्तर से विभागीय जांच शुरू कर दी गई।

प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर कलेक्टर की कार्यशैली पर सवाल
इस पूरे मामले पर तत्कालीन आबकारी आयुक्त ओमप्रकाश श्रीवास्तव ने 3 जनवरी 2024 को प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर कलेक्टर की कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि कलेक्टर विभागीय नियमों का पालन नहीं कर रही हैं और इस रवैये का असर आबकारी व्यवस्था पर पड़ सकता है।

शाजापुर में कैसे बढ़ा विवाद
शाजापुर में बाफना जनवरी 2024 से पदस्थ हैं। बताया जाता है कि 2025 में मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान एक प्रोटोकॉल मुद्दे के बाद आबकारी विभाग के अधिकारियों पर नाराजगी बढ़ी। इसके बाद विनय रंगशाही पर लापरवाही और अनुपस्थिति के आरोप लगाए गए। जनवरी 2026 में उनका प्रभार हटा दिया गया और आगे चलकर निलंबन की कार्रवाई हुई, जिस पर अब हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है।
लगातार टकराव से उठ रहे सवाल
नरसिंहपुर से लेकर शाजापुर तक आबकारी विभाग के साथ बार-बार विवाद सामने आने से कलेक्टर ऋजु बाफना की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। फिलहाल हाईकोर्ट के हस्तक्षेप के बाद मामला और संवेदनशील हो गया है और आगे की स्थिति पर सभी की नजर बनी हुई है।

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